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Farrukhabad News: शादी में लखनवी शेरवानी, ब्रांडेड कपड़ों की चाह में मिली मौत
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फर्रुखाबाद। दोस्तों संग लखनवी शेरवानी पहनकर शादी को यादगार बनाने की चाह तीन दोस्तों को लखनऊ तक खींच ले गई। जिस युवक की शादी थी वह माता-पिता का इकलौता पुत्र और बहन की इकलौता भाई था। तीनों दोस्तों के शव घर पहुंचे, तो हर आंख रोने से नहीं रोक सकी।
जहानगंज थाने के गांव जैतपुर निवासी भाकियू नेता उदय बहादुर सिंह के इकलौते पुत्र शशांक राठौर (24) का तिलक और दो दिसंबर को शादी थी। शादी को दोस्तों संग यादगार बनाने के लिए लखनवी शेरवानी समेत अन्य ब्रांडेड कपड़ों को लेने शुक्रवार को लखनऊ गया। उसके साथ फतेहगढ़ के सिविल लाइन नई बस्ती के शिवम यादव (24), जेएनवी रोड के अनुज यादव (24), सेंट्रल जेल के अमन (22), कादरीगेट की आवास विकास कालोनी के शांतनु (24) भी थे। अनुज की कार शशांक चला रहा था। लखनऊ के पास हाईवे पर खड़े वाहन में पीछे से कार टकरा गई। इसमें शशांक, शिवम व अनुज की मौत हो गई, जबकि आदित्य और शांतनु का इलाज चल रहा हैै।
सूचना पर पांचों दोस्तों के परिजन लखनऊ से शव लेकर शनिवार शाम जब घर पर शव पहुंचे। शशांक के ताऊ वीरबहादुर सिंह रोते हुए बताया कि भतीजा शादी को लेकर बेहद खुश था। उसे लखनवी शेरवानी अच्छी लगती थी। कहा कि वह तो हम भाइयों का बुढ़ापा खराब कर गया। घर में वीरबहादुर के साथ राजबहादुर सिंह और छोटे ताऊ विजय बहादुर सिंह हैं। मां ममता राठौर व बहन भावना का बुरा हाल है। शिवम के बड़े भाई अनुज व दीपू सेना में हैं। वह यूपीएससी की तैयारी कर रहा था। मां रामदेवी का रो-रो कर बुरा हाल है। अनुज बीएससी कर रहा था। बड़ा भाई अभय प्रताप और बहन बिन्नी है।
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जहानगंज थाने के गांव जैतपुर निवासी भाकियू नेता उदय बहादुर सिंह के इकलौते पुत्र शशांक राठौर (24) का तिलक और दो दिसंबर को शादी थी। शादी को दोस्तों संग यादगार बनाने के लिए लखनवी शेरवानी समेत अन्य ब्रांडेड कपड़ों को लेने शुक्रवार को लखनऊ गया। उसके साथ फतेहगढ़ के सिविल लाइन नई बस्ती के शिवम यादव (24), जेएनवी रोड के अनुज यादव (24), सेंट्रल जेल के अमन (22), कादरीगेट की आवास विकास कालोनी के शांतनु (24) भी थे। अनुज की कार शशांक चला रहा था। लखनऊ के पास हाईवे पर खड़े वाहन में पीछे से कार टकरा गई। इसमें शशांक, शिवम व अनुज की मौत हो गई, जबकि आदित्य और शांतनु का इलाज चल रहा हैै।
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सूचना पर पांचों दोस्तों के परिजन लखनऊ से शव लेकर शनिवार शाम जब घर पर शव पहुंचे। शशांक के ताऊ वीरबहादुर सिंह रोते हुए बताया कि भतीजा शादी को लेकर बेहद खुश था। उसे लखनवी शेरवानी अच्छी लगती थी। कहा कि वह तो हम भाइयों का बुढ़ापा खराब कर गया। घर में वीरबहादुर के साथ राजबहादुर सिंह और छोटे ताऊ विजय बहादुर सिंह हैं। मां ममता राठौर व बहन भावना का बुरा हाल है। शिवम के बड़े भाई अनुज व दीपू सेना में हैं। वह यूपीएससी की तैयारी कर रहा था। मां रामदेवी का रो-रो कर बुरा हाल है। अनुज बीएससी कर रहा था। बड़ा भाई अभय प्रताप और बहन बिन्नी है।
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