{"_id":"65d2546310365176750946c4","slug":"ct-scan-bahraich-news-c-98-slko1013-110263-2024-02-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bahraich News: मेडिकल कॉलेज में जल्द शुरू होगा सीटी स्कैन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bahraich News: मेडिकल कॉलेज में जल्द शुरू होगा सीटी स्कैन
Mon, 19 Feb 2024 12:32 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
संवाद न्यूज एजेंसी, बहराइच
Updated Mon, 19 Feb 2024 12:32 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बहराइच। मेडिकल कॉलेज में जल्द ही मरीजों की सीटी स्कैन जांच होने लगेगी। इसके लिए लगाई मशीन का परीक्षण पूरा हो गया है। जांच करने वाले स्वास्थ्य कर्मियों को प्रशिक्षण भी दे दिया गया है। एक सप्ताह में सीटी स्कैन जांच शुरू होने की उम्मीद है।
इससे बहराइच के साथ गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती व नेपाल के मरीजों को सीटी स्कैन जांच कराने में काफी सहूलियत होगी। अभी उन्हें जांच के लिए लखनऊ के सरकारी अस्पताल व निजी अस्पतालों में नहीं जाना पड़ रहा है। लगभग 40 लाख की आबादी वाले जिले के मेडिकल कॉलेज में स्थानीय मरीजों के साथ आसपास के जिलों व नेपाल से भी बड़ी संख्या में लोग इलाज कराने पहुंचते हैं।
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक प्रतिदिन लगभग दो हजार मरीज ओपीडी में पहुंचते हैं। प्रतिदिन 10 से 15 मरीजों को सीटी स्कैन जांच कराने की जरूरत पड़ती है। मेडिकल कॉलेज में यह सुविधा न होने की वजह से डॉक्टर मरीजों को निजी अस्पताल या फिर लखनऊ रेफर कर देते हैं। इससे मरीजों को परेशानी होती है। जांच के लिए हजारों रुपये खर्च करने पड़ते हैं।
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज में सीटी स्कैन जांच शुरू होने से मरीजों को काफी आसानी होगी। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय खत्री ने बताया कि मेडिकल कॉलेज में इलाज की सुविधाएं बढ़ाई जा रही हैं। सीटी स्कैन मशीन लगाने के साथ कर्मचारियों को प्रशिक्षण भी दिया गया है। एक सप्ताह में जांच शुरू कर दी जाएगी।
विज्ञापन
इससे बहराइच के साथ गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती व नेपाल के मरीजों को सीटी स्कैन जांच कराने में काफी सहूलियत होगी। अभी उन्हें जांच के लिए लखनऊ के सरकारी अस्पताल व निजी अस्पतालों में नहीं जाना पड़ रहा है। लगभग 40 लाख की आबादी वाले जिले के मेडिकल कॉलेज में स्थानीय मरीजों के साथ आसपास के जिलों व नेपाल से भी बड़ी संख्या में लोग इलाज कराने पहुंचते हैं।
विज्ञापन
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक प्रतिदिन लगभग दो हजार मरीज ओपीडी में पहुंचते हैं। प्रतिदिन 10 से 15 मरीजों को सीटी स्कैन जांच कराने की जरूरत पड़ती है। मेडिकल कॉलेज में यह सुविधा न होने की वजह से डॉक्टर मरीजों को निजी अस्पताल या फिर लखनऊ रेफर कर देते हैं। इससे मरीजों को परेशानी होती है। जांच के लिए हजारों रुपये खर्च करने पड़ते हैं।
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज में सीटी स्कैन जांच शुरू होने से मरीजों को काफी आसानी होगी। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय खत्री ने बताया कि मेडिकल कॉलेज में इलाज की सुविधाएं बढ़ाई जा रही हैं। सीटी स्कैन मशीन लगाने के साथ कर्मचारियों को प्रशिक्षण भी दिया गया है। एक सप्ताह में जांच शुरू कर दी जाएगी।