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दुकानें बंद रहीं, गलियों में पसरा रहा सन्नाटा
Updated Sun, 26 Nov 2017 10:58 PM IST
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गलियों में पसरा रहा सन्नाट
- फोटो : अमर उजाला
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देवरिया। मतदान के दिन रविवार को दुकानें बंद रहीं। गलियों में सन्नाटा पसरा है। सिर्फ कुछ लोग अलग-अलग ग्रुप में गुपचुप करते दिखे। हर कोई यही कानाफूसी कर रहा था, कौन जीत रहा है। किसी अन्य व्यक्ति के आ जाने पर लोग चुप्पी साध जा रहे थे। सबकी अपनी-अपनी निष्ठा थी। कोई किसी को जीता रहा था तो कोई किसी को हरा रहा था। बच्चों ने छुट्टी का आनंद क्रिकेट और बैडमिंटन खेलकर उठाया।
मतदान के दिन दुकानें बंद रखने का आदेश प्रशासन ने दिया था। रविवार के कारण सरकारी, गैर सरकारी संस्थाओं और स्कूल-कॉलेजों में छुट्टी थी। मतदान की प्रक्रिया 7.30 बजे से शुरू होने वाली थी, इसलिए पुलिसकर्मियों ने सुबह से ही शहर में चहलकदमी शुरू कर दी थी। दो बजे तक इक्का-दुक्का छोड़कर अधिकांश चाय-पान की दुकानें बंद रहीं। ई-रिक्शा और रिक्शा ही चल रहे थे। इनमें से अधिकांश को प्रत्याशियों ने मतदाताओं को लाने के लिए किराए पर ले रखा था। लिहाजा रेलवे और बस स्टेशनों पर यात्रियों को साधन के लिए इंतजार करना पड़ा। शहर की गलियां भी सूनी थीं। एक बजे के बाद थोड़ी रौनक दिखी। बच्चे घरों के सामने क्रिकेट और बैडमिंटन खेलकर समय गुजारा।
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मतदान के दिन दुकानें बंद रखने का आदेश प्रशासन ने दिया था। रविवार के कारण सरकारी, गैर सरकारी संस्थाओं और स्कूल-कॉलेजों में छुट्टी थी। मतदान की प्रक्रिया 7.30 बजे से शुरू होने वाली थी, इसलिए पुलिसकर्मियों ने सुबह से ही शहर में चहलकदमी शुरू कर दी थी। दो बजे तक इक्का-दुक्का छोड़कर अधिकांश चाय-पान की दुकानें बंद रहीं। ई-रिक्शा और रिक्शा ही चल रहे थे। इनमें से अधिकांश को प्रत्याशियों ने मतदाताओं को लाने के लिए किराए पर ले रखा था। लिहाजा रेलवे और बस स्टेशनों पर यात्रियों को साधन के लिए इंतजार करना पड़ा। शहर की गलियां भी सूनी थीं। एक बजे के बाद थोड़ी रौनक दिखी। बच्चे घरों के सामने क्रिकेट और बैडमिंटन खेलकर समय गुजारा।
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