फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Chandauli News ›   डीएफओ ने दो इंजीनियरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के लिए शासन से मांगी अनुमति

डीएफओ ने दो इंजीनियरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के लिए शासन से मांगी अनुमति

Tue, 06 Feb 2018 01:00 AM IST
Updated Tue, 06 Feb 2018 01:00 AM IST
विज्ञापन
डीएफओ ने दो इंजीनियरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के लिए शासन से मांगी अनुमति

विज्ञापन
नौगढ़। वन विभाग द्वारा अनापत्ति प्रमाणपत्र लिए बिना ही लोक निर्माण विभाग ने वन क्षेत्रों में सड़क निर्माण करा दिया। वन मंत्रालय भारत सरकार द्वारा सड़क निर्माण एजेंसी से धनराशि वसूली की जानकारी मांगी गई तो डीएफओ रामनगर गोपाल ओझा ने वन मंत्रालय को पीडब्लूडी के दो इंजीनियरों के खिलाफ पत्र भेजकर मुकदमा दर्ज कराने की अनुमति मांगी है।

काशी वन्य जीव प्रभाग के प्रभागीय वनाधिकारी गोपाल ओझा ने बताया कि नौगढ़ क्षेत्र के आरक्षित वन क्षेत्र में वर्ष 2016 में सड़क निर्माण के लिए लोक निर्माण विभाग ने वन विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र लिए बिना ही निर्माण कार्य करा दिया। इसके लिए वन विभाग कार्यालय रामनगर द्वारा कई बार लोक निर्माण विभाग को कार्य के लिए अनापत्ति प्रमाणपत्र के लिए नोटिस भेजा गया लेकिन पीडब्लूडी विभाग ने ध्यान नहीं दिया ।डीएफओ ने बताया कि कई बार जिला प्रशासन को पत्र लिखकर प्रभावी कार्रवाई के लिए अनुमति मांगी गई लेकिन जिला प्रशासन पूरी तरह उदासीन बना रहा। अब जब वन मंत्रालय भारत सरकार द्वारा सड़क निर्माण एजेंसी से भारतीय वन संरक्षण अधिनियम 1980 भारतीय वन्य जीव अधिनियम 1972 एनपीबी शुल्क / क्षतिपूरक शुल्क लगभग 78 लाख रुपये धनराशि वसूली की जानकारी मांगी गई तो डीएफओ रामनगर गोपाल ओझा ने रविवार को वन मंत्रालय को पत्र लिखकर पीडब्लूडी के दो इंजीनियरों के खिलाफ पत्र भेजकर मुकदमा दर्ज कराने के लिए अनुमति मांगी है। वन मंत्रालय भारत सरकार ने प्रदेश के प्रमुख वन संरक्षक और विभागाध्यक्ष रूपक डे को निर्देशित किया कि जो जिम्मेदार हो उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed