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विकास से उपेक्षित ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन
Updated Sun, 16 Jul 2017 12:43 AM IST
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ज्ञानपुर (भदोही)। डीघ विकास खंड के दशारामपट्टी गांव की सगरा बस्ती के ग्रामीणों ने विकास न होने का आरोप लगाकर कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। आरोप लगाया कि परिसीमन में दशारामपुर में अलग गांव शिवनाथपट्टी बन गया। दोनो गावों के चक्कर में सगरा बस्ती में आजादी के 70 साल बाद भी विकास नहीं हो सका। जिससे लोगों को मूलभूत सुविधाओं के लिए जूझना पड़ता है। डीएम को प्रार्थना पत्र देकर अविलंब विकास के लिए ठोस कार्रवाई की मांग की गई।
ग्रामीणों ने कहा कि दशारामपट्टी के सगरा बस्ती में करीब आठ सौ लोग रहते हैं। यहां राजनीतिक फायदे के लिए आधी बस्ती को दशारामपट्टी जबकि आधी को मरसड़ा में शामिल किया गया है।
आठ सौ की आबादी होने के बाद भी शिवनाथपट्टी और मरसड़ा के ग्राम प्रधान की ओर से कोई विकास बस्ती में नहीं कराया जा रहा है। शौचालय, हैंडपंप समेत अन्य विकास से बस्ती अछूती है। स्थिति यह है कि बारिश के दिनों में लोग कीचड़ से होकर अपने घरों में पहुंचते हैं। 2014 के लोकसभा और 2017 के विधानसभा चुनाव में बस्ती के लोगों ने मतदान के बहिष्कार की चेतावनी दी थी हालांकि प्रशासन की ओर से ठोस आश्वासन दिया गया कि विकास कराया जाएगा। समय गुजरने के बाद आज तक विकास नहीं हो सका। ग्रामीणों ने बस्ती के विकास के लिए जिलाधिकारी से गुहार लगाई। प्रदर्शन करने वालों में प्रमोद तिवारी, अतुल बिंद, महेंद्र गुप्ता, कड़ेदीन, विष्णु तिवारी, विद्याचरण, धर्मा देवी, सरिता, अवध नारायण, ममता तिवारी, राधे तिवारी,बबलू गुप्ता समेत कई लोग रहे।
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ग्रामीणों ने कहा कि दशारामपट्टी के सगरा बस्ती में करीब आठ सौ लोग रहते हैं। यहां राजनीतिक फायदे के लिए आधी बस्ती को दशारामपट्टी जबकि आधी को मरसड़ा में शामिल किया गया है।
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आठ सौ की आबादी होने के बाद भी शिवनाथपट्टी और मरसड़ा के ग्राम प्रधान की ओर से कोई विकास बस्ती में नहीं कराया जा रहा है। शौचालय, हैंडपंप समेत अन्य विकास से बस्ती अछूती है। स्थिति यह है कि बारिश के दिनों में लोग कीचड़ से होकर अपने घरों में पहुंचते हैं। 2014 के लोकसभा और 2017 के विधानसभा चुनाव में बस्ती के लोगों ने मतदान के बहिष्कार की चेतावनी दी थी हालांकि प्रशासन की ओर से ठोस आश्वासन दिया गया कि विकास कराया जाएगा। समय गुजरने के बाद आज तक विकास नहीं हो सका। ग्रामीणों ने बस्ती के विकास के लिए जिलाधिकारी से गुहार लगाई। प्रदर्शन करने वालों में प्रमोद तिवारी, अतुल बिंद, महेंद्र गुप्ता, कड़ेदीन, विष्णु तिवारी, विद्याचरण, धर्मा देवी, सरिता, अवध नारायण, ममता तिवारी, राधे तिवारी,बबलू गुप्ता समेत कई लोग रहे।
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