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नहीं निकलने दिया झंडा जुलूस
ब्यूरो/अमर उजाला, बिजनौर
Updated Wed, 31 Jan 2018 11:41 PM IST
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गांव श्यामीवाला में दलित समाज के लोगों को घेरे हुए पुलिस बल।
- फोटो : अमर उजाला
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मंडावली में संत रविदास जयंती पर गांव श्यामीवाला में झंडा जुलूस नहीं निकाला जा सका। जुलूस निकालने वालों को प्रशासन ने रोक दिया। दोपहर कार्यक्रम स्थगित कर दलित समाज के लोग धरने पर बैठ गए।
संत रविदास जयंती पर गांव श्यामीवाला में बुधवार सुबह संत रविदास मंदिर एवं धर्मशाला परिसर में दलित समाज की ओर से विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए। विधिवत पूजा-अर्चना और भजन कीर्तन के बाद दलित समाज के युवाओं ने उस्ताद कोमल सिंह व कृष्ण कुमार के नेतृत्व में अखाड़ा खेला। दोपहर एक से दो बजे तक अखाड़ा खेलने के बाद दलित समाज के लोगों ने जुलूस निकाला। तुरंत हरकत में आए प्रशासनिक अधिकारियों ने जुलूस को रोक दिया। पुलिस बल ने दलित समाज के लोगों को मंदिर एवं धर्मशाला पर कार्यक्रम संपन्न करने की हिदायत दी।
उधर, विश्व हिंदू परिषद के जिलाध्यक्ष ऋषिपाल सिंह, राजन टंडन, ओमकार आजाद के नेतृत्व में कोमल सिंह, प्रवीण भारती, रामशरण, संजीव, ममता, गुड्डी, मुन्नी, बबली, बृजेश, सुमन, ऊषा, नीलो, शकुंतला, आशा सहित दलित समाज के कई लोग धरने पर बैठ गए। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन पर दलित समाज के लोगों की भावनाओं को नजरअंदाज कर एक पक्ष के दबाव में काम करने का आरोप लगाया।
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पल-पल चौकन्ना रहा प्रशासन
सीडीओ डॉ.इंद्रमणि त्रिपाठी, एडीएम मदन सिंह गबरियाल, एएसपी दिनेश सिंह के नेतृत्व में एसडीएम नजीबाबाद एसके सिंह, एसडीएम बिजनौर उद्भव त्रिपाठी, सीओ नजीबाबाद बृजराज सिंह, नजीबाबाद थाना प्रभारी सतीश कुमार के अलावा मंडावली थाने तथा आसपास के थानों का भारी पुलिस बल श्यामीवाला और आसपास तैनात रहा। नहर पटरी मार्ग पर डेढ़ सेक्शन पीएसी और फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौजूद रही।
विहिप जिलाध्यक्ष पहुंचे गांव
प्रशासन ने गांव श्यामीवाला में आने-जाने के सभी मार्ग मंगलवार रात से ही सील कर दिए थे, ताकि संवेदनशील मामले को कोई राजनीतिक रूप न दिया जा सके। जगह-जगह तैनात पुलिसकर्मी आईडी चेक कर ही गांव में आने-जाने दे रहे थे। कड़ी चौकसी के बावजूद विहिप जिलाध्यक्ष अपने साथियों के साथ कब और कैसे दलित समाज के बीच पहुंच गए, इसकी किसी को भनक तक नहीं लगी।
दिलासा देते रहे अधिकारी और नेता
नजीबाबाद। डीएम जगतराज, एसपी प्रभाकर चौधरी, सीडीओ डॉ.इंद्रमणि त्रिपाठी की मौजूदगी में सांसद डॉ.यशवंत सिंह ने दलित समाज के लोगों प्रवीण सिंह, रामशरण सिंह, कृष्ण कुमार, जयराम सिंह, दयाराम सिंह, दिलेराव सिंह के साथ बात की। सांसद ने स्पष्ट किया कि मामला अभी उच्च न्यायालय में विचाराधीन है। न्यायालय से कोई गाइड लाइन मिलने पर ही प्रशासन निजी स्तर पर प्रकरण में कोई फढैसला ले सकेगा। सांसद कुंवर भारतेंद्र सिंह एवं भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव सिसौदिया ने भी दलितों की भावनाओं को सम्मान देते हुए उनसे सांप्रदायिक सद्भाव की अपील की।
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संत रविदास जयंती पर गांव श्यामीवाला में बुधवार सुबह संत रविदास मंदिर एवं धर्मशाला परिसर में दलित समाज की ओर से विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए। विधिवत पूजा-अर्चना और भजन कीर्तन के बाद दलित समाज के युवाओं ने उस्ताद कोमल सिंह व कृष्ण कुमार के नेतृत्व में अखाड़ा खेला। दोपहर एक से दो बजे तक अखाड़ा खेलने के बाद दलित समाज के लोगों ने जुलूस निकाला। तुरंत हरकत में आए प्रशासनिक अधिकारियों ने जुलूस को रोक दिया। पुलिस बल ने दलित समाज के लोगों को मंदिर एवं धर्मशाला पर कार्यक्रम संपन्न करने की हिदायत दी।
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उधर, विश्व हिंदू परिषद के जिलाध्यक्ष ऋषिपाल सिंह, राजन टंडन, ओमकार आजाद के नेतृत्व में कोमल सिंह, प्रवीण भारती, रामशरण, संजीव, ममता, गुड्डी, मुन्नी, बबली, बृजेश, सुमन, ऊषा, नीलो, शकुंतला, आशा सहित दलित समाज के कई लोग धरने पर बैठ गए। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन पर दलित समाज के लोगों की भावनाओं को नजरअंदाज कर एक पक्ष के दबाव में काम करने का आरोप लगाया।
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पल-पल चौकन्ना रहा प्रशासन
सीडीओ डॉ.इंद्रमणि त्रिपाठी, एडीएम मदन सिंह गबरियाल, एएसपी दिनेश सिंह के नेतृत्व में एसडीएम नजीबाबाद एसके सिंह, एसडीएम बिजनौर उद्भव त्रिपाठी, सीओ नजीबाबाद बृजराज सिंह, नजीबाबाद थाना प्रभारी सतीश कुमार के अलावा मंडावली थाने तथा आसपास के थानों का भारी पुलिस बल श्यामीवाला और आसपास तैनात रहा। नहर पटरी मार्ग पर डेढ़ सेक्शन पीएसी और फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौजूद रही।
विहिप जिलाध्यक्ष पहुंचे गांव
प्रशासन ने गांव श्यामीवाला में आने-जाने के सभी मार्ग मंगलवार रात से ही सील कर दिए थे, ताकि संवेदनशील मामले को कोई राजनीतिक रूप न दिया जा सके। जगह-जगह तैनात पुलिसकर्मी आईडी चेक कर ही गांव में आने-जाने दे रहे थे। कड़ी चौकसी के बावजूद विहिप जिलाध्यक्ष अपने साथियों के साथ कब और कैसे दलित समाज के बीच पहुंच गए, इसकी किसी को भनक तक नहीं लगी।
दिलासा देते रहे अधिकारी और नेता
नजीबाबाद। डीएम जगतराज, एसपी प्रभाकर चौधरी, सीडीओ डॉ.इंद्रमणि त्रिपाठी की मौजूदगी में सांसद डॉ.यशवंत सिंह ने दलित समाज के लोगों प्रवीण सिंह, रामशरण सिंह, कृष्ण कुमार, जयराम सिंह, दयाराम सिंह, दिलेराव सिंह के साथ बात की। सांसद ने स्पष्ट किया कि मामला अभी उच्च न्यायालय में विचाराधीन है। न्यायालय से कोई गाइड लाइन मिलने पर ही प्रशासन निजी स्तर पर प्रकरण में कोई फढैसला ले सकेगा। सांसद कुंवर भारतेंद्र सिंह एवं भाजपा जिलाध्यक्ष राजीव सिसौदिया ने भी दलितों की भावनाओं को सम्मान देते हुए उनसे सांप्रदायिक सद्भाव की अपील की।