{"_id":"5ad208ea4f1c1b57098b478d","slug":"51523714282-bareilly-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"वारदात पे वारदात, खुलासे को तरस रहे ग्रामीण..","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
वारदात पे वारदात, खुलासे को तरस रहे ग्रामीण..
Updated Sun, 15 Apr 2018 07:55 PM IST
विज्ञापन
डकैती व लूटपाट की घटनाओं
का खुलासा न होने से दहशत
पुलिस कार्रवाई का आज भी है लोगों को इंतजार
अमर उजाला ब्यूरो
बिसौली (बदायूं)।
सिसरका और परमानंदपुर में हुई डकैती की वारदात से तहसील क्षेत्र में दहशत है। पिछले दिनों हुई लूटपाट की अधिकतर घटनाओं का अब तक खुलासा नहीं हुआ है। लूटपाट के शिकार भुक्तभोगी आज भी पुलिस कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं परंतु हर मामले में पुलिस की लापरवाही उजागर हुई है।
24 जनवरी 2018 को हथियार बंद बदमाशों ने चीनी व्यापारी सर्वेश माहेश्वरी के घर डाका डाला था। बदमाश एक घंटे तक परिजनों को बंधक बनाए रहे और करीब 12 लाख रुपये लूट कर ले गए। यह घटना दबतोरी चौकी से मात्र 200 मीटर की दूरी पर हुई थी। उस दिन भी यूपी 100 पुलिस धोखा दे गई थी। दूसरी घटना 22 मार्च की रात कोतवाली क्षेत्र के गांव परसिया और पृथ्वीपुर में हुई थी। यहां दो घरों में जमकर लूटपाट हुई, लेकिन पुलिस मौके पर नहीं पहुंची। इसी रात वजीरगंज थाना क्षेत्र में बेखौफ बदमाशों ने बस यात्रियों को बंधक बनाकर लूटपाट की। यहां सूचना देने के बावजूद पुलिस समय पर नहीं पहुंच सकी। 14 मार्च की रात बदमाशों ने फैजगंज बेहटा थाना क्षेत्र के गांव नरौरी नरौरा के चार घरों में लूटपाट की थी। बदमाश मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में मिले सामान को भी लूट ले गए थे। कई बार पुलिस को फोन किया, लेकिन यूपी 100 पुलिस समय पर नहीं पहुंची। फैजगंज बेहटा के ग्राम परमानंदपुर और सिसरका में हुई लूटपाट की वारदात ने पुलिस की लापरवाही की पोल ही खोलकर रख दी। डेढ़ घंटे तक बदमाश पूरे गांव में उत्पात मचाते रहे और पुलिस को खुली चुनौती देते रहे, लेकिन पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी। जबकि परमानंदपुर से मात्र पांच सौ मीटर दूर यूपी 100 पुलिस की गाड़ी खड़ी थी। इसके बावजूद ग्रामीण लुटते रहे। पूरे तहसील क्षेत्र में बदमाशों ने कानून व्यवस्था को फेल कर दिया है। बदमाश बेखौफ होकर घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं।
विज्ञापन
का खुलासा न होने से दहशत
पुलिस कार्रवाई का आज भी है लोगों को इंतजार
अमर उजाला ब्यूरो
बिसौली (बदायूं)।
सिसरका और परमानंदपुर में हुई डकैती की वारदात से तहसील क्षेत्र में दहशत है। पिछले दिनों हुई लूटपाट की अधिकतर घटनाओं का अब तक खुलासा नहीं हुआ है। लूटपाट के शिकार भुक्तभोगी आज भी पुलिस कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं परंतु हर मामले में पुलिस की लापरवाही उजागर हुई है।
24 जनवरी 2018 को हथियार बंद बदमाशों ने चीनी व्यापारी सर्वेश माहेश्वरी के घर डाका डाला था। बदमाश एक घंटे तक परिजनों को बंधक बनाए रहे और करीब 12 लाख रुपये लूट कर ले गए। यह घटना दबतोरी चौकी से मात्र 200 मीटर की दूरी पर हुई थी। उस दिन भी यूपी 100 पुलिस धोखा दे गई थी। दूसरी घटना 22 मार्च की रात कोतवाली क्षेत्र के गांव परसिया और पृथ्वीपुर में हुई थी। यहां दो घरों में जमकर लूटपाट हुई, लेकिन पुलिस मौके पर नहीं पहुंची। इसी रात वजीरगंज थाना क्षेत्र में बेखौफ बदमाशों ने बस यात्रियों को बंधक बनाकर लूटपाट की। यहां सूचना देने के बावजूद पुलिस समय पर नहीं पहुंच सकी। 14 मार्च की रात बदमाशों ने फैजगंज बेहटा थाना क्षेत्र के गांव नरौरी नरौरा के चार घरों में लूटपाट की थी। बदमाश मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में मिले सामान को भी लूट ले गए थे। कई बार पुलिस को फोन किया, लेकिन यूपी 100 पुलिस समय पर नहीं पहुंची। फैजगंज बेहटा के ग्राम परमानंदपुर और सिसरका में हुई लूटपाट की वारदात ने पुलिस की लापरवाही की पोल ही खोलकर रख दी। डेढ़ घंटे तक बदमाश पूरे गांव में उत्पात मचाते रहे और पुलिस को खुली चुनौती देते रहे, लेकिन पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी। जबकि परमानंदपुर से मात्र पांच सौ मीटर दूर यूपी 100 पुलिस की गाड़ी खड़ी थी। इसके बावजूद ग्रामीण लुटते रहे। पूरे तहसील क्षेत्र में बदमाशों ने कानून व्यवस्था को फेल कर दिया है। बदमाश बेखौफ होकर घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं।
विज्ञापन