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मार्च के पहले हफ्ते तक चलेगी शीतलहरी
बरेली
Updated Tue, 20 Jan 2015 01:22 AM IST
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इस बार सर्दी पिछले सालों के मुकाबले 15 दिन ज्यादा पड़ेगी। इसलिए, मार्च के पहले हफ्ते तक बर्फीली हवाओं के साथ ठंड के बने रहने की संभावना है। बुधवार से पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव भी शुरू हो रहा है। इसके चलते कुछ इलाकों में बारिश और पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी के आसार हैं।
तीन-चार दिनों से सूरज की किरण पृथ्वी तक न पहुंचने की वजह से ठंड कुछ ज्यादा ही हो रही है। पंतनगर विश्वविद्यालय के डॉ. एचएस कुशवाहा ने बताया कि मंगलवार को भी ऐसा ही तापमान रहेगा। बुधवार दोपहर से पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव शुरू हो जाएगा। इसके चलते रामपुर, बरेली, पीलीभीत, मुरादाबाद, बदायूं में पांच से 10 मिलीमीटर तक बारिश होने की संभावना है। पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी दोनों ही होने के आसार हैं। कोहरा ज्यादा पड़ने की वजह से कोहरे की परत ऊपर जम गई है। इसकी वजह से सूरज की किरणें पृथ्वी पर नहीं पहुंच पा रही हैं। वहीं उत्तर पश्चिमी दिशा से आ रही हवाएं पहाड़ से नमी लेकर आ रही हैं। नमी के साथ चलने वाली हवाओं के चलते कोहरा ज्यादा पड़ रहा है। उन्होेंने बताया कि इस बार बर्फबारी ज्यादा होने की वजह से ठंड भी पिछले सालों के मुकाबले ज्यादा होगी। पहाड़ी इलाकों में अभी और बर्फबारी होगी। बर्फबारी के बाद जब धूप खिलेगी तो बर्फ पिघलेगी जिसका असर मैदानी क्षेत्रों पर भी पड़ेगा। इससे हवा ठंडी हो जाएंगी। इसलिए सर्दी का प्रभाव मार्च के पहले हफ्ते तक महसूस किया जाएगा।
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तीन-चार दिनों से सूरज की किरण पृथ्वी तक न पहुंचने की वजह से ठंड कुछ ज्यादा ही हो रही है। पंतनगर विश्वविद्यालय के डॉ. एचएस कुशवाहा ने बताया कि मंगलवार को भी ऐसा ही तापमान रहेगा। बुधवार दोपहर से पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव शुरू हो जाएगा। इसके चलते रामपुर, बरेली, पीलीभीत, मुरादाबाद, बदायूं में पांच से 10 मिलीमीटर तक बारिश होने की संभावना है। पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी दोनों ही होने के आसार हैं। कोहरा ज्यादा पड़ने की वजह से कोहरे की परत ऊपर जम गई है। इसकी वजह से सूरज की किरणें पृथ्वी पर नहीं पहुंच पा रही हैं। वहीं उत्तर पश्चिमी दिशा से आ रही हवाएं पहाड़ से नमी लेकर आ रही हैं। नमी के साथ चलने वाली हवाओं के चलते कोहरा ज्यादा पड़ रहा है। उन्होेंने बताया कि इस बार बर्फबारी ज्यादा होने की वजह से ठंड भी पिछले सालों के मुकाबले ज्यादा होगी। पहाड़ी इलाकों में अभी और बर्फबारी होगी। बर्फबारी के बाद जब धूप खिलेगी तो बर्फ पिघलेगी जिसका असर मैदानी क्षेत्रों पर भी पड़ेगा। इससे हवा ठंडी हो जाएंगी। इसलिए सर्दी का प्रभाव मार्च के पहले हफ्ते तक महसूस किया जाएगा।
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