13 दिन से थी लापता: भदोही में कुएं से मिला बोरी में बंद युवती का शव, हाथ-पैर बांधकर निर्दयता से हत्या
भदोही जिले के ऊंज थाना क्षेत्र के सोबरी गांव स्थित एक कुएं से बोरी में बंद युवती का शव मिला। जिस युवती का शव मिला वो 13 दिन से लापता थी।
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यूपी के भदोही जिले के ऊंज थाना क्षेत्र के सोबरी गांव स्थित एक कुएं से भयानक बदबू आने लगी। ग्रामीणों ने देखा तो कुएं में बोरी थी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शुक्रवार शाम ग्रामीणों की मदद से बोरी को बाहर निकाला और उसे खोला तो सभी के होश उड़ गए। बोरी में एक युवती का शव था, जिसके हाथ-पैर बंधे हुए थे। इस बात की सूचना फैलते ही इलाके में सनसनी मच गई।
घटनास्थल पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। शनिवार सुबह मृतका की शिनाख्त गोपीगंज कोतवाली क्षेत्र के शिखापुर निवासी शशिकला (18) के तौर पर हुई। वह 13 दिन से लापता थी। परिजनों ने अपहरण कर हत्या और शव को बोरे में बांधकर कुएं में फेंके जाने का आरोप लगाया है। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इधर, शव मिलने के बाद से परिजनों में कोहराम मचा है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को मिला तो उन्होंने कठौता-दुर्गागंज मार्ग पर शिखापुर चौराहे पर शव रखकर सड़क जाम कर दिया। मौके पर पुलिस मौजूद है।
पिछले साल हुई थी शादी
शिखापुर गांव निवासी श्याम किशोर पांडेय की पुत्री शशिकला की शादी बीते साल मई माह में हुई थी। गौना नहीं होने के कारण वह मायके में रह रही थी। श्याम किशोर के मुताबिक, 14 मई की शाम करीब साढ़े सात बजे शशिकला किसी काम से घर से बाहर निकली लेकिन वापस नहीं लौटी।
...तो जिंदा होती मेरी बेटी
श्याम किशोर ने बताया कि शनिवार सुबह सूचना मिली कि घर से करीब 15 किमी दूर ऊंज थाना क्षेत्र में एक युवती का शव मिला है। मौके पर पहुंचे तो शव मेरी बेटी का था। उन्होंने पुलिस पर आरोप लगाया कि यदि नामजद मुकदमा दर्ज कर आरोपियों को पकड़ा गया होता तो शायद उनकी बेटी जिंदा होती।
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार ने कहा कि इस मामले में दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। बताया कि शुक्रवार शाम को ही बोरे में बंधा हुआ शव बरामद किया गया था। जिस युवती का शव है वह गोपीगंज कोतवाली क्षेत्र की रहने वाली है।
एसओ पर पिटाई करने की धमकी देने का आरोप
घटना के बाद गांव में जुटी भीड़ के बीच युवती की मां ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाया। कहा कि 14 मई को बेटी के गायब होने के बाद जब दो दिन तक चौकी पुलिस इधर-उधर करती रही तो वह खुद थाने गई। वहां एसओ से बात हुई तो उन्होंने कहा कि नामजद मुकदमा दर्ज नहीं हुआ। अज्ञात में होगा।
जब महिला ने कहा कि इन्हीं दोनों पर शक है इसलिए नामजद मुकदमा दर्ज किया जाए तो एसओ ने थप्पड़ मारने की धमकी दी। और कहा उल्टा सीधा करोगी तो तुम्हारे खिलाफ भी मुकदमा हो जाएगा। इस मामले में प्रभारी निरीक्षक बृजेश सिंह ने कहा कि परिवार के लोग क्या आरोप लगा रहे हैं यह नहीं पता है, लेकिन उस दिन मुकदमा दर्ज किया गया था। डांटने या भगाने का आरोप गलत है।
दो घंटे तक रहा जाम, एसडीएम व सीओ ने दिया आश्वासन
युवती की हत्या के मामले को लेकर सड़क जाम करने वाले करीब दो घंटे तक सड़क पर डटे रहे। इस दौरान पुलिस के खिलाफ नारे भी लगाए। शाम करीब साढ़े दह बजे एसडीएम ज्ञानपुर योगेंद्र कुमार और सीओ ज्ञानपुर भुवनेश्वर पांडेय ने परिवार के लोगों को आश्वासन दिया कि हत्यारोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। यदि पुलिस की भूमिका संदिग्ध मिलती है या लापरवाही सामने आती है तो कार्रवाई होगी। दोनों अधिकारियों के आश्वासन पर जाम समाप्त हुआ।