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खाद्यान की कालाबाजारी शुरू, आटा 35 और आलू 40 रुपये किलो
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औरैया। लॉकडाउन से निपटने के लिए जिला प्रशासन ने रणनीति बना ली है। उधर, कालाबाजारी का खेल भी शुरू हो चुका है। बड़े व्यापारी स्टाक समाप्त होने का बहाना बनाकर फुटकर विक्रेताओं को अधिक दामों में सामान बेच रहे हैं तो वहीं फुटकर विक्रेता भी अधिक कीमत वसूल रहे हैं। इधर प्रशासन ने कालाबाजारी रोकने के लिए रेटलिस्ट जारी की है। साथ ही कालाबाजारी करने वालों को कड़ी चेतावनी भी दी है।
लॉकडाउन के 24 घंटे बाद से कालाबाजारी का खेल शुरू हुआ है। बड़े परचून व्यापारी स्टाक छिपाकर प्रतिदिन खाद्य पदार्थ के दाम बढ़ा रहे हैं। सदर और शहर की मंडी व आसपास ग्रामीण क्षेत्रों में खाद्य पदार्थों की कीमतों में 20 से 30 फीसदी तक बढ़ोत्तरी देखने को मिली है। शहर की बस्तियों में कुछ दुकानों पर कीमतों में बढ़ोत्तरी होने पर लोगों में नाराजगी देखने को मिली है।
आटा बाजार से गायब होता जा रहा है। इसके चलते तिलक नगर, सत्तेश्वर, ओमनगर, महावीरगंज, नरायनपुर में आटे की कालाबाजारी शुरू हो चुकी है। शहर में बाइकों से बोरियों से सामान ले जाते लोग दिखाई दे रहे हैं, जो खाद्यान्न की कालाबाजारी कर रहे हैं। मिलों से आटा दुकानदारों को 250 रुपये प्रति 10 किलो मिलने वाली बोरी अब 300 रुपये तक में मुुश्किल से उपलब्ध कराई जा रही है। ऐसे में फुटकर विक्रेताओं द्वारा 10 से 20 रुपये बढ़ाकर बोरी को बेचना मजबूरी बन चुका है। बाजार में नामी कंपनियों का स्टाक समाप्त हो चुका है। एक फुटकर विक्रेता ने बताया कि थोक विक्रेताओं ने माल देने से मना कर दिया है। थोक विक्रेताओं ने अपने मोबाइल फोन बंद कर दिए हैं। ऐसे में उनसे संपर्क करना कठिन हो रहा है। मोहल्ला गुमटी निवासी गोविंद तिवारी, कैलाश अग्रवाल ने बताया कि पिछले तीन दिन में सबसे अधिक आटे और आलू की कीमतों में बढ़ोत्तरी देखने को मिली है। 20 रुपये में सवा किलो बिकने वाला आलू आज 40 से 45 रुपये प्रति किलो बिक रहा है।
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उधर, पुलिस अधीक्षक सुनीति ने बताया कि शिकायत आने पर खाद्यान्न की कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ होगी सख्त कार्रवाई की जाएगी। कालाबाजारी करने वालों को जुर्माने के साथ छह माह की सजा होगी, दुकान भी सीज की जाएगी उन्होंने सोशल मीडिया में अपना मोबाइल नंबर 9454400249 व एएसपी कमलेश दीक्षित का मोबाइल नंबर 9454401016 वायरल किया है, जिसमें उपभोक्ता शिकायत कर सकते हैं।
प्रशासनिक अधिकारियों ने कालाबाजारी रोकने के लिए सभी दुकानदारों को निर्देशित किया है कि वह रेटलिस्ट चस्पा करें। दुकानदारों ने रेटलिस्ट तो चस्पा कर दी है। लेकिन दुकानदारों का कहना है कि जो रेटलिस्ट उन्होंने चस्पा की है। वह उस रेटलिस्ट में तब तक सामान बेंचेंगे। जब उनके दुकान में स्टाक है। नया सामान वह नहीं लाएं और न ही बेच सकेंगे। शहर की अधिकांश दुकानों में रेटलिस्ट से अधिक सामान बिकना शुरू हो चुका है।
मालूम हो कि बाजार में आटा पहले 250 रुपये का 10 किलो था, अब 280 से 320 रुपये का 10 किलो बिक रहा है। इसी तरह 20 रुपये किलो बिकने वाला आलू का भाव 40 रुपये पहुंच गया है। बेसन का भाव 70 से बढ़कर 90-100 रुपये किलो पहुंच गया है। सरसों का तेल 100 रुपये से बढ़कर 130 रुपये किलो पहुंच गया है। दाल 60 रुपये से बढ़कर 90 से 100 रुपये किलो बिक रहा है।
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लॉकडाउन के 24 घंटे बाद से कालाबाजारी का खेल शुरू हुआ है। बड़े परचून व्यापारी स्टाक छिपाकर प्रतिदिन खाद्य पदार्थ के दाम बढ़ा रहे हैं। सदर और शहर की मंडी व आसपास ग्रामीण क्षेत्रों में खाद्य पदार्थों की कीमतों में 20 से 30 फीसदी तक बढ़ोत्तरी देखने को मिली है। शहर की बस्तियों में कुछ दुकानों पर कीमतों में बढ़ोत्तरी होने पर लोगों में नाराजगी देखने को मिली है।
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आटा बाजार से गायब होता जा रहा है। इसके चलते तिलक नगर, सत्तेश्वर, ओमनगर, महावीरगंज, नरायनपुर में आटे की कालाबाजारी शुरू हो चुकी है। शहर में बाइकों से बोरियों से सामान ले जाते लोग दिखाई दे रहे हैं, जो खाद्यान्न की कालाबाजारी कर रहे हैं। मिलों से आटा दुकानदारों को 250 रुपये प्रति 10 किलो मिलने वाली बोरी अब 300 रुपये तक में मुुश्किल से उपलब्ध कराई जा रही है। ऐसे में फुटकर विक्रेताओं द्वारा 10 से 20 रुपये बढ़ाकर बोरी को बेचना मजबूरी बन चुका है। बाजार में नामी कंपनियों का स्टाक समाप्त हो चुका है। एक फुटकर विक्रेता ने बताया कि थोक विक्रेताओं ने माल देने से मना कर दिया है। थोक विक्रेताओं ने अपने मोबाइल फोन बंद कर दिए हैं। ऐसे में उनसे संपर्क करना कठिन हो रहा है। मोहल्ला गुमटी निवासी गोविंद तिवारी, कैलाश अग्रवाल ने बताया कि पिछले तीन दिन में सबसे अधिक आटे और आलू की कीमतों में बढ़ोत्तरी देखने को मिली है। 20 रुपये में सवा किलो बिकने वाला आलू आज 40 से 45 रुपये प्रति किलो बिक रहा है।
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उधर, पुलिस अधीक्षक सुनीति ने बताया कि शिकायत आने पर खाद्यान्न की कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ होगी सख्त कार्रवाई की जाएगी। कालाबाजारी करने वालों को जुर्माने के साथ छह माह की सजा होगी, दुकान भी सीज की जाएगी उन्होंने सोशल मीडिया में अपना मोबाइल नंबर 9454400249 व एएसपी कमलेश दीक्षित का मोबाइल नंबर 9454401016 वायरल किया है, जिसमें उपभोक्ता शिकायत कर सकते हैं।
प्रशासनिक अधिकारियों ने कालाबाजारी रोकने के लिए सभी दुकानदारों को निर्देशित किया है कि वह रेटलिस्ट चस्पा करें। दुकानदारों ने रेटलिस्ट तो चस्पा कर दी है। लेकिन दुकानदारों का कहना है कि जो रेटलिस्ट उन्होंने चस्पा की है। वह उस रेटलिस्ट में तब तक सामान बेंचेंगे। जब उनके दुकान में स्टाक है। नया सामान वह नहीं लाएं और न ही बेच सकेंगे। शहर की अधिकांश दुकानों में रेटलिस्ट से अधिक सामान बिकना शुरू हो चुका है।
मालूम हो कि बाजार में आटा पहले 250 रुपये का 10 किलो था, अब 280 से 320 रुपये का 10 किलो बिक रहा है। इसी तरह 20 रुपये किलो बिकने वाला आलू का भाव 40 रुपये पहुंच गया है। बेसन का भाव 70 से बढ़कर 90-100 रुपये किलो पहुंच गया है। सरसों का तेल 100 रुपये से बढ़कर 130 रुपये किलो पहुंच गया है। दाल 60 रुपये से बढ़कर 90 से 100 रुपये किलो बिक रहा है।