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जिंदगी के अंतिम जंग में साथ रहे अजय-अंशू
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औराई। मिर्जापुर के भोगांव घाट पर शनिवार की सुबह दो दोस्तों के गंगा में डूबने की घटना ने लोगों को झकझोर कर रख दिया। कठारी के अजय और भोगांव के अंशू की दोस्ती की बात कहते कोई नहीं थक रहा था। जिंदगी के अंतिम जंग में भी दोनों साथ रहे। दोनों दोस्तों के ढूंढने में मिर्जापुर प्रशासन की ओर से बरती गई उदासीनता को लेकर लोगों में नाराजगी दिखी।
औराई कोतवाली के कठारी निवासी अजय यादव (19) पुत्र मिलन यादव और भोगांव निवासी अंशू (17) पुत्र पन्नालाल यादव के बीच गहरी दोस्ती थी। शनिवार की सुबह घर से दो किलोमीटर दूर भोगांव अंशू के घर अजय मिलने गया। उसी दौरान दोनों ने गंगा स्नान का मन बनाया। दोनों ने एक साथ गंगा जी में डुबकी लगाई और फिर ऊपर नहीं आए। आसपास स्नान कर रहे लोगों ने दोनों युवकों को वहां नहीं देखा तो अवाक रह गए। सूचना मिलने के बाद दोनों के घर के लोग वहां पहुंच गए। खबर मिलते ही मिर्जापुर के चील्ह थाने की पुलिस गोताखोरों के साथ मौके पर पहुंची। कुछ देर तक शव को ढूंढने का प्रयास कर टीम वहां से लौट गई। जिसको लेकर आसपास के लोगों में गहरी नाराजगी है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि गोताखोरों की टीम और पुलिस सिर्फ खानापूर्ति करने के लिए आई थी। वहीं दूसरी ओर घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। बताया जाता है कि अजय और अंशू में काफी गहरी दोस्ती थी। दोनों खेलकूद से लेकर पढ़ने तक एक साथ जाते थे। कोई भी काम होता था कि दोनों मिलकर ही करते थे।
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औराई कोतवाली के कठारी निवासी अजय यादव (19) पुत्र मिलन यादव और भोगांव निवासी अंशू (17) पुत्र पन्नालाल यादव के बीच गहरी दोस्ती थी। शनिवार की सुबह घर से दो किलोमीटर दूर भोगांव अंशू के घर अजय मिलने गया। उसी दौरान दोनों ने गंगा स्नान का मन बनाया। दोनों ने एक साथ गंगा जी में डुबकी लगाई और फिर ऊपर नहीं आए। आसपास स्नान कर रहे लोगों ने दोनों युवकों को वहां नहीं देखा तो अवाक रह गए। सूचना मिलने के बाद दोनों के घर के लोग वहां पहुंच गए। खबर मिलते ही मिर्जापुर के चील्ह थाने की पुलिस गोताखोरों के साथ मौके पर पहुंची। कुछ देर तक शव को ढूंढने का प्रयास कर टीम वहां से लौट गई। जिसको लेकर आसपास के लोगों में गहरी नाराजगी है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि गोताखोरों की टीम और पुलिस सिर्फ खानापूर्ति करने के लिए आई थी। वहीं दूसरी ओर घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। बताया जाता है कि अजय और अंशू में काफी गहरी दोस्ती थी। दोनों खेलकूद से लेकर पढ़ने तक एक साथ जाते थे। कोई भी काम होता था कि दोनों मिलकर ही करते थे।
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