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बारिश से फसलें जलमग्न, किसान चिंतित
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नजीबाबाद के हुसैनपुर क्षेत्र में धान की फसल हुई जलमग्न।
- फोटो : NAZIBABAD
बारिश से फसलें जलमग्न, किसान चिंतित
बिजनौर। पिछले चार दिन से जनपद में बारिश हो रही है। बारिश सोमवार सुबह रुक गई, लेकिन खेतों में पानी भरा रहा और दिनभर हवा चलती रही। बारिश से धान एवं उड़द की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। कृषि विभाग के आकलन में धान को करीब बीस प्रतिशत तथा उड़द को 25 प्रतिशत का नुकसान सामने आया है।
बरसात के माह में बारिश की कमी रही, लेकिन अक्तूबर में 290 मिलीमीटर बारिश हो गई है। बेमौसम बारिश फसलों के लिए आफत बन गई है। लगातार बारिश से तापमान में गिरावट होने से ठंड बढ़ गई। रविवार रात रुक रुक कर बारिश होती रही। सोमवार सुबह जनपद में बारिश रुक गई, लेकिन दिनभर बादल छाए रहे। बारिश के बाद तेज हवा चलने से धान की फसलें और गिर र्गइं। गन्ने की फसल भी गिर रही है। इससे गन्ने के उत्पादन पर भी असर पड़ेगा। खेतों में भी पानी से पशुचारा काटने में किसानों को परेशानी उठानी पड़ी है।
- मौसम से झेलनी पड़ी दोहरी मार
किसान मास्टर विजयपाल सिंह, तेगबहादुर सिंह, धर्मवीर सिंह धनकड़ ने कहा कि मौसम की बेरुखी से किसानों को दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। पहले सूखे और अब बारिश ने धान, उड़द, सब्जी की फसल को 20 से 30 प्रतिशत नुकसान है। अभी खेतों में पानी भरा हुआ है और हवा चलने लगी है। इससे बाकी खड़ी धान व गन्ने की फसल भी गिर जाएगी।
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वर्जन...
विभागीय कर्मचारियों से बारिश से फसलों के नुकसान का आकलन कराया गया है। इसमें करीब 20 प्रतिशत धान और 25 प्रतिशत उड़द की फसल को नुकसान की आशंका है। रिपोर्ट विभाग मुख्यालय को भेज दी गई है।
-डॉ. अवधेश मिश्रा, जिला कृषि अधिकारी
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बिजनौर। पिछले चार दिन से जनपद में बारिश हो रही है। बारिश सोमवार सुबह रुक गई, लेकिन खेतों में पानी भरा रहा और दिनभर हवा चलती रही। बारिश से धान एवं उड़द की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। कृषि विभाग के आकलन में धान को करीब बीस प्रतिशत तथा उड़द को 25 प्रतिशत का नुकसान सामने आया है।
बरसात के माह में बारिश की कमी रही, लेकिन अक्तूबर में 290 मिलीमीटर बारिश हो गई है। बेमौसम बारिश फसलों के लिए आफत बन गई है। लगातार बारिश से तापमान में गिरावट होने से ठंड बढ़ गई। रविवार रात रुक रुक कर बारिश होती रही। सोमवार सुबह जनपद में बारिश रुक गई, लेकिन दिनभर बादल छाए रहे। बारिश के बाद तेज हवा चलने से धान की फसलें और गिर र्गइं। गन्ने की फसल भी गिर रही है। इससे गन्ने के उत्पादन पर भी असर पड़ेगा। खेतों में भी पानी से पशुचारा काटने में किसानों को परेशानी उठानी पड़ी है।
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- मौसम से झेलनी पड़ी दोहरी मार
किसान मास्टर विजयपाल सिंह, तेगबहादुर सिंह, धर्मवीर सिंह धनकड़ ने कहा कि मौसम की बेरुखी से किसानों को दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। पहले सूखे और अब बारिश ने धान, उड़द, सब्जी की फसल को 20 से 30 प्रतिशत नुकसान है। अभी खेतों में पानी भरा हुआ है और हवा चलने लगी है। इससे बाकी खड़ी धान व गन्ने की फसल भी गिर जाएगी।
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वर्जन...
विभागीय कर्मचारियों से बारिश से फसलों के नुकसान का आकलन कराया गया है। इसमें करीब 20 प्रतिशत धान और 25 प्रतिशत उड़द की फसल को नुकसान की आशंका है। रिपोर्ट विभाग मुख्यालय को भेज दी गई है।
-डॉ. अवधेश मिश्रा, जिला कृषि अधिकारी

नजीबाबाद के बाजोपुर क्षेत्र में वर्षा से गिरी गन्ने की फसल।- फोटो : NAZIBABAD