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दो भाइयों समेत तीन को सात-सात वर्ष की कैद
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औरैया। सत्र न्यायाधीश सुशील कुमार ने थाना बिधूना क्षेत्र के ग्राम रुरुगंज में नकली अपमिश्रित शराब बनाने में दो भाइयों समेत तीन को सात-सात वर्ष के कठोर कारावास व साठ-साठ हजार रुपये अर्थदंड की सजा दी है।
अभियोजन के अनुसार, 24 सितंबर 2010 को थाना बिधूना पुलिस ने रुरुगंज में सिराज के मकान से नकली, अपमिश्रित शराब बनाते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। वे लोग कच्ची शराब, स्प्रिट, पानी तथा यूरिया से शराब बनाकर रंग मिलाकर इसको माधुरी ब्रांड का रैपर लगे क्वार्टर में भरकर गांव-गांव बेचते थे। मौके पर 50 लीटर स्प्रिट, पानी, यूरिया आदि बरामद की। पुलिस ने विवेचना में पाया कि तीनों सिराज अली, राजू अली, रईश अली निवासी रुरुगंज अपमिश्रित शराब बनाते थे तथा जहरीली शराब से लोगों के जीवन के साथ खिलवाड़ कर रहे थे। माधुरी शराब का रैपर लगाकर आम आदमी को असली शराब के बदले नकली शराब की आपूर्ति करके उनके साथ धोखा किया जा रहा था।
पुलिस ने आबकारी अधिनियम की धारा 60, धारा 272 व 420 आईपीसी में चार्जशीट सत्र न्यायालय में प्रस्तुत की। अभियोजन की ओर से डीजीसी अभिषेक मिश्रा व बचाव पक्ष को सुनने के बाद सत्र न्यायाधीश सुशील कुमार ने सिराज अली पुत्र इशाक अली, रईश अली पुत्र इशाक अली और राजू अली उर्फ गुड्डू पुत्र सिराज अली को सात-सात वर्ष के कठोर कारावास व 60-60 हजार रुपये अर्थदंड की सजा दी है। अधिरोपित अर्थदंड राजस्व बकाया की भांति वसूलने का भी आदेश दिया। तीनों को जिला कारागार इटावा भेज दिया गया।
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अभियोजन के अनुसार, 24 सितंबर 2010 को थाना बिधूना पुलिस ने रुरुगंज में सिराज के मकान से नकली, अपमिश्रित शराब बनाते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। वे लोग कच्ची शराब, स्प्रिट, पानी तथा यूरिया से शराब बनाकर रंग मिलाकर इसको माधुरी ब्रांड का रैपर लगे क्वार्टर में भरकर गांव-गांव बेचते थे। मौके पर 50 लीटर स्प्रिट, पानी, यूरिया आदि बरामद की। पुलिस ने विवेचना में पाया कि तीनों सिराज अली, राजू अली, रईश अली निवासी रुरुगंज अपमिश्रित शराब बनाते थे तथा जहरीली शराब से लोगों के जीवन के साथ खिलवाड़ कर रहे थे। माधुरी शराब का रैपर लगाकर आम आदमी को असली शराब के बदले नकली शराब की आपूर्ति करके उनके साथ धोखा किया जा रहा था।
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पुलिस ने आबकारी अधिनियम की धारा 60, धारा 272 व 420 आईपीसी में चार्जशीट सत्र न्यायालय में प्रस्तुत की। अभियोजन की ओर से डीजीसी अभिषेक मिश्रा व बचाव पक्ष को सुनने के बाद सत्र न्यायाधीश सुशील कुमार ने सिराज अली पुत्र इशाक अली, रईश अली पुत्र इशाक अली और राजू अली उर्फ गुड्डू पुत्र सिराज अली को सात-सात वर्ष के कठोर कारावास व 60-60 हजार रुपये अर्थदंड की सजा दी है। अधिरोपित अर्थदंड राजस्व बकाया की भांति वसूलने का भी आदेश दिया। तीनों को जिला कारागार इटावा भेज दिया गया।
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