फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Hapur News ›   आपराधिक पृष्ठभूमि के वालों के शस्त्र लाइसेंस होंगे निरस्त-डीएम

आपराधिक पृष्ठभूमि के वालों के शस्त्र लाइसेंस होंगे निरस्त-डीएम

Tue, 09 Jan 2018 11:53 PM IST
Updated Tue, 09 Jan 2018 11:53 PM IST
विज्ञापन
आपराधिक पृष्ठभूमि के वालों के शस्त्र लाइसेंस होंगे निरस्त-डीएम
आपराधिक पृष्ठभूमि वालों के शस्त्र लाइसेंस होंगे निरस्त
विज्ञापन

अपराध पर अंकुश लगाने के लिए सरकार की ओर से आदेश जारी
अमर उजाला ब्यूरो
हापुड़। प्रदेश में अपराध पर अंकुश लगाने के लिए सरकार की ओर से एक और कदम उठाया गया है। इसके तहत सरकार ने आपराधिक पृष्ठभूमि के लोगों के शस्त्र लाइसेंस निरस्त करने का आदेश दिया है। इतना ही नहीं जिला प्रशासन ने इस संबंध में एक सप्ताह के अंदर कार्रवाई शुरू करने के निर्देश देते हुए रिपोर्ट भी मांगी है।
उत्तर प्रदेश पुलिस का इस समय मिशन एनकाउंटर जारी है जिससे बदमाशों में खौफ है। इससे अपराध में भी कुछ हद तक कमी आई है, लेकिन अपराध के गिरे ग्राफ से सरकार संतुष्ट नहीं है। इसे देखते हुए सरकार ने इस दिशा में एक और कदम बढ़ाते हुए आपराधिक प्रवृति के लोगों के शस्त्र लाइसेंस भी निरस्त करने का फरमान जारी कर दिया है। इतना ही नहीं सभी जिलों के शस्त्र लाइसेंस की दुबारा जांच होगी।
विज्ञापन

जांच में देखा जाएगा कि आपराधिक पृष्ठभूमि के व्यक्ति ने सही तथ्य छिपाकर शस्त्र लाइसेंस तो हासिल नहीं कर लिया है। इसकी रोकथाम एवं गहनता से छानबीन के लिए शस्त्र लाइसेंस आवेदनकर्ता से इस आशय का प्रमाण पत्र भी लिया जाएगा कि प्रदेश अथवा देश के किसी थाने में उसके खिलाफ कोई अपराध पंजीकृत तो नहीं है। अथवा किसी न्यायालय में कोई वाद लंबित तो नहीं चल रहा है। यही नहीं आवेदनकर्ता के साथ पारिवारिक सदस्यों के आपराधिक इतिहास का ब्योरा भी लिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

लाइसेंस धारक का फिंगर प्रिंट भी लेंगे
प्रदेश में शस्त्र लाइसेंस पर लगी रोक हटने के बाद लाइसेंस बनवाने वालों की लंबी लाइन है, लेकिन इस बार लाइसेंस की प्रक्रिया भी जटिल होगी।
शस्त्र लाइसेंस के आवेदनकर्ता से उसका फिंगर प्रिंट भी लिया जाएगा। यदि शस्त्र लाइसेंस जारी होने के बाद किसी भी लाइसेंस धारक के खिलाफ कोई अपराध पंजीकृत व न्यायालय में वाद लंबित होता है तो उसके अंतिम रूप से निस्तारित होने तक अब आयुध अधिनियम की धारा के तहत शस्त्र लाइसेंस को निलंबित भी रखा जाएगा।
रिपोर्ट के लिए प्रारूप भी भेजा है, जिसमें मुख्य रूप से जिले में कुल लाइसेंस की संख्या गत 31 अक्टूबर 2017 तक जिन शस्त्र लाइसेंस धारक के खिलाफ आपराधिक वाद पंजीकृत व लंबित है, उनका ब्योरा मांगा है। कुल लाइसेंस के सापेक्ष कितने निलंबित किए जा चुके हैं। इसकी भी जानकारी मांगी है।

डीएम कृष्णा करुनेश का कहना है कि शासन द्वारा आदेश प्राप्त हुए हैं, उनके आधार पर जांच कर आपराधिक प्रवृति के लोगों के शस्त्र लाइसेंस निलंबन की कार्रवाई शुरू की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed