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Budaun News: होली की मस्ती में न हो त्वचा और आंखों को नुकसान, बरतें सावधानी
Sat, 28 Feb 2026 02:07 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं
संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं
Updated Sat, 28 Feb 2026 02:07 AM IST
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बदायूं। होली रंगों, खुशियों और आपसी भाईचारे का प्रतीक है, लेकिन थोड़ी-सी लापरवाही इस उल्लास को परेशानी में बदल सकती है। बाजार में बिकने वाले अधिकांश सस्ते और चटक रंगों में हानिकारक रसायनों का इस्तेमाल किया जाता है, जो त्वचा और आंखों के लिए नुकसानदायक साबित हो सकते हैं। इन रंगों के संपर्क में आने से त्वचा पर रैशेज, खुजली, जलन, एलर्जी और आंखों में लालपन व संक्रमण की शिकायत आम है। खासकर बच्चों, बुजुर्गों और संवेदनशील त्वचा वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है।
जिला अस्पताल के डॉक्टरों के अनुसार होली खेलने से पहले शरीर पर नारियल तेल, सरसों या मॉइस्चराइजर लगाने से रंग त्वचा में कम समाता है और बाद में आसानी से निकल जाता है। आंखों की सुरक्षा भी उतनी ही जरूरी है। रंग खेलते समय चश्मे का उपयोग करना चाहिए। यदि आंखों में रंग चला जाए तो तुरंत साफ पानी से धोएं और जलन या दर्द बढ़ने पर डॉक्टर से संपर्क करें।
इन दिनों बाजारों में होली के रंगों की भरमार है। दुकानों और ठेलों पर खुले में बिकने वाले सस्ते रंग आकर्षक तो लगते हैं, लेकिन इनमें मिट्टी-बालू के साथ शीशा, क्रोमियम आयोडाइड, लेड ऑक्साइड, एल्युमिनियम ब्रोमाइड और मरकरी सल्फाइड जैसे खतरनाक रसायन मिलाए जाते हैं। ये केमिकल त्वचा को गंभीर नुकसान पहुंचा सकते हैं और आंखों में जाने पर संक्रमण व घाव का खतरा बढ़ जाता है।
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हरवल रंग का करें उपयोग
-होली के लिए हर्बल और प्राकृतिक रंगों का ही प्रयोग करना चाहिए। फूलों और फलों से बने ये रंग देखने में कम चमकदार होते हैं, लेकिन सेहत के लिए सुरक्षित रहते हैं।
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केमिकल युक्त रंग त्वचा की ऊपरी परत को नुकसान पहुंचाते हैं, जिससे एलर्जी, फंगल इंफेक्शन और पिगमेंटेशन की समस्या हो सकती है। होली से पहले और बाद में त्वचा को अच्छी तरह मॉइस्चराइज करें, रंग छुड़ाने के लिए रगड़ने से बचें और किसी भी प्रकार की एलर्जी होने पर तुरंत विशेषज्ञ से सलाह लें।
-श्रीपाल, त्वचा विशेषज्ञ, जिला अस्पताल
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आंखों में रंग जाने से कंजंक्टिवाइटिस, कॉर्निया में खरोंच और संक्रमण का खतरा रहता है। होली खेलते समय आंखों की सुरक्षा अनिवार्य है। यदि आंखों में जलन, तेज दर्द या धुंधला दिखे तो घरेलू उपायों पर निर्भर न रहें और तुरंत नेत्र विशेषज्ञ से संपर्क करें।
-पीयूष मोहन अग्रवाल, नेत्र रोग विशेषज्ञ, जिला अस्पताल
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क्या करें--
हर्बल या प्राकृतिक रंगों का ही उपयोग करें
होली से पहले बालों और त्वचा पर तेल लगाएं
आंखों की सुरक्षा के लिए चश्मा पहनें
रंग खेलने के बाद तुरंत स्नान करें
बच्चों पर विशेष ध्यान रखें
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क्या न करें--
गहरे और चमकीले रासायनिक रंगों का प्रयोग न करें
आंखों और चेहरे पर जबरन रंग न लगाएं
आंखों में जलन होने पर रगड़ें नहीं
रंग लगे कपड़ों को देर तक शरीर पर न रखें
एलर्जी होने पर लापरवाही न बरतें
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जिला अस्पताल के डॉक्टरों के अनुसार होली खेलने से पहले शरीर पर नारियल तेल, सरसों या मॉइस्चराइजर लगाने से रंग त्वचा में कम समाता है और बाद में आसानी से निकल जाता है। आंखों की सुरक्षा भी उतनी ही जरूरी है। रंग खेलते समय चश्मे का उपयोग करना चाहिए। यदि आंखों में रंग चला जाए तो तुरंत साफ पानी से धोएं और जलन या दर्द बढ़ने पर डॉक्टर से संपर्क करें।
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इन दिनों बाजारों में होली के रंगों की भरमार है। दुकानों और ठेलों पर खुले में बिकने वाले सस्ते रंग आकर्षक तो लगते हैं, लेकिन इनमें मिट्टी-बालू के साथ शीशा, क्रोमियम आयोडाइड, लेड ऑक्साइड, एल्युमिनियम ब्रोमाइड और मरकरी सल्फाइड जैसे खतरनाक रसायन मिलाए जाते हैं। ये केमिकल त्वचा को गंभीर नुकसान पहुंचा सकते हैं और आंखों में जाने पर संक्रमण व घाव का खतरा बढ़ जाता है।
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हरवल रंग का करें उपयोग
-होली के लिए हर्बल और प्राकृतिक रंगों का ही प्रयोग करना चाहिए। फूलों और फलों से बने ये रंग देखने में कम चमकदार होते हैं, लेकिन सेहत के लिए सुरक्षित रहते हैं।
केमिकल युक्त रंग त्वचा की ऊपरी परत को नुकसान पहुंचाते हैं, जिससे एलर्जी, फंगल इंफेक्शन और पिगमेंटेशन की समस्या हो सकती है। होली से पहले और बाद में त्वचा को अच्छी तरह मॉइस्चराइज करें, रंग छुड़ाने के लिए रगड़ने से बचें और किसी भी प्रकार की एलर्जी होने पर तुरंत विशेषज्ञ से सलाह लें।
-श्रीपाल, त्वचा विशेषज्ञ, जिला अस्पताल
आंखों में रंग जाने से कंजंक्टिवाइटिस, कॉर्निया में खरोंच और संक्रमण का खतरा रहता है। होली खेलते समय आंखों की सुरक्षा अनिवार्य है। यदि आंखों में जलन, तेज दर्द या धुंधला दिखे तो घरेलू उपायों पर निर्भर न रहें और तुरंत नेत्र विशेषज्ञ से संपर्क करें।
-पीयूष मोहन अग्रवाल, नेत्र रोग विशेषज्ञ, जिला अस्पताल
क्या करें
हर्बल या प्राकृतिक रंगों का ही उपयोग करें
होली से पहले बालों और त्वचा पर तेल लगाएं
आंखों की सुरक्षा के लिए चश्मा पहनें
रंग खेलने के बाद तुरंत स्नान करें
बच्चों पर विशेष ध्यान रखें
क्या न करें
गहरे और चमकीले रासायनिक रंगों का प्रयोग न करें
आंखों और चेहरे पर जबरन रंग न लगाएं
आंखों में जलन होने पर रगड़ें नहीं
रंग लगे कपड़ों को देर तक शरीर पर न रखें
एलर्जी होने पर लापरवाही न बरतें