फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Chandauli News ›   Do not burn the stove in the village Brdiha

नहीं जले बरडीहा गांव में चूल्हे

Sat, 03 Oct 2015 11:57 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंदौली
ब्यूरो/अमर उजाला, चंदौली Updated Sat, 03 Oct 2015 11:57 PM IST
विज्ञापन
Do not burn the stove in the village Brdiha
बरहनी विकास खंड अंतर्गत बरडीहा गांव के लोगों का प्राथमिक विद्यालय पर मतदान केंद्र बनाने की मांग को लेकर धरना तीसरे दिन भी जारी रहा। प्रशासन की ओर से अब तक ग्रामीणों को कोई ठोस आश्वासन नहीं दिया गया। धरने के दौरान गांव के लोगों ने खाना नहीं बनाया और पूरे गांव में चूल्हे नहीं जले।
विज्ञापन


सभा में वक्ताओं ने कहा कि प्रशासन की लापरवाही की वजह से ही गांव में मतदान केंद्र नहीं बना है। तीन दिनों के धरना-प्रदर्शन के बाद भी अब तक किसी अधिकारी ने इसकी सुधि नहीं ली है। धरने पर बैठे लोगों ने निर्णय लिया कि मांग पूरी न होने पर तीन दिन तक पूरे गांव के लोग उपवास करेंगे।
विज्ञापन


उसके बाद मंगलवार से बेमियादी अनशन शुरू कर दिया जाएगा। गांव के दरोगा राय ने कहा कि बेमियादी अनशन के बाद भी यदि बात नहीं बनती है तो ग्रामीणों और बड़ा कदम उठाएंगे। बरहनी सेक्टर नंबर दो के भाजपा नेता रमेश राय ने कहा कि प्रशासन को ग्रामीणों की मांग पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करना पड़ेगा। कमलावती, राजवंती, नगीना यादव, बुधिया, सुनैना,  रमाशंकर राय, कुबेर यादव, मुसई, बंगाली राम,  जंगबहादुर बिंद, जयप्रकाश, टेंकर राम, प्रेमनारायण, गोलू राय मौजूद थे। अध्यक्षता शिवप्रकाश राय और संचालन राहुल राज ने किया।
विज्ञापन
विज्ञापन


दूर के ग्राम पंचायत से जोड़े जाने पर गुस्सा : धानापुर विकास खंड के रामरूपदास पुर गांव के कई वार्डों को क्षेत्र पंचायत में जिगिना ग्राम पंचायत से संबद्ध किए जाने से ग्रामीणों में नाराजगी है। उनका कहना है कि वार्ड नंबर एक से चार तक को पड़ोस के गांव से न जोड़कर पांच किलोमीटर दूर जिगिना गांव के साथ संबद्ध कर दिया गया है।


ग्रामीण नंदकुमार पांडेय ने कहा कि ग्राम विकास अधिकारी की ओर से मनमाने ढंग से परिसीमन तैयार किया गया है। वहीं, जिन गांवों का आरक्षण सामान्य होना चाहिए, वहां अनुसूचित या पिछड़ी जाति के लिए आरक्षित कर दिया गया है जबकि जहां अनुसूचित व पिछड़ी के लिए आरक्षण होना चाहिए, उन गांवों का आरक्षण सामान्य कर दिया गया है। आरोप लगाया कि आरक्षण के विरुद्ध आपत्ति देने वालों को गलत सर्वें कर आपत्ति उठाने के लिए मजबूर किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed