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मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन, समान शिक्षा पद्यति लागू कराने की मांग
Updated Sat, 14 Jul 2018 12:54 AM IST
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समान पाठ्यक्रम और समान शिक्षा लागू हो
नजीबाबाद। बार संघ के पूर्व संयुक्त सचिव के नेतृत्व में मुख्यमंत्री को अधिवक्ताओं की ओर से पत्र भेजा गया है। प्रशासनिक अधिकारी के माध्यम से भेजे गए पत्र में अधिवक्ताओं और समाजसेवियों ने समान शिक्षा पद्धति लागू किए जाने की मांग की है।
बार संघ के पूर्व संयुक्त सचिव देवप्रताप सिंह, घनश्याम सिंह, धर्मवीर सिंह, देवेंद्र कुमार, सुधीर कुमार चौहान, उदयवीर सिंह, सुभाष, सौरभ, विजय शंकर की ओर से मुख्यमंत्री को पत्र भेजा गया है। जिसमें सीबीएसई, आईसीएसई का पाठ्यक्रम एक समान किए जाने, समान फीस प्रणाली लागू करने और अनिवार्य शिक्षा के अंतर्गत सबको शिक्षा मुहैया कराने के लिए शिक्षा के व्यवसायीकरण को रोकने की मांग की। अधिवक्ताओं ने मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में शिक्षा के अधिकार अधिनियमों की धज्जियां उड़ाने वालों पर कम से कम 25 हजार रुपये अर्थदंड लगाने की भी मांग की गई है। अंग्रेजी माध्यम स्कूलों में शिक्षा के अधिकार अधिनियम 2009 के अंतर्गत आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को निशुल्क शिक्षा दिलवाने की भी मांग की गई है।
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नजीबाबाद। बार संघ के पूर्व संयुक्त सचिव के नेतृत्व में मुख्यमंत्री को अधिवक्ताओं की ओर से पत्र भेजा गया है। प्रशासनिक अधिकारी के माध्यम से भेजे गए पत्र में अधिवक्ताओं और समाजसेवियों ने समान शिक्षा पद्धति लागू किए जाने की मांग की है।
बार संघ के पूर्व संयुक्त सचिव देवप्रताप सिंह, घनश्याम सिंह, धर्मवीर सिंह, देवेंद्र कुमार, सुधीर कुमार चौहान, उदयवीर सिंह, सुभाष, सौरभ, विजय शंकर की ओर से मुख्यमंत्री को पत्र भेजा गया है। जिसमें सीबीएसई, आईसीएसई का पाठ्यक्रम एक समान किए जाने, समान फीस प्रणाली लागू करने और अनिवार्य शिक्षा के अंतर्गत सबको शिक्षा मुहैया कराने के लिए शिक्षा के व्यवसायीकरण को रोकने की मांग की। अधिवक्ताओं ने मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में शिक्षा के अधिकार अधिनियमों की धज्जियां उड़ाने वालों पर कम से कम 25 हजार रुपये अर्थदंड लगाने की भी मांग की गई है। अंग्रेजी माध्यम स्कूलों में शिक्षा के अधिकार अधिनियम 2009 के अंतर्गत आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को निशुल्क शिक्षा दिलवाने की भी मांग की गई है।
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