फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Auraiya News ›   bijli,bajat,auraiya

बजट जारी फिर भी बल्लियों से दौड़ रहा करंट

Wed, 27 Oct 2021 11:43 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Wed, 27 Oct 2021 11:43 PM IST
विज्ञापन
bijli,bajat,auraiya
औरैया। शहर के कई मोहल्लों में विद्युत पोल लगाने और जर्जर लाइन बदलने के लिए तीन माह पहले जिला विद्युत विकास निधि से बजट जारी हो चुका है। इसके बाद भी काम शुरू नहीं हो सका। जिससे उपभोक्ताओं में आक्रोश व्याप्त है।
विज्ञापन

शहर के मोहल्ला रजानगर, गायत्री नगर, भीखमपुर-दयालपुर, सैनिक कालोनी, प्रेमानंद आश्रम, गल्ला मंडी के पीछे बनारसीदास समेत छह मोहल्लों में आज भी बिना खंभों के बल्लियों के सहारे लाइन खींच कर लोग बिजली जला रहे हैं। इससे कई बार हादसे भी हो चुके हैं। जर्जर बिजली लाइनों के बदलने, टूटे पोल बदलने, बल्लियों की जगह पोल लगाने व क्षमता के अनुसार ट्रांसफार्मर लगाए जाने की लगातार उठ रही मांग पर तीन माह पहले जिला बिजली विकास निधि से बजट की स्वीकृति मिली थी। इस काम को करने के लिए मेसर्स सुयस इंपैक्ट को टेंडर भी दिया गया है।
विज्ञापन

जिसमें मात्र गायत्री नगर में ही खंभे व तार बदलने का काम किया जा सका। जबकि शेष अन्य मोहल्लों में अभी तक काम शुरू नहीं किया जा सका है। इस संबंध में काम करा रही संस्था के ठेकेदार ने बताया कि एग्रीमेंट के अनुसार उन्हें 180 दिन में काम पूरा करना था, लेकिन 90 दिन की समय सीमा पूरा होने के बाद भी सामान न मिलने के कारण अधिकारियों को लिखित रुप से काम करने में असमर्थता जता दी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

गल्ला मंडी के पीछे रहने वाले पंचम लाल ने बताया कि 10 सालों से वह मोहल्ले में रह रहे हैं। कनेक्शन लेने के दौरान बिजली अधिकारी बहुत ही अच्छे से बात करते हैं। लेकिन आज तक पोल नहीं लगाए गए। जब भी शिकायत करता हूं तो बस जल्दी ही पोल लगवाने का आश्वासन देकर चलता कर दिया जाता है।
बनारसीदास पश्चिमी निवासी आशा ने बताया कि बिजली अधिकारियों ने पांच साल में 15 बार मोहल्ले में व्याप्त बिजली समस्या को लेकर सर्वे किया होगा। लेकिन समस्या आज तक दूर नहीं हो सकी। सिर्फ लीकर पीटने के लिए बिजली अधिकारी आते हैं और उपभोक्ताओं को बेवकूफ बनाकर चले जाते हैं।

वर्जन
सामान के लिए बजट दे दिया गया है। इसके बाद भी स्टोर से सामान नहीं मिल पा रहा है। इसके लिए अब एक्सईएन स्टोर ही कुछ बता सकते हैं। -दिनेश कुमार दोहरे अधीक्षण अभियंता
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed