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सपना विदेश में नौकरी का, मिला फुटपाथ
ब्यूरो / अमर उजाला, बिजनौर
Updated Sun, 15 Nov 2015 12:27 AM IST
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नजीबाबाद। साहनपुर से नौकरी के लिए विदेश भेजे गए दो युवक लाखों की ठगी का शिकार हो गए। कबूतरबाजों ने धोखे से युवकों को टूरिस्ट वीजा थमा दिया। एक माह दुबई में फुटपाथ पर भटकने के बाद दोनों अपने वतन वापस लौट आए।
नगर पंचायत साहनपुर के मोहल्ला मेमरान निवासी मो. महताब और मो. फहीम का विदेश में नौकरी कर परिवार को आर्थिक संकटों से उबारने का स्वप्न काफूर हो गया। एक माह विदेश में फुटपाथ पर भटकने के बाद लौटे मायूस युवकों ने मीडिया को आप बीती सुनाई।
मजदूरपेशा परिवार के महताब और फहीम ने बताया कि मोहल्ला सब्नीग्रान निवासी दंपति ने उन्हें वेल्डिंग और कंप्यूटर हार्डवेयर का काम दिलाने के नाम पर दो-दो लाख रुपये लिए थे।
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नौ अक्तूबर को उन्हें एयरपोर्ट पर धोखे से टूरिस्ट वीजा यह कहते हुए थमा दिया कि उन्हें विदेश पहुंचने पर एक व्यक्ति एयरपोर्ट पर लेने पहुंचेगा। घंटों भटकने के बाद दोनों युवकों ने कई रातें फुटपाथ पर बिताईं। दोनों ने साहनपुर में फोन पर परिजनों को धोखाधड़ी की जानकारी दी।
बताया कि परिजनों से संपर्क करने पर दंपति उन्हें कई दिनों तक नौकरी मिल जाने का झांसा देता रहा और बाद में मोबाइल बंद कर लिया।
दोनों के साथ ले गए पैसे खत्म होने पर साहनपुर के चेयरमैन खुर्शीद मंसूरी एवं परिजनों ने दुबई में रह रहे क्षेत्रीय युवकों नवेद और दानिश से संपर्क कर उनकी मदद कराई। साहनपुर चेयरमैन ने दोनों युवकों को टिकट के पैसे भेजे। लगभग एक माह भटकने के बाद महताब और फहीम नौ नवंबर को भारत पहुंचे।
पीड़ितों ने कहा कि साहनपुर का युवक फुरकान भी ठगी का शिकार होकर साहनपुर लौटा है। आरोप है कि साहनपुर के ही नवाब और बबलू को विदेश भेजने के नाम पर कबूतरबाज हजारों रुपये वसूल कर चुका है। अभी उन्हें वीजा नहीं दिया गया।
महताब एवं फहीम के परिवार ने दंपति पर धोखाधड़ी से विदेश में नौकरी के नाम पर लाखों की ठगी की रिपोर्ट दर्ज करने का फैसला लिया है।
थाना प्रभारी सत्यवीर सिंह ने मामला संज्ञान में न होने की बात कही। कहा कि यदि पीड़ित रिपोर्ट दर्ज कराते हैं, तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
कर्ज में डूबे परिवार
कबूतरबाजी का शिकार महताब और फहीम ने बताया कि उनके परिजनों ने कर्ज पर पैसा लेकर उन्हें नौकरी के लिए विदेश भेजा था। उनके परिजन लाखों के कर्ज पर डूब चुके हैं।
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नगर पंचायत साहनपुर के मोहल्ला मेमरान निवासी मो. महताब और मो. फहीम का विदेश में नौकरी कर परिवार को आर्थिक संकटों से उबारने का स्वप्न काफूर हो गया। एक माह विदेश में फुटपाथ पर भटकने के बाद लौटे मायूस युवकों ने मीडिया को आप बीती सुनाई।
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मजदूरपेशा परिवार के महताब और फहीम ने बताया कि मोहल्ला सब्नीग्रान निवासी दंपति ने उन्हें वेल्डिंग और कंप्यूटर हार्डवेयर का काम दिलाने के नाम पर दो-दो लाख रुपये लिए थे।
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नौ अक्तूबर को उन्हें एयरपोर्ट पर धोखे से टूरिस्ट वीजा यह कहते हुए थमा दिया कि उन्हें विदेश पहुंचने पर एक व्यक्ति एयरपोर्ट पर लेने पहुंचेगा। घंटों भटकने के बाद दोनों युवकों ने कई रातें फुटपाथ पर बिताईं। दोनों ने साहनपुर में फोन पर परिजनों को धोखाधड़ी की जानकारी दी।
बताया कि परिजनों से संपर्क करने पर दंपति उन्हें कई दिनों तक नौकरी मिल जाने का झांसा देता रहा और बाद में मोबाइल बंद कर लिया।
दोनों के साथ ले गए पैसे खत्म होने पर साहनपुर के चेयरमैन खुर्शीद मंसूरी एवं परिजनों ने दुबई में रह रहे क्षेत्रीय युवकों नवेद और दानिश से संपर्क कर उनकी मदद कराई। साहनपुर चेयरमैन ने दोनों युवकों को टिकट के पैसे भेजे। लगभग एक माह भटकने के बाद महताब और फहीम नौ नवंबर को भारत पहुंचे।
पीड़ितों ने कहा कि साहनपुर का युवक फुरकान भी ठगी का शिकार होकर साहनपुर लौटा है। आरोप है कि साहनपुर के ही नवाब और बबलू को विदेश भेजने के नाम पर कबूतरबाज हजारों रुपये वसूल कर चुका है। अभी उन्हें वीजा नहीं दिया गया।
महताब एवं फहीम के परिवार ने दंपति पर धोखाधड़ी से विदेश में नौकरी के नाम पर लाखों की ठगी की रिपोर्ट दर्ज करने का फैसला लिया है।
थाना प्रभारी सत्यवीर सिंह ने मामला संज्ञान में न होने की बात कही। कहा कि यदि पीड़ित रिपोर्ट दर्ज कराते हैं, तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
कर्ज में डूबे परिवार
कबूतरबाजी का शिकार महताब और फहीम ने बताया कि उनके परिजनों ने कर्ज पर पैसा लेकर उन्हें नौकरी के लिए विदेश भेजा था। उनके परिजन लाखों के कर्ज पर डूब चुके हैं।