{"_id":"5af33c544f1c1b9b098b9027","slug":"41525890132-azamgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाईकोर्ट से स्टे लेकर घूम रहे हैं आरोपी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
हाईकोर्ट से स्टे लेकर घूम रहे हैं आरोपी
Updated Thu, 10 May 2018 12:56 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आजमगढ़। गंभीरपुर थाने पर तीन वर्ष पूर्व हमलाकर लाकअप में बंद लकड़ी तस्कर को छुड़ा ले जाने के मामले में 11 प्रमुख आरोपियों में से नौ हाईकोर्ट से स्टे लेकर घूम रहे हैं। अमर उजाला द्वारा इस खबर को प्रकाशित करने के बाद डीआईजी आजमगढ़ परिक्षेत्र विजय भूषण ने मामले को संज्ञान में लिया और स्टे खत्म कराने के लिए अदालत में पैरवी करने का निर्देश एसओ गंभीरपुर को दिया है। साथ ही पूरे मामले की रिपोर्ट तलब की है।
बता दें कि तीन मई 2015 को गंभीरपुर थाना क्षेत्र के मंगरावा गांव निवासी लकड़ी तस्कर मुकिम गांव में प्रतिबंधित पेड़ कटवा रहा था। इसकी सूचना मिलने पर पुलिस पहुंची और मुकिम को हिरासत में लेकर थाने लाई और उसे लाकअप में बंद कर अन्य आरोपियों को पकड़ने के लिए गांव चली गई। इसी बीच शाम करीब छह बजे भारी संख्या में ग्रामीण हाथ में लाठी, डंडा, कुल्हाड़ी सहित अन्य धारदार हथियार लेकर थाने पर हमला बोल दिए। इस दौरान पुलिसवालों को मारापीटा और थाने में तोड़फोड़ करते हुए लाकअप में बंद मुकिम को छुड़ा ले गए। घटना के संबंध में गांव के हाशिम, अकमल, गुफरान, आजम, फैजान, सऊफ, मुकिम, अमान और असलम के विरुद्ध नामजद और 100 अज्ञात के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई गई। चार मई को 43 अन्य आरोपियों के नाम और पांच मई को 11 और आरोपियों का नाम प्रकाश में आया। इस प्रकार कुल 63 अज्ञात का नाम ज्ञात हो गया। इसी बीच दबाव के चलते एसओ बदल गए और दूसरे एसओ ने दो आरोपियों अब्दुल रहमान और नायब अली को गिरफ्तार किया। पुलिस आगे की कार्रवाई करती की तत्कालीन एसपी ने आरोपी की शिकायत पर विवेचना सरायमीर थाने को भेज दी। इस मामले की कुल नौै दरोगाओं ने जांच की पर आरोपी महज तीन ही गिरफ्तार हो सके। ऐसे में चार जनवरी 2016 को सरायमीर थाने के तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक की तरफ से तीन पहले के गिरफ्तार और नौ नामजद आरोपियों के विरुद्ध चार्जशीट तैयार कर न्यायालय में दाखिल कर दिया गया। उधर नौ नामजद आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए हाईकोर्ट में आवेदन कर गिरफ्तारी पर स्टे ले लिया। तभी से सभी बाहर घूम रहे हैं। आठ मई के अंक में अमर उजाला ने इस खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया। जिसे संज्ञान में लेते हुए डीआईजी विजय भूषण ने आरोपियों का स्टे खत्म कराने की अपील करने के लिए एसओ गंभीरपुर को निर्देश दिया। साथ ही पूरी रिपोर्ट तलब किया है।
गिरफ्तारी न हो इसके लिए नौ आरोपी स्टे लिए हुए हैं। हाईकोर्ट से मिले इस स्टे को खत्म कराने की पैरवी करने का निर्देश दिया गया है। साथ ही पूरी रिपोर्ट तलब की गई है। जांच पड़ताल के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। - विजय भूषण, डीआईजी, आजमगढ़ परिक्षेत्र
विज्ञापन
विज्ञापन
बता दें कि तीन मई 2015 को गंभीरपुर थाना क्षेत्र के मंगरावा गांव निवासी लकड़ी तस्कर मुकिम गांव में प्रतिबंधित पेड़ कटवा रहा था। इसकी सूचना मिलने पर पुलिस पहुंची और मुकिम को हिरासत में लेकर थाने लाई और उसे लाकअप में बंद कर अन्य आरोपियों को पकड़ने के लिए गांव चली गई। इसी बीच शाम करीब छह बजे भारी संख्या में ग्रामीण हाथ में लाठी, डंडा, कुल्हाड़ी सहित अन्य धारदार हथियार लेकर थाने पर हमला बोल दिए। इस दौरान पुलिसवालों को मारापीटा और थाने में तोड़फोड़ करते हुए लाकअप में बंद मुकिम को छुड़ा ले गए। घटना के संबंध में गांव के हाशिम, अकमल, गुफरान, आजम, फैजान, सऊफ, मुकिम, अमान और असलम के विरुद्ध नामजद और 100 अज्ञात के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई गई। चार मई को 43 अन्य आरोपियों के नाम और पांच मई को 11 और आरोपियों का नाम प्रकाश में आया। इस प्रकार कुल 63 अज्ञात का नाम ज्ञात हो गया। इसी बीच दबाव के चलते एसओ बदल गए और दूसरे एसओ ने दो आरोपियों अब्दुल रहमान और नायब अली को गिरफ्तार किया। पुलिस आगे की कार्रवाई करती की तत्कालीन एसपी ने आरोपी की शिकायत पर विवेचना सरायमीर थाने को भेज दी। इस मामले की कुल नौै दरोगाओं ने जांच की पर आरोपी महज तीन ही गिरफ्तार हो सके। ऐसे में चार जनवरी 2016 को सरायमीर थाने के तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक की तरफ से तीन पहले के गिरफ्तार और नौ नामजद आरोपियों के विरुद्ध चार्जशीट तैयार कर न्यायालय में दाखिल कर दिया गया। उधर नौ नामजद आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए हाईकोर्ट में आवेदन कर गिरफ्तारी पर स्टे ले लिया। तभी से सभी बाहर घूम रहे हैं। आठ मई के अंक में अमर उजाला ने इस खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया। जिसे संज्ञान में लेते हुए डीआईजी विजय भूषण ने आरोपियों का स्टे खत्म कराने की अपील करने के लिए एसओ गंभीरपुर को निर्देश दिया। साथ ही पूरी रिपोर्ट तलब किया है।
विज्ञापन
गिरफ्तारी न हो इसके लिए नौ आरोपी स्टे लिए हुए हैं। हाईकोर्ट से मिले इस स्टे को खत्म कराने की पैरवी करने का निर्देश दिया गया है। साथ ही पूरी रिपोर्ट तलब की गई है। जांच पड़ताल के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। - विजय भूषण, डीआईजी, आजमगढ़ परिक्षेत्र
विज्ञापन