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Bahraich News: 10 करोड़ के टेंडर में अनुभव प्रमाणपत्र पर सवाल, जांच शुरू
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बहराइच। बहराइच-सीतापुर राज्य मार्ग (एसएच-30बी) के नवीनीकरण के करीब 10 करोड़ रुपये के टेंडर में ठेकेदार की पात्रता कटघरे में है। आरोप है कि पृथ्वी कंस्ट्रक्शन ने ठेका हासिल करने के लिए मंझारा होते हुए नौबना मार्ग के निर्माण का अनुभव प्रमाणपत्र लगाया, जबकि संबंधित प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के अनुबंध अभिलेख में दूसरे ठेकेदार राहत अली का नाम दर्ज है। इस अंतर को लेकर प्रमाणपत्र जारी करने और निविदा के लिए प्रस्तुत दस्तावेज के सत्यापन पर सवाल उठ रहे हैं।
पृथ्वी कंस्ट्रक्शन के प्रोपराइटर पर अभिलेख में हेराफेरी कर निर्माण कार्य के ठेके हासिल करने का आरोप लगाते हुए सांसद डॉ. आनंद गोंड, विधायक रामनिवास वर्मा और सरोज सोनकर ने मुख्यमंत्री से शिकायत की थी। शासन ने मामले की उच्चस्तरीय जांच के निर्देश दिए हैं।
शिकायत के अनुसार, बहराइच-सीतापुर एसएच-30बी मार्ग के किलोमीटर 4.900 से 22.800 तक नवीनीकरण का काम पृथ्वी कंस्ट्रक्शन को मिला है। पृथ्वी कंस्ट्रक्शन के नाम 13 जुलाई 2025 को जारी अनुभव प्रमाणपत्र में मंझारा होते हुए नौबना मार्ग के निर्माण कार्य का उल्लेख है। शिकायतकर्ताओं ने सवाल उठाया है कि संबंधित सड़क के अनुबंध अभिलेख में राहत अली का नाम दर्ज होने के बावजूद पृथ्वी कंस्ट्रक्शन के नाम प्रमाणपत्र किन अभिलेख के आधार पर जारी किया गया और निविदा में इसे स्वीकार करने से पहले दस्तावेज का सत्यापन हुआ था या नहीं।
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शिकायतकर्ताओं ने संबंधित फर्म को काली सूची में डालने, कथित अनियमितता में शामिल अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करने और पिछले पांच वर्षों में आवंटित निविदाओं की जांच कराने की मांग की है।
गड़बड़ी की शिकायत मिली, विभागीय जांच शुरू
लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता अजय भास्कर ने बताया कि गड़बड़ी की शिकायत मिली है। शासन ने भी जांच के निर्देश दिए हैं और विभागीय स्तर पर जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की स्थिति जांच के बाद ही स्पष्ट होगी, अभिलेख के सत्यापन में समय लगेगा। अनुभव प्रमाणपत्र दूसरे ठेकेदार से संबंधित अभिलेख के बावजूद कैसे जारी हुआ, इसकी जांच की जा रही है।
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पृथ्वी कंस्ट्रक्शन के प्रोपराइटर पर अभिलेख में हेराफेरी कर निर्माण कार्य के ठेके हासिल करने का आरोप लगाते हुए सांसद डॉ. आनंद गोंड, विधायक रामनिवास वर्मा और सरोज सोनकर ने मुख्यमंत्री से शिकायत की थी। शासन ने मामले की उच्चस्तरीय जांच के निर्देश दिए हैं।
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शिकायत के अनुसार, बहराइच-सीतापुर एसएच-30बी मार्ग के किलोमीटर 4.900 से 22.800 तक नवीनीकरण का काम पृथ्वी कंस्ट्रक्शन को मिला है। पृथ्वी कंस्ट्रक्शन के नाम 13 जुलाई 2025 को जारी अनुभव प्रमाणपत्र में मंझारा होते हुए नौबना मार्ग के निर्माण कार्य का उल्लेख है। शिकायतकर्ताओं ने सवाल उठाया है कि संबंधित सड़क के अनुबंध अभिलेख में राहत अली का नाम दर्ज होने के बावजूद पृथ्वी कंस्ट्रक्शन के नाम प्रमाणपत्र किन अभिलेख के आधार पर जारी किया गया और निविदा में इसे स्वीकार करने से पहले दस्तावेज का सत्यापन हुआ था या नहीं।
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शिकायतकर्ताओं ने संबंधित फर्म को काली सूची में डालने, कथित अनियमितता में शामिल अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करने और पिछले पांच वर्षों में आवंटित निविदाओं की जांच कराने की मांग की है।
गड़बड़ी की शिकायत मिली, विभागीय जांच शुरू
लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता अजय भास्कर ने बताया कि गड़बड़ी की शिकायत मिली है। शासन ने भी जांच के निर्देश दिए हैं और विभागीय स्तर पर जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की स्थिति जांच के बाद ही स्पष्ट होगी, अभिलेख के सत्यापन में समय लगेगा। अनुभव प्रमाणपत्र दूसरे ठेकेदार से संबंधित अभिलेख के बावजूद कैसे जारी हुआ, इसकी जांच की जा रही है।