फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gonda News ›   Thousands of people spread superstition being misled

अंधविश्वास फैला हजारों लोगों को किया जा रहा गुमराह

Sun, 02 Aug 2015 10:55 PM IST
गोंडा/अमर उजाला ब्यूरो
गोंडा/अमर उजाला ब्यूरो Updated Sun, 02 Aug 2015 10:55 PM IST
विज्ञापन
अंध विश्वास फैलाकर लोगों के साथ छल करने के लिए यहां हर रविवार को एक संस्था ने अपना जाल बुन लिया है। हर रविवार को स्थान बदल-बदल कर  आयोजित किए जा रहे कार्यक्रम की भनक न तो प्रशासन को है न पुलिस को। फिर भी उनकी नाक के नीचे गोंडा ही नहीं कई अन्य जिले के हजारों लोग केवल हाथ उठाए बाबा की जयकार करते नजर आए।
विज्ञापन


रविवार को कुछ ऐसा ही नजारा करनैलगंज के सकरौरा घाट पर देखने को मिला। एक छोटा सा पांडाल और उसमें एनांउस करने वाला एक व्यकि। जिसके आवाज पर लोग मर मिटने को तैयार दिखे। गोंडा, बहराइच, सीतापुर, बाराबंकी सहित अन्य जिलों के लोग वाहन से रविवार को जुटे रहे। एनाउंस करने वाला व्यक्ति असाध्य रोगों को दूर करने का दावा करता रहा।
विज्ञापन


रविवार को सकरौरा घाट पर मेला मानव सेवा आश्रम ग्राम बहादुर नगर तहसील पटियाली जिला कासगंज के तत्वाधान में आयोजित हुआ, जिसमें स्थानीय लोगों के साथ दूर दराज से आये लोगों की संख्या अधिक थी। एक छोटा सा पांडाल और उसमें मात्र दो कुर्सी वह भी खाली, उस पर सफेद चादर बिछी थी। पूरे परिसर में सन्नाटा छाया था। लोग माइक से निकलने वाले आवाज की प्रतीक्षा कर रहे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


आवाज कान में पड़ते ही वहां मौजूद महिला, पुरुष अपना दोनों हाथ उठा कर मात्र एक ही लाइन में अपनी बात पूरी कर रहे थे कि जय जय कार हो जय जय कार हो। माइक पर संचालन कर रहे व्यक्ति के हाथ में एक कागज देखने को मिला। उसमें अंकित लोगों का नाम बारी-बारी से वह नाम पुकार रहा था।

जिसे सुनकर संबंधित व्यक्ति पांडाल के अंदर पहुंच कर अपनी पूर्व की परेशानी गिना लोगों को संस्था की तरफ आकर्षित कर रहा था। महिला और पुरुष अकारण संस्था का गुणगान करने को विवश होते दिखाई पड़े। लोगों की मानें तो इस मेले का आयोजन माह के प्रथम रविवार को होता है।

जिसमें महिलाओं की संख्या अधिक दिखी  मजे की बात तो यह है कि इतने बड़े मेले का प्रतिमाह आयोजन होता है और स्थानीय पुलिस प्रसासन को इसकी भनक तक नहीं लगती। माह के अन्य रविवार को स्थान बदल-बदल कर कार्यक्रम आयोजित किये जाते हैं।

मेले में गोडा बहरइच व आस पास के अन्य जिलों के लोग अपनी अपनी गाड़ी से आकर हिस्सा लेते दिखाई पड़े। मेले में करीब दस हजार लोगों की उपस्थिति थी, जिसमें महिलाओं की संख्या अधिक थी। मेले में शामिल लोगों ने बताया कि एक वर्ष पूर्व करीब 50 लोगों की उपस्थिति से इस मेले की शुरुआत हुई थी। जो आज बढ़ कर करीब दस हजार के आंकड़े को पार कर रही है।


एसडीएम वीके सिंह कहते हैं कि मेले के आयोजन की उन्हें कोई जानकारी नहीं है और न ही मेरे यहां से मेले के आयोजन की कोई अनुमति ही ली गई है। इसकी जांच कार्रवाई जायेगी और ऐसे आयोजनों पर नजर रखने के लिए पुलिस को निर्देश दिये जा रहे है। कोतवाल बृज किशोर यादव कहते हैं कि बिना सूचना के यदि मेले का आयोजन किया गया तो आयोजक के विरुद्ध कार्रवाई की जायेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed