फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Chitrakoot News ›   वनरोज के हमले से महिला की मौत से दहशत

वनरोज के हमले से महिला की मौत से दहशत

Sat, 18 Aug 2018 11:04 PM IST
Updated Sat, 18 Aug 2018 11:04 PM IST
विज्ञापन
वनरोज के  हमले से महिला की मौत से दहशत
वनरोज के हमले से महिला की मौत से दहशत
विज्ञापन



अमर उजाला फालोअप
मानिकपुर। जंगल से लकड़ी लेने गईं चचेरी बहनों पर वनरोज ने जानलेवा हमला कर दिया। जिसमें पेड़ पर चढ़कर जान बचाने वाली महिला के चेहरे पर अभी भी दहशत का माहौल है। महिला के सामने ही खूंखार वनरोज ने उसकी बहन को सींग से निर्मम प्रहार कर मार डाला है। घटना को लेकर ग्रामीण दहशत में है।
मारकुंडी थानाक्षेत्र के जारोमाफी गांव निवासी गुड्डू देवी कोल उर्फ गुड़िया (45) पत्नी लल्लू कोल अपने बहन बुंदिया देवी कोल (42) पत्नी राममिलन के साथ शुक्र वार की दोपहर जंगल से लकड़ी लेने गई थी। बुंदिया ने बताया कि छुइहाई जंगल के पास पेड़ के नीचे लकड़ी बीन रहीं थीं तभी पीछे से वनरोज आया और दोनों को सींग मार दिया। जिससे दोनों जमीन पर गिर पड़ी। इसके बाद वनरोज गुड्डू देवी पर लगातार सींग से तक तब वार करता रहा जब तक उसकी मौत नहीं हो गई। इसके बाद वनरोज उसकी ओर बढ़ा तो हिम्मत कर वहीं एक पेड़ पर वह चढ़ गई। पेड़ के नीचे वनरोज बैठा रहा। अंधेरा होने पर भी वह नहीं गया। उधर उसकी हालत बेहद खराब हो रही थी। भय के कारण चिल्ला भी नहीं पा रही थी।
विज्ञापन

रात होने पर भी महिलाओं के घर न पहुंचने पर परिजन लाठी डंडा व कुल्हाड़ी लेकर ढूंढने निकले। गांव से लगभग तीन किमी दूर जंगल में टार्च की रोशनी देख वनरोज भागा तो ग्रामीणों को शक हुआ। इधर टार्च की रोशनी देख बुंदिया ने भी चिल्लाकर मदद की गुहार लगाई। मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने नजारा देखा तो सन्न रह गए। गुड्डू उर्फ गुड़िया का रक्त से सना शव पड़ा था। ग्रामीणों की सूचना पर थानाध्यक्ष रामेंद्र तिवारी व यूपी 100 की टीम पहुंची और शव का पंचनामा कराया। शनिवार को पोस्टमार्टम कराया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


गांव में शोक व्याप्त
मानिकपुर। मृतका के पति ने बताया कि वह मजदूरी करता है। जंगल की लकड़ी से चूल्हा जलता है तब घर में खाना बनता है। गांव के रिश्ते में बुंदिया गुड्डू की बहन है। उसके दो पुत्र बड़कू छोटकू व दो पुत्री सीता सिया हैं। इस घटना के बाद पूरे गांव में शोक व्याप्त है।


आंखों के सामने मार डाला
मानिकपुर। इस घटना की प्रत्यक्षदर्शी बुंदिया देवी इतना भयभीत है कि उसकी तबियत खराब हो गई है। उसे मानिकपुर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उसने बताया कि उनके पास हंसिया थी लेकिन वनरोज के हमले से वह संभल नहीं पाई। इसके बाद वनरोज और खूंखार हो गया। किसी तरह जान बचाने के लिए और कोई रास्ता नहीं बचा तो पेड़ पर ही किसी तरह चढ़ गई थी। उसकी आंखों के सामने उसकी गांव के रिश्ते की बहन को सींग से गोद गोद कर मार डाला और वह कुछ नहीं कर पाई।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed