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चकरौत बाजार में पुलिस की सतर्कता से बच गई बड़ी घटना
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करनैलगंज (गोंडा)। कोतवाली करनैलगंज क्षेत्र के चकरौत बाजार में बुधवार की देर शाम हुई घटना के दौरान पुलिस की थोड़ी सी लापरवाही कानपुर में विकास दुबे प्रकरण को भी पीछे धकेल सकती थी। मगर मौके पर तत्काल पहुंची भारी संख्या में पुलिस फोर्स ने घटना को काबू में कर लिया।
चकरौत बाजार में बुधवार देर शाम एक युवक की साइकिल चोरी के इल्जाम में हुई पीट-पीटकर हत्या के मामले को लेकर आक्रोशित ग्रामीणों द्वारा करनैलगंज नवाबगंज मार्ग पर शव को रखकर प्रदर्शन स्थल से पुलिस द्वारा जबरिया तरीके से शव को उठाकर भागने के दौरान पुलिस व आक्रोशित के बीच तीखी झड़प एवं पुलिस पार्टी पर किया गया पथराव एवं बांस, बल्ली, ईटा, पत्थर, लाठी, डंडा से हमला कानपुर में हुए विकास दुबे द्वारा पुलिस कर्मियों की हत्या से कम नहीं होता। मगर पीछे से पहुंची भारी संख्या में फोर्स ने मौके पर काबू कर लिया। युवक की हत्या के बाद सैकड़ों की संख्या में आक्रोशित ग्रामीण मृतक राम बाबू गोस्वामी (30) के शव को सड़क पर रखकर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए प्रदर्शन कर रहे थे।
करीब ढाई घंटे से अधिक का समय बीत जाने के बाद मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों ने आक्रोशित ग्रामीणों की भीड़ के बीच से शव को जबरन उठाकर गाड़ी में रख लिया और तेजी से गाड़ी भगाने लगे। उसी दौरान आक्रोशित भीड़ पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुलिस की गाड़ियों पर पथराव कर दिया और लाठी डंडा ईट पत्थर आदि लेकर पुलिस को दौड़ाया। पुलिस कर्मियों की संख्या आक्रोशित प्रदर्शन करने वाले लोगों की संख्या के बराबर थी। फिर भी पुलिस को उल्टे पर भागना पड़ा। पीछे से पहुंची अतिरिक्त पुलिस फोर्स ने तत्काल मौके पर लोगों को काबू में किया और दौड़ाना शुरू किया। अन्यथा वहां पर स्थिति बेकाबू होने के बाद हालात बिगड़ सकते थे। यही कार्य पुलिस फोर्स के आने का इंतजार या आक्रोशित लोगों को समझा बुझाकर भी किया जा सकता था।
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रात भर हत्यारों की करती रही तलाश पुलिस
घटना स्थल पर सीओ कृपाशंकर कनौजिया, अपर पुलिस अधीक्षक महेंद्र कुमार, पुलिस अधीक्षक आरके नैयर ने स्थिति का जायजा लिया। तथा करीब 10 थानों के थानाध्यक्ष मयफोर्स मौके पर पहुंच गए। वहीं पुलिस ने शव को कोतवाली लाने के बाद तत्काल पुलिस के वाहन से ही पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया। पूरी रात पुलिस की टीमें आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापा मारती रहीं। पुलिस अधीक्षक ने एसओजी, थाने से पुलिस बल की टीम लगाकर गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे। तथा खुद करीब दो घंटे तक मौके पर जमे रहे।
चार हत्या आरोपियों की हुई गिरफ्तारी
पुलिस ने गुरुवार दोपहर तक नामजद चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मगर वहां शव को जबरदस्ती उठाकर गाड़ी में लादकर भागने के तरीके को लोग गलत ठहराते हुए पूरे मामले की जांच कराने की मांग कर रहे हैं। गुरुवार दोपहर बाद मृतक के शव का पोस्टमार्टम होकर जब उसका शव करनैलगंज आ रहा था। उसी बीच भारी संख्या में पुलिस बल ने शव को उसके गांव जाने के बजाए सीधे करनैलगंज के सरयू घाट पर ले जाकर उनके परिजनों एवं उनके रिश्तेदारों के साथ भारी सुरक्षा व्यवस्था के बीच अंतिम संस्कार कराने तक पुलिस के अधिकारी व कर्मचारी डटे रहे। सीओ कृपा शंकर कनौजिया ने बताया कि नामजद चारों अभियुक्तों की गिरफ्तारी पुलिस द्वारा कर ली गई है और उन्हें जेल भेजा जा रहा है। जिसमे श्याम सिंह, रोहित कुमार सिंह उर्फ लल्लन सिंह, विकास सिंह एवं भानु प्रताप सिंह शामिल हैं। जिनके विरुद्ध हत्या का अभियोग मृतक के परिजनों द्वारा दर्ज कराया गया था।
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चकरौत बाजार में बुधवार देर शाम एक युवक की साइकिल चोरी के इल्जाम में हुई पीट-पीटकर हत्या के मामले को लेकर आक्रोशित ग्रामीणों द्वारा करनैलगंज नवाबगंज मार्ग पर शव को रखकर प्रदर्शन स्थल से पुलिस द्वारा जबरिया तरीके से शव को उठाकर भागने के दौरान पुलिस व आक्रोशित के बीच तीखी झड़प एवं पुलिस पार्टी पर किया गया पथराव एवं बांस, बल्ली, ईटा, पत्थर, लाठी, डंडा से हमला कानपुर में हुए विकास दुबे द्वारा पुलिस कर्मियों की हत्या से कम नहीं होता। मगर पीछे से पहुंची भारी संख्या में फोर्स ने मौके पर काबू कर लिया। युवक की हत्या के बाद सैकड़ों की संख्या में आक्रोशित ग्रामीण मृतक राम बाबू गोस्वामी (30) के शव को सड़क पर रखकर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए प्रदर्शन कर रहे थे।
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करीब ढाई घंटे से अधिक का समय बीत जाने के बाद मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों ने आक्रोशित ग्रामीणों की भीड़ के बीच से शव को जबरन उठाकर गाड़ी में रख लिया और तेजी से गाड़ी भगाने लगे। उसी दौरान आक्रोशित भीड़ पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुलिस की गाड़ियों पर पथराव कर दिया और लाठी डंडा ईट पत्थर आदि लेकर पुलिस को दौड़ाया। पुलिस कर्मियों की संख्या आक्रोशित प्रदर्शन करने वाले लोगों की संख्या के बराबर थी। फिर भी पुलिस को उल्टे पर भागना पड़ा। पीछे से पहुंची अतिरिक्त पुलिस फोर्स ने तत्काल मौके पर लोगों को काबू में किया और दौड़ाना शुरू किया। अन्यथा वहां पर स्थिति बेकाबू होने के बाद हालात बिगड़ सकते थे। यही कार्य पुलिस फोर्स के आने का इंतजार या आक्रोशित लोगों को समझा बुझाकर भी किया जा सकता था।
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रात भर हत्यारों की करती रही तलाश पुलिस
घटना स्थल पर सीओ कृपाशंकर कनौजिया, अपर पुलिस अधीक्षक महेंद्र कुमार, पुलिस अधीक्षक आरके नैयर ने स्थिति का जायजा लिया। तथा करीब 10 थानों के थानाध्यक्ष मयफोर्स मौके पर पहुंच गए। वहीं पुलिस ने शव को कोतवाली लाने के बाद तत्काल पुलिस के वाहन से ही पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया। पूरी रात पुलिस की टीमें आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापा मारती रहीं। पुलिस अधीक्षक ने एसओजी, थाने से पुलिस बल की टीम लगाकर गिरफ्तारी के निर्देश दिए थे। तथा खुद करीब दो घंटे तक मौके पर जमे रहे।
चार हत्या आरोपियों की हुई गिरफ्तारी
पुलिस ने गुरुवार दोपहर तक नामजद चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मगर वहां शव को जबरदस्ती उठाकर गाड़ी में लादकर भागने के तरीके को लोग गलत ठहराते हुए पूरे मामले की जांच कराने की मांग कर रहे हैं। गुरुवार दोपहर बाद मृतक के शव का पोस्टमार्टम होकर जब उसका शव करनैलगंज आ रहा था। उसी बीच भारी संख्या में पुलिस बल ने शव को उसके गांव जाने के बजाए सीधे करनैलगंज के सरयू घाट पर ले जाकर उनके परिजनों एवं उनके रिश्तेदारों के साथ भारी सुरक्षा व्यवस्था के बीच अंतिम संस्कार कराने तक पुलिस के अधिकारी व कर्मचारी डटे रहे। सीओ कृपा शंकर कनौजिया ने बताया कि नामजद चारों अभियुक्तों की गिरफ्तारी पुलिस द्वारा कर ली गई है और उन्हें जेल भेजा जा रहा है। जिसमे श्याम सिंह, रोहित कुमार सिंह उर्फ लल्लन सिंह, विकास सिंह एवं भानु प्रताप सिंह शामिल हैं। जिनके विरुद्ध हत्या का अभियोग मृतक के परिजनों द्वारा दर्ज कराया गया था।