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राइफल क्लब के चुनाव की मांग ने जोर पकड़ा
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बरेली। राइफल क्लब में नेताओं की दखलंदाजी से परेशान शूटर्स ने कार्यकारिणी का नए सिरे से चुनाव कराने की मांग की है। शूटर्स ने केंद्रीय खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौर के अलावा नेशनल और स्टेट एसोसिएशन के अध्यक्षों को भी पत्र लिखा है। इसमें क्लब की दुर्दशा सुधारने के लिए कार्यकारिणी का चुनाव कराने की मांग की गई है।
शूटर्स ने कहा कि राइफल क्लब में सत्ता की ताकत से कार्यकारिणी के संरक्षक बने नेता खेल और खिलाड़ियों का बहुत नुकसान कर रहे हैं। 45 साल पहले बने राइफल क्लब में हर साल लाखों का बजट अनाप-शनाप और पुरानी मशीनों की खरीद में खर्च करके महज खानापूरी की जाती है। शूटर्स के अनुसार सरकार ओलंपिक के लिए नए शूटर्स तैयार करने पर जोर दे रही है, लेकिन ओलंपिक में शूटर्स लिपोर्टे मशीन का इस्तेमाल करते हैं, इसकी क्षमता 250 क्लेवर्ड की होती है। यह मशीन कई एंगल फेंक सकती है। इस मशीन को अलग-अलग टेबल पर चलाया जा सकता है। यह मशीनें केवल आवाज से चलती हैं। इसके विपरीत राइफल क्लब में शूटर्स के लिए जो मशीनें खरीदी गई हैं, वह आउट डेटेड हैं। इनकी क्षमता भी कम है और इनको आवाज से नहीं चलाया जा सकता। क्लब की दशा सुधारने के लिए कार्यकारिणी का चुनाव कराने की मांग को लेकर शूटर सोमवार को डीएम से भी मिलेंगे।
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शूटर्स ने कहा कि राइफल क्लब में सत्ता की ताकत से कार्यकारिणी के संरक्षक बने नेता खेल और खिलाड़ियों का बहुत नुकसान कर रहे हैं। 45 साल पहले बने राइफल क्लब में हर साल लाखों का बजट अनाप-शनाप और पुरानी मशीनों की खरीद में खर्च करके महज खानापूरी की जाती है। शूटर्स के अनुसार सरकार ओलंपिक के लिए नए शूटर्स तैयार करने पर जोर दे रही है, लेकिन ओलंपिक में शूटर्स लिपोर्टे मशीन का इस्तेमाल करते हैं, इसकी क्षमता 250 क्लेवर्ड की होती है। यह मशीन कई एंगल फेंक सकती है। इस मशीन को अलग-अलग टेबल पर चलाया जा सकता है। यह मशीनें केवल आवाज से चलती हैं। इसके विपरीत राइफल क्लब में शूटर्स के लिए जो मशीनें खरीदी गई हैं, वह आउट डेटेड हैं। इनकी क्षमता भी कम है और इनको आवाज से नहीं चलाया जा सकता। क्लब की दशा सुधारने के लिए कार्यकारिणी का चुनाव कराने की मांग को लेकर शूटर सोमवार को डीएम से भी मिलेंगे।
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