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घमंड व्यक्ति के विनाश का कारण बनता : सागर
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बांदा। अहंकार से बचना ही उत्तम मार्दव धर्म है। दस दिवसीय पर्युषण पर्व के दूसरे दिन उत्तम मार्दव धर्म की आराधना हुई। जैन समाज के अनुयायियों ने पूजन किया और अहंकार व दुर्गुणों से बचने की प्रार्थना की। जैन मुनि ने प्रवचन में कहा कि घमंड न करें। सम्मान पाने के लिए लोगों का सम्मान करें।
शनिवार को पर्व के दूसरे दिन छोटी बाजार स्थित दिगंबर जैन मंदिर में भगवान आदिनाथ का विधिवत अभिषेक किया गया। सहस्रनाम विधान के मंत्रोच्चारण से मंदिर परिसर गूंजता रहा।
जैन अनुयायियों ने भगवान से प्रार्थना की कि वह कभी अपनी मर्यादा न भूलें। आचार्य अभिनंदन सागर महाराज ने प्रवचन में कहा कि घमंड व्यक्ति के विनाश का कारण बनता है। जब तक व्यक्ति मान का मर्दन नहीं करेगा उसे धार्मिक कार्यों का महत्व नहीं मिलेगा।
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जो झुकता है वही ऊपर उठता है। वस्तु का अहंकार करके गर्व करना करना चाहिए। तीन खंड के अधिपति रावण ने भी अहंकार करके अपना पतन किया। कहा कि धन-दौलत, शान-शौकत मनुष्य को अहंकारी और अभिमानी बना देता है।
मीडिया प्रभारी दिलीप जैन ने बताया कि 10 दिन जैन मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना और धार्मिक आयोजन होंगे। इस अवसर पर प्रकाशचंद्र जैन, सुरेश, दिलीप, मुकेश जैन, मनोज जैन, राकेश जैन, पूर्व चेयरमैन विनोद जैन, सुशील, आशीष, प्रदीप, दर्शित, प्रमोद, अर्पित, सौरभ, जितेंद्र, बिल्लू, गुड्डू, डा. संजय, आलोक, महेंद्र जैन, नरेंद्र, नीलम, मंजरी, सीमा, साधना, प्रिंसी, गोल्डी, जूली, नीता, पिस्ता जैन आदि उपस्थित रहीं।
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शनिवार को पर्व के दूसरे दिन छोटी बाजार स्थित दिगंबर जैन मंदिर में भगवान आदिनाथ का विधिवत अभिषेक किया गया। सहस्रनाम विधान के मंत्रोच्चारण से मंदिर परिसर गूंजता रहा।
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जैन अनुयायियों ने भगवान से प्रार्थना की कि वह कभी अपनी मर्यादा न भूलें। आचार्य अभिनंदन सागर महाराज ने प्रवचन में कहा कि घमंड व्यक्ति के विनाश का कारण बनता है। जब तक व्यक्ति मान का मर्दन नहीं करेगा उसे धार्मिक कार्यों का महत्व नहीं मिलेगा।
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जो झुकता है वही ऊपर उठता है। वस्तु का अहंकार करके गर्व करना करना चाहिए। तीन खंड के अधिपति रावण ने भी अहंकार करके अपना पतन किया। कहा कि धन-दौलत, शान-शौकत मनुष्य को अहंकारी और अभिमानी बना देता है।
मीडिया प्रभारी दिलीप जैन ने बताया कि 10 दिन जैन मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना और धार्मिक आयोजन होंगे। इस अवसर पर प्रकाशचंद्र जैन, सुरेश, दिलीप, मुकेश जैन, मनोज जैन, राकेश जैन, पूर्व चेयरमैन विनोद जैन, सुशील, आशीष, प्रदीप, दर्शित, प्रमोद, अर्पित, सौरभ, जितेंद्र, बिल्लू, गुड्डू, डा. संजय, आलोक, महेंद्र जैन, नरेंद्र, नीलम, मंजरी, सीमा, साधना, प्रिंसी, गोल्डी, जूली, नीता, पिस्ता जैन आदि उपस्थित रहीं।