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नाटकीय ढंग से सेमरा का पूर्व प्रधान गिरफ्तार
Updated Wed, 06 Dec 2017 12:21 AM IST
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ज्ञानपुर (भदोही)।
14 लोगों को फर्जी तरीके से पट्टा आवंटन करने के मामले में फंसे अभोली विकास खंड के सेमरा हरिकरनपुर गांव के पूर्व प्रधान मेवालाल को मंगलवार को सुरियावां स्टेशन के पास नाटकीय ढंग से पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। जेएम प्रथम की अदालत ने माह भर पहले पूर्व प्रधान के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया था। उसके बाद से लगातार पुलिस दबिश दे रही थी। आरोपी पूर्व प्रधान ट्रेन पकड़कर कहीं भागने की फिराक में था।
सुरियावां स्टेशन के पूर्वी छोर के समीप मंगलवार सुबह करीब 10 बजे कुछ लोग अचानक एक व्यक्ति को चोर-चोर कहकर दौड़ाने लगे। यह देख बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए और उसे पकड़ लिया। खबर मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल की तो वह सेमरा का पूर्व प्रधान निकला। बताया जाता है कि गांव के ही कुछ लोग उसकी लगातार निगरानी कर रहे थे। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उसे जेल भेज दिया। क्षेत्राधिकारी भदोही अभिषेक पांडेय ने कहा कि पूर्व प्रधान की गिरफ्तारी कर ली गई है। कोर्ट को इसकी जानकारी दी जाएगी। बताते चलें कि अभोली विकास खंड के सेमरा गांव के तत्कालीन ग्राम प्रधान मेवालाल ने 1996 में गांव के 14 लोगों को तालाब की जमीन पर गलत तरीके से पट्टे का आवंटन कर दिया था। गांव के वंशराज पुत्र जयनाथ आदि ने जिलाधिकारी से जनता दर्शन में शिकायत की। डीएम ने इस मामले की जांच एसडीएम भदोही को सौंपी। जांच में पट्टे का आवंटन फर्जी निकला। तहसीलदार की जांच रिपोर्ट पर एसडीएम भदोही आशीष कुमार ने आवंटन को निरस्त कर भूमि को तालाब की जमीन में अंकित करने का निर्देश दिया। जालसाजी के मामले में राजस्व विभाग की संस्तुति पर पूर्व प्रधान मेवालाल के खिलाफ दुर्गागंज थाने में जालसाजी का मुकदमा दर्ज किया गया। इस प्रकरण में पखवारे भर पूर्व दुर्गागंज पुलिस ने 100 पन्ने की चार्जशीट न्यायालय में प्रस्तुत किया। जेएम प्रथम पवन सिंह की अदालत ने चार्जशीट के आधार पर पूर्व प्रधान के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया था। वारंट जारी होने के बाद पुलिस लगातार गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही थी और उसे मंगलवार को सफलता मिल गई।
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14 लोगों को फर्जी तरीके से पट्टा आवंटन करने के मामले में फंसे अभोली विकास खंड के सेमरा हरिकरनपुर गांव के पूर्व प्रधान मेवालाल को मंगलवार को सुरियावां स्टेशन के पास नाटकीय ढंग से पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। जेएम प्रथम की अदालत ने माह भर पहले पूर्व प्रधान के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया था। उसके बाद से लगातार पुलिस दबिश दे रही थी। आरोपी पूर्व प्रधान ट्रेन पकड़कर कहीं भागने की फिराक में था।
सुरियावां स्टेशन के पूर्वी छोर के समीप मंगलवार सुबह करीब 10 बजे कुछ लोग अचानक एक व्यक्ति को चोर-चोर कहकर दौड़ाने लगे। यह देख बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए और उसे पकड़ लिया। खबर मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल की तो वह सेमरा का पूर्व प्रधान निकला। बताया जाता है कि गांव के ही कुछ लोग उसकी लगातार निगरानी कर रहे थे। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उसे जेल भेज दिया। क्षेत्राधिकारी भदोही अभिषेक पांडेय ने कहा कि पूर्व प्रधान की गिरफ्तारी कर ली गई है। कोर्ट को इसकी जानकारी दी जाएगी। बताते चलें कि अभोली विकास खंड के सेमरा गांव के तत्कालीन ग्राम प्रधान मेवालाल ने 1996 में गांव के 14 लोगों को तालाब की जमीन पर गलत तरीके से पट्टे का आवंटन कर दिया था। गांव के वंशराज पुत्र जयनाथ आदि ने जिलाधिकारी से जनता दर्शन में शिकायत की। डीएम ने इस मामले की जांच एसडीएम भदोही को सौंपी। जांच में पट्टे का आवंटन फर्जी निकला। तहसीलदार की जांच रिपोर्ट पर एसडीएम भदोही आशीष कुमार ने आवंटन को निरस्त कर भूमि को तालाब की जमीन में अंकित करने का निर्देश दिया। जालसाजी के मामले में राजस्व विभाग की संस्तुति पर पूर्व प्रधान मेवालाल के खिलाफ दुर्गागंज थाने में जालसाजी का मुकदमा दर्ज किया गया। इस प्रकरण में पखवारे भर पूर्व दुर्गागंज पुलिस ने 100 पन्ने की चार्जशीट न्यायालय में प्रस्तुत किया। जेएम प्रथम पवन सिंह की अदालत ने चार्जशीट के आधार पर पूर्व प्रधान के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया था। वारंट जारी होने के बाद पुलिस लगातार गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही थी और उसे मंगलवार को सफलता मिल गई।
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