फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   अंदाजे से हो रहा बच्चों का वजन, कैसे होगा कुपोषण दूर

अंदाजे से हो रहा बच्चों का वजन, कैसे होगा कुपोषण दूर

Tue, 01 Jan 2019 05:42 PM IST
geetesh jolly geetesh jolly
Updated Tue, 01 Jan 2019 05:42 PM IST
विज्ञापन
अंदाजे से हो रहा बच्चों का वजन, कैसे होगा कुपोषण दूर
अंदाजे से हो रहा बच्चों का वजन, कैसे होगा कुपोषण दूर
विज्ञापन

बदायूं। शासन कुपोषण दूूर करने के लिए शासन पोषण मिशन योजना संचालित कर रहा है। इसके तहत हर माह आंगनबाड़ी केंद्रों पर पोषाहार भेजा जाता है। कुपोषण की स्थिति मापने के लिए प्रत्येक केंद्र पर वजन तोलने की मशीन दी गई। जिन में अधिकतर खराब हो गई हैं। ऐसे मेें अंदाजे से बच्चों का वजन किया जा रहा है। विभाग अब उन केंद्रों को चिह्नित कर रहा है जहां मशीन खराब होने का अंदेशा है।
जिले में 2937 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हो रहे हैं। इन केंद्रों पर छह वर्ष तक के करीब साढ़े चार लाख बच्चे पंजीकृत है। इन बच्चों को सेहतमंद बनाने के लिए हर माह वजन कर कुपोषण की स्थिति की रिपोर्ट तैयार कर शासन और प्रशासन को दी जाती है। लेकिन अधिकतर केंद्रों में वजन मशीन खराब हो चुकी हैं। ऐसे में आंगनबाड़ियों की ओर से पिछले दो-तीन माह से बच्चों के कुपोषण की स्थिति का आकलन अंदाज से किया जा रहा है। इस कारण सही स्थिति की जगह शासन को अंदाजे की रिपोर्ट भेजी जा रही है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने इससे विभागीय उच्चाधिकारियों को भी अवगत कराया, लेकिन इसे गंभीरता से नहीं लिया जा रहा। ऐसे में शासन की जनपद को कुपोषणमुक्त करने की मंशा पर पानी फिर रहा है।
विज्ञापन


वर्जन-
ऐसे आंगनबाड़ी केंद्रों को चिह्नित किया जा रहा है। जहां पर मशीन खराब है, अब तक लगभग साढ़ेे छह सौ मशीन खराब मिली हैं। जल्द ही नई मशीनों की खरीद कर इन केंद्रों पर वितरित कर दी जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

-पीके दास, डीपीओ
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed