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गेहूं में किसानों को 1925 रुपये प्रति क्विंटल मिलेगा समर्थन मूल्य
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फतेहपुर। गेहूं का समर्थन मूल्य का लाभ दिलाने के लिए खाद्य एवं रसद विभाग का पोर्टल खुल गया है। क्रय केंद्र में गेहूं बेचने वाले किसान अपना पंजीकरण करा सकते हैं। सौ क्विंटल से अधिक का पंजीकरण होने पर किसानों को उपजिलाधिकारी से सत्यापन कराना होगा। जन सुविधा केंद्र, साइबर कैफे या खुद से अपने मोबाइल पर खाद्य विभाग के एफसीएस.यूपी.जीओवी.इन पोर्टल में जाकर किसान पंजीकरण कर सकते हैं।
सरकार ने इस बार गेहूं का समर्थन मूल्य 1925 रुपये प्रति क्विंटल घोषित किया है। क्रय केंद्र में गेहूं बेचने से पहले किसानों का खाद्य विभाग के पोर्टल में पंजीकरण जरूरी है। इस बार ओटीपी आधारित पंजीकरण की व्यवस्था की गई है। जब किसान पंजीकरण कराएंगे तो इस बार उनके माध्यम से दर्ज कराए गए मोबाइल नंबर में ओटीपी भर कर ही पंजीकरण पूर्ण होगा। इसके पहले बिना ओटीपी के पंजीकरण हो जाता था। साथ ही कृषक पंजीयन का राजस्व विभाग के भूलेख पोर्टल से लिंक कराया गया है। पंजीकरण के समय किसान के आधार कार्ड, बैंक पासबुक व खतौनी का नाम एक होना चाहिए। जिन किसानों ने खरीफ में धान की फसल क्रय केंद्र में बेची है। उनको गेहूं बेचने के लिए संशोधन कराना होगा। इसमें गेहूं का क्षेत्रफल जरूरी है। डिप्टी आरएमओ रमेश श्रीवास्तव ने बताया कि बिना पंजीकरण के किसानों के गेहूं की तौल नहीं होगी। एक अप्रैल से गेहूं की खरीद शुरू हो जाएगी। किसान पहले से अपना पंजीकरण करा लें।
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सरकार ने इस बार गेहूं का समर्थन मूल्य 1925 रुपये प्रति क्विंटल घोषित किया है। क्रय केंद्र में गेहूं बेचने से पहले किसानों का खाद्य विभाग के पोर्टल में पंजीकरण जरूरी है। इस बार ओटीपी आधारित पंजीकरण की व्यवस्था की गई है। जब किसान पंजीकरण कराएंगे तो इस बार उनके माध्यम से दर्ज कराए गए मोबाइल नंबर में ओटीपी भर कर ही पंजीकरण पूर्ण होगा। इसके पहले बिना ओटीपी के पंजीकरण हो जाता था। साथ ही कृषक पंजीयन का राजस्व विभाग के भूलेख पोर्टल से लिंक कराया गया है। पंजीकरण के समय किसान के आधार कार्ड, बैंक पासबुक व खतौनी का नाम एक होना चाहिए। जिन किसानों ने खरीफ में धान की फसल क्रय केंद्र में बेची है। उनको गेहूं बेचने के लिए संशोधन कराना होगा। इसमें गेहूं का क्षेत्रफल जरूरी है। डिप्टी आरएमओ रमेश श्रीवास्तव ने बताया कि बिना पंजीकरण के किसानों के गेहूं की तौल नहीं होगी। एक अप्रैल से गेहूं की खरीद शुरू हो जाएगी। किसान पहले से अपना पंजीकरण करा लें।
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