{"_id":"5bfa869fbdec2241471f616b","slug":"111543145119-budaun-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"राधेलाल कॉलेज के स्वीपर की संदिग्ध हालत में मौत","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
राधेलाल कॉलेज के स्वीपर की संदिग्ध हालत में मौत
Updated Sun, 25 Nov 2018 04:55 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राधेलाल कॉलेज के स्वीपर
की संदिग्ध हालात में मौत
कॉलेज के पास झोपड़ीनुमा घर में परिवार सहित रहता था राजू
अमर उजाला ब्यूरो
उझानी (बदायूं)। कछला के राधेलाल इंटर कॉलेज के स्वीपर राजू का शव रविवार सुबह उसके झोपड़ीनुमा घर में मिलने से अफरा-तफरी मच गई। भनक लगते ही आसपास इलाके के लोग भी इकट्ठे हो गए। उन्होंने भी मृतक के परिजनों से मौत को लेकर बात की। पूरा मामला संदिग्ध बना हुआ है।
कछला कसबे का ही निवासी मृतक राजू वाल्मीकि करीब 40 साल का था। वह राधेलाल कॉलेज में काफी समय से स्वीपर था। वह शनिवार रात करीब नौ बजे खाना खाने के बाद सो गया। तड़के जब नहीं उठा तो पत्नी गुड्डो ने आवाज लगाई। फिर भी कोई जवाब नहीं मिला तो देखते ही वह चीख पड़ी। चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग भी आ गए। राजू की मौत किस समय हुई, यह तो परिजनों को भी नहीं पता लेकिन पत्नी और बेटियों ने लोगों को बताया कि वह बीमार भी नहीं था। स्वीपर की मौत पर पसोपेश के बीच दोपहर बाद तक शव झोपड़ीनुमा घर में रखा रहा। मौत की असल वजह तो पोस्टमार्टम के बाद ही सामने आएगी लेकिन कछला चौकी इंचार्ज जितेंद्र गौतम ने बताया कि घरवालों ने शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए नहीं कहा है फिर भी अगर वह चाहेंगे तभी पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
विज्ञापन
की संदिग्ध हालात में मौत
कॉलेज के पास झोपड़ीनुमा घर में परिवार सहित रहता था राजू
अमर उजाला ब्यूरो
उझानी (बदायूं)। कछला के राधेलाल इंटर कॉलेज के स्वीपर राजू का शव रविवार सुबह उसके झोपड़ीनुमा घर में मिलने से अफरा-तफरी मच गई। भनक लगते ही आसपास इलाके के लोग भी इकट्ठे हो गए। उन्होंने भी मृतक के परिजनों से मौत को लेकर बात की। पूरा मामला संदिग्ध बना हुआ है।
कछला कसबे का ही निवासी मृतक राजू वाल्मीकि करीब 40 साल का था। वह राधेलाल कॉलेज में काफी समय से स्वीपर था। वह शनिवार रात करीब नौ बजे खाना खाने के बाद सो गया। तड़के जब नहीं उठा तो पत्नी गुड्डो ने आवाज लगाई। फिर भी कोई जवाब नहीं मिला तो देखते ही वह चीख पड़ी। चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग भी आ गए। राजू की मौत किस समय हुई, यह तो परिजनों को भी नहीं पता लेकिन पत्नी और बेटियों ने लोगों को बताया कि वह बीमार भी नहीं था। स्वीपर की मौत पर पसोपेश के बीच दोपहर बाद तक शव झोपड़ीनुमा घर में रखा रहा। मौत की असल वजह तो पोस्टमार्टम के बाद ही सामने आएगी लेकिन कछला चौकी इंचार्ज जितेंद्र गौतम ने बताया कि घरवालों ने शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए नहीं कहा है फिर भी अगर वह चाहेंगे तभी पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
विज्ञापन