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Gonda News: हत्या से आक्रोश, लखनऊ में हुआ प्रदर्शन व नारेबाजी
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गोंडा/लखनऊ। रेक्सड़िया मल्लाहन पुरवा के रहने वाले बर्तन दुकानदार विनोद कुमार साहनी की हत्या से निषाद पार्टी के कार्यकर्ताओं में आक्रोश है। लखनऊ के पोस्टमार्टम हाउस में बृहस्पतिवार शाम जुटे निषाद पार्टी के कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी व प्रदर्शन शुरू कर दिया।
पोस्टमार्टम में देरी व आरोपियों पर कार्रवाई नहीं होने से कार्यकर्ता नाराज थे। कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। पीड़ित परिवार को पांच करोड़ रुपये मुआवजा, एक सदस्य को सरकारी नाैकरी, आरोपियों के घर पर बुलडोजर की कार्रवाई व एनकाउंटर की मांग की गई।
परसपुर पुलिस के मुताबिक हमले में घायल विनोद की तहरीर पर बुधवार देर रात आरोपी शुभम सिंह उर्फ गोलू, सुभाष सिंह, अंतिम सिंह समेत 10 लोगों के खिलाफ जानलेवा हमले की धारा में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। मौत के बाद इसमें हत्या की धारा बढ़ा दी गई है। एएसपी (पश्चिमी) राधेश्याम राय ने बताया कि विनोद का आरोपियों से सोशल मीडिया पर पोस्ट को लेकर विवाद था। एसपी अभिषेक ने बताया कि शुभम उर्फ गोलू सिंह, सुभाष सिंह व अंतिम सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमें लगाई गई हैं।
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बड़े बेटे की मुंबई में हो चुकी है मौत
विनोद के परिवार में पिता अतारु लाल, पत्नी ऊषा, छोटा बेटा राजा और दो बेटियां राजलक्ष्मी व विजयलक्ष्मी हैं। उनके बड़े बेटे जयदेव की कुछ समय मुंबई में मौत हो गई थी। विनोद की हत्या से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। छोटी बेटी विजयलक्ष्मी रोते हुए बार-बार पूछती रही, ‘पापा कहां हैं।’ परिजन और पड़ोसी उसे संभालने में जुटे रहे।
कैबिनेट मंत्री व समर्थक धरने पर बैठे
लखनऊ। गोंडा में धारदार हथियार से हमले में जख्मी बर्तन कारोबारी विनोद कुमार साहनी की बृहस्पतिवार दोपहर केजीएमयू में इलाज के दौरान मौत हो गई। इसकी जानकारी मिलने पर कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद केजीएमयू पहुंचे। उन्होंने पोस्टमार्टम हाउस में विनोद के परिजनों से मुलाकात की। पोस्टमार्टम में देरी, घटना में आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई न होने पर कैबिनेट मंत्री भड़क गए। आरोपियों पर कार्रवाई की मांग को लेकर वह समर्थकों के साथ धरने पर बैठ गए। साथ ही पुलिस के रवैए से भी कैबिनेट मंत्री व उनके समर्थक खफा दिखे। उन्होंने पुलिस पर भी कार्रवाई की मांग की। देर रात शव का पोस्टमार्टम नहीं हो सका। जिलाधिकारी से अनुमति लेने की प्रक्रिया के चलते देरी हुई। (ब्यूरो)
कानून-व्यवस्था को शर्मसार करने वाली है घटना : योगेश प्रताप
करनैलगंज। परसपुर के रेक्सड़िया मल्लाहन पुरवा निवासी व्यापारी विनोद साहनी की हत्या को पूर्व मंत्री एवं सपा नेता योगेश प्रताप सिंह ने बेहद दुखद और कानून-व्यवस्था को शर्मसार करने वाली घटना बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि हत्या में भाजपा का मंडल पदाधिकारी शामिल है। कहा कि हत्या शाहपुर पुलिस चौकी के समीप हुई, जिससे कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने आरोपों की जांच कराते हुए दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। साथ ही चौकी प्रभारी समेत पूरी चौकी और थाना प्रभारी को बर्खास्त किए जाने की मांग की। (संवाद)
परसपुर एसओ और चौकी प्रभारी निलंबित
गोंडा। विनोद साहनी हत्याकांड में पुलिस अधीक्षक अभिषेक ने बड़ी कार्रवाई करते हुए परसपुर थानाध्यक्ष कमल शंकर और शाहपुर चौकी प्रभारी अंकित सिंह को निलंबित कर दिया। दोनों के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश भी दिए गए हैं। बताया गया कि मामले में पुलिस की ओर से लापरवाही बरतने और पीड़ित पक्ष की शिकायत पर समय से सुनवाई न किए जाने के आरोप लगे थे। इस संबंध में प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद ने पुलिस अधीक्षक से फोन पर वार्ता कर परसपुर पुलिस की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई थी। उन्होंने मामले में लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। (संवाद)
..इस वजह से भी नाराजगी :
पंचनामा समेत अन्य दस्तावेज तैयार करने में हुई लापरवाही को लेकर कैबिनेट मंत्री के समर्थकों ने पुलिस-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। आरोप लगाया कि पुलिस की लापरवाही से परिवार को असहनीय दुख झेलना पड़ रहा है। प्रदर्शनकारियों ने गोंडा पुलिस के रवैये को भी सुस्त बताया। उनका कहना था कि मामले में जिम्मेदार पुलिसकर्मियों ने समय रहते कार्रवाई नहीं की।
उच्चस्तरीय जांच हो : अखिलेश
लखनऊ। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि गोंडा में सपा से जुड़े हुए बर्तन व्यापारी विनोद कुमार साहनी की हत्या की उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच हो। उन्होंने श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि भाजपा राज में उप्र अपराध व अराजकता के चरम पर है।
भाजपा ने अपने कुकर्मों में संलिप्त होने के लिए पुलिस को बाध्य करके केवल पुलिस की शक्ति और प्रभाव को ही कम नहीं किया है, बल्कि झूठे मुकदमों और एनकाउंटर का हिस्सा बनाकर हर तरह से पुलिस को भ्रष्ट भी कर दिया है। (ब्यूरो)
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पोस्टमार्टम में देरी व आरोपियों पर कार्रवाई नहीं होने से कार्यकर्ता नाराज थे। कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद की अगुवाई में कार्यकर्ताओं ने धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। पीड़ित परिवार को पांच करोड़ रुपये मुआवजा, एक सदस्य को सरकारी नाैकरी, आरोपियों के घर पर बुलडोजर की कार्रवाई व एनकाउंटर की मांग की गई।
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परसपुर पुलिस के मुताबिक हमले में घायल विनोद की तहरीर पर बुधवार देर रात आरोपी शुभम सिंह उर्फ गोलू, सुभाष सिंह, अंतिम सिंह समेत 10 लोगों के खिलाफ जानलेवा हमले की धारा में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। मौत के बाद इसमें हत्या की धारा बढ़ा दी गई है। एएसपी (पश्चिमी) राधेश्याम राय ने बताया कि विनोद का आरोपियों से सोशल मीडिया पर पोस्ट को लेकर विवाद था। एसपी अभिषेक ने बताया कि शुभम उर्फ गोलू सिंह, सुभाष सिंह व अंतिम सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है। अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस टीमें लगाई गई हैं।
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बड़े बेटे की मुंबई में हो चुकी है मौत
विनोद के परिवार में पिता अतारु लाल, पत्नी ऊषा, छोटा बेटा राजा और दो बेटियां राजलक्ष्मी व विजयलक्ष्मी हैं। उनके बड़े बेटे जयदेव की कुछ समय मुंबई में मौत हो गई थी। विनोद की हत्या से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। छोटी बेटी विजयलक्ष्मी रोते हुए बार-बार पूछती रही, ‘पापा कहां हैं।’ परिजन और पड़ोसी उसे संभालने में जुटे रहे।
कैबिनेट मंत्री व समर्थक धरने पर बैठे
लखनऊ। गोंडा में धारदार हथियार से हमले में जख्मी बर्तन कारोबारी विनोद कुमार साहनी की बृहस्पतिवार दोपहर केजीएमयू में इलाज के दौरान मौत हो गई। इसकी जानकारी मिलने पर कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद केजीएमयू पहुंचे। उन्होंने पोस्टमार्टम हाउस में विनोद के परिजनों से मुलाकात की। पोस्टमार्टम में देरी, घटना में आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई न होने पर कैबिनेट मंत्री भड़क गए। आरोपियों पर कार्रवाई की मांग को लेकर वह समर्थकों के साथ धरने पर बैठ गए। साथ ही पुलिस के रवैए से भी कैबिनेट मंत्री व उनके समर्थक खफा दिखे। उन्होंने पुलिस पर भी कार्रवाई की मांग की। देर रात शव का पोस्टमार्टम नहीं हो सका। जिलाधिकारी से अनुमति लेने की प्रक्रिया के चलते देरी हुई। (ब्यूरो)
कानून-व्यवस्था को शर्मसार करने वाली है घटना : योगेश प्रताप
करनैलगंज। परसपुर के रेक्सड़िया मल्लाहन पुरवा निवासी व्यापारी विनोद साहनी की हत्या को पूर्व मंत्री एवं सपा नेता योगेश प्रताप सिंह ने बेहद दुखद और कानून-व्यवस्था को शर्मसार करने वाली घटना बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि हत्या में भाजपा का मंडल पदाधिकारी शामिल है। कहा कि हत्या शाहपुर पुलिस चौकी के समीप हुई, जिससे कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने आरोपों की जांच कराते हुए दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। साथ ही चौकी प्रभारी समेत पूरी चौकी और थाना प्रभारी को बर्खास्त किए जाने की मांग की। (संवाद)
परसपुर एसओ और चौकी प्रभारी निलंबित
गोंडा। विनोद साहनी हत्याकांड में पुलिस अधीक्षक अभिषेक ने बड़ी कार्रवाई करते हुए परसपुर थानाध्यक्ष कमल शंकर और शाहपुर चौकी प्रभारी अंकित सिंह को निलंबित कर दिया। दोनों के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश भी दिए गए हैं। बताया गया कि मामले में पुलिस की ओर से लापरवाही बरतने और पीड़ित पक्ष की शिकायत पर समय से सुनवाई न किए जाने के आरोप लगे थे। इस संबंध में प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद ने पुलिस अधीक्षक से फोन पर वार्ता कर परसपुर पुलिस की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई थी। उन्होंने मामले में लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। (संवाद)
..इस वजह से भी नाराजगी :
पंचनामा समेत अन्य दस्तावेज तैयार करने में हुई लापरवाही को लेकर कैबिनेट मंत्री के समर्थकों ने पुलिस-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। आरोप लगाया कि पुलिस की लापरवाही से परिवार को असहनीय दुख झेलना पड़ रहा है। प्रदर्शनकारियों ने गोंडा पुलिस के रवैये को भी सुस्त बताया। उनका कहना था कि मामले में जिम्मेदार पुलिसकर्मियों ने समय रहते कार्रवाई नहीं की।
उच्चस्तरीय जांच हो : अखिलेश
लखनऊ। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि गोंडा में सपा से जुड़े हुए बर्तन व्यापारी विनोद कुमार साहनी की हत्या की उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच हो। उन्होंने श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि भाजपा राज में उप्र अपराध व अराजकता के चरम पर है।
भाजपा ने अपने कुकर्मों में संलिप्त होने के लिए पुलिस को बाध्य करके केवल पुलिस की शक्ति और प्रभाव को ही कम नहीं किया है, बल्कि झूठे मुकदमों और एनकाउंटर का हिस्सा बनाकर हर तरह से पुलिस को भ्रष्ट भी कर दिया है। (ब्यूरो)