{"_id":"5ceae1c0bdec2207315b6d11","slug":"155889713720-basti-news54","type":"story","status":"publish","title_hn":"फोटो... बेयरिंग,कपलिंग खराब, आधे शहर की जलापूर्ति ठप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फोटो... बेयरिंग,कपलिंग खराब, आधे शहर की जलापूर्ति ठप
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बेयरिंग, कपलिंग खराब, आधे शहर की जलापूर्ति ठप
फोटो...
- कटरा पानी टंकी के पंप में आई खराबी से बढ़ी समस्या
- कुआनों के आसपास के मोहल्लों में घरेलू पंप सूखे
- जल स्तर काफी नीचे जाने से इलाके के लोग परेशान
अमर उजाला ब्यूरो
बस्ती। भीषण गर्मी में शहर के कुआनो नदी से सटे इलाकों में पेयजल संकट खड़ा हो गया है। पीने के पानी के अलावा रोजमर्रा के कार्य में लोगों को परेशानी हो रही है। सबसे ज्यादा दिक्कत पुराना डाकखाना, सिविल लाइंस, कटरा, डमरुआ आदि मोहल्लों में है। अभी से ही इन क्षेत्रों का जलस्तर काफी नीचे चला गया है, जिससे घरेलू हैंड पंप व विद्युत मोटर पानी उठाने में सक्षम नहीं हो रहे हैं। सिर्फ समरसिबल पंप वालों की टंकी ही भर रही है।
नगर पालिका में 18 हजार मकान रजिस्टर्ड हैं। जबकि पालिका क्षेत्र की आबादी एक लाख 20 हजार है। लगभग 10 हजार घरों तक ही पेयजल आपूर्ति का कनेक्शन है। शेष घरों में लोग निजी हैंडपंप से काम चलाते हैं। वाटर लेवल नीचे होने से कम गहराई वाले हैंडपंप सूख रहे हैं।
संसाधन मौजूद, पानी को तरह रहे लोग
शहरी की जलापूर्ति के लिए जल-कल विभाग ने 21 ट्यूबवेल के अलावा आठ ओवरहेड टैंक बना रखा है। दो रि-स्टोरेज आफ वाटर यानी सीआरडब्लू प्लांट हैं। लेकिन विभाग पानी मुहैया कराने में विफल है। जलकल के अवर अभियंता योगेंद्र तिवारी ने बताया कि पंप की बेयरिंग-कपलिंग खराब होने से दो दिन से पंप नहीं चलाया जा रहा है। उसके मरम्मत का कार्य चल रहा है। उम्मीद है कि सोमवार को आपूर्ति नियमित करा दी जाएगी।
विज्ञापन
---------
डीएम की हिदायत की अनसुनी
- 20 अप्रैल को शहर के जलापूर्ति का जायजा लेने निकले डीएम डॉ. राजशेखर ने गर्मी के सीजन में समय से निर्वाध जलापूर्ति के लिए 24 घंटे कर्मचारी तैनात करने को कहा था। लेकिन इस निर्देश को विभाग ने हवा में उड़ा दिया गया।
-----------
सार्वजनिक हैंडपंप भी सूखे
- शहर के 10 प्रमुख स्थानों पर लगे इंडिया मार्क-टू हैंडपंप सूख गए हैं। इन्हें रीबोर किया जाना है लेकिन अभी तक कवायद शुरू नहीं हो पाई है। अवर अभियंता जलकल योगेंद्रनाथ त्रिपाठी के मुुताबिक रेलवे स्टेशन, हनुमान मंदिर, जिला अस्पताल, एसपी ऑफिस, तुर्कहिया धोबी टोला, महरीखावां कालीमंदिर, मिश्रौलिया शिवमंदिर, रौता अमरूदबाग, कटरा पानी टंकी, पुराना डाकखाना आदि क्षेत्रों के कई हैंडपंप खराब हैं।
-------------
शहर की व्यवस्था एक नजर में
- आबादी - एक लाख 20 हजार
- शहर में कुल 21 हजार घर
- पेयजल कनेक्शन 11 हजार
- दिसंबर तक बाकी घरों के कनेक्शन का लक्ष्य
विज्ञापन
फोटो...
- कटरा पानी टंकी के पंप में आई खराबी से बढ़ी समस्या
- कुआनों के आसपास के मोहल्लों में घरेलू पंप सूखे
- जल स्तर काफी नीचे जाने से इलाके के लोग परेशान
अमर उजाला ब्यूरो
बस्ती। भीषण गर्मी में शहर के कुआनो नदी से सटे इलाकों में पेयजल संकट खड़ा हो गया है। पीने के पानी के अलावा रोजमर्रा के कार्य में लोगों को परेशानी हो रही है। सबसे ज्यादा दिक्कत पुराना डाकखाना, सिविल लाइंस, कटरा, डमरुआ आदि मोहल्लों में है। अभी से ही इन क्षेत्रों का जलस्तर काफी नीचे चला गया है, जिससे घरेलू हैंड पंप व विद्युत मोटर पानी उठाने में सक्षम नहीं हो रहे हैं। सिर्फ समरसिबल पंप वालों की टंकी ही भर रही है।
नगर पालिका में 18 हजार मकान रजिस्टर्ड हैं। जबकि पालिका क्षेत्र की आबादी एक लाख 20 हजार है। लगभग 10 हजार घरों तक ही पेयजल आपूर्ति का कनेक्शन है। शेष घरों में लोग निजी हैंडपंप से काम चलाते हैं। वाटर लेवल नीचे होने से कम गहराई वाले हैंडपंप सूख रहे हैं।
विज्ञापन
संसाधन मौजूद, पानी को तरह रहे लोग
शहरी की जलापूर्ति के लिए जल-कल विभाग ने 21 ट्यूबवेल के अलावा आठ ओवरहेड टैंक बना रखा है। दो रि-स्टोरेज आफ वाटर यानी सीआरडब्लू प्लांट हैं। लेकिन विभाग पानी मुहैया कराने में विफल है। जलकल के अवर अभियंता योगेंद्र तिवारी ने बताया कि पंप की बेयरिंग-कपलिंग खराब होने से दो दिन से पंप नहीं चलाया जा रहा है। उसके मरम्मत का कार्य चल रहा है। उम्मीद है कि सोमवार को आपूर्ति नियमित करा दी जाएगी।
विज्ञापन
---------
डीएम की हिदायत की अनसुनी
- 20 अप्रैल को शहर के जलापूर्ति का जायजा लेने निकले डीएम डॉ. राजशेखर ने गर्मी के सीजन में समय से निर्वाध जलापूर्ति के लिए 24 घंटे कर्मचारी तैनात करने को कहा था। लेकिन इस निर्देश को विभाग ने हवा में उड़ा दिया गया।
-----------
सार्वजनिक हैंडपंप भी सूखे
- शहर के 10 प्रमुख स्थानों पर लगे इंडिया मार्क-टू हैंडपंप सूख गए हैं। इन्हें रीबोर किया जाना है लेकिन अभी तक कवायद शुरू नहीं हो पाई है। अवर अभियंता जलकल योगेंद्रनाथ त्रिपाठी के मुुताबिक रेलवे स्टेशन, हनुमान मंदिर, जिला अस्पताल, एसपी ऑफिस, तुर्कहिया धोबी टोला, महरीखावां कालीमंदिर, मिश्रौलिया शिवमंदिर, रौता अमरूदबाग, कटरा पानी टंकी, पुराना डाकखाना आदि क्षेत्रों के कई हैंडपंप खराब हैं।
-------------
शहर की व्यवस्था एक नजर में
- आबादी - एक लाख 20 हजार
- शहर में कुल 21 हजार घर
- पेयजल कनेक्शन 11 हजार
- दिसंबर तक बाकी घरों के कनेक्शन का लक्ष्य