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किसान बनकर दुकान पर पहुंचे जिला कृषि अधिकारी से खाद का ज्यादा मूल्य वसूलने की कोशिश
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उझारी में खाद की दुकान पर ग्राहक बनकर पहुंचे जिला कृषि अधिकारी।
- फोटो : HASANPUR
ढबारसी/उझारी। क्षेत्र में खाद दुकानों में स्टाक होने के बावजूद खाद किल्लत बताकर किसानों को परेशान किए जाने की शिकायत होने की खबर अमर उजाला में प्रकाशित होने पर खबर का संज्ञान लेते हुए शिकायत की जांच के लिए जिला कृषि अधिकारी स्वयं बाइक पर सवार होकर किसान बनकर एक खाद की दुकान पर पहुंच गए। निर्धारित मूल्य से 265 रुपये प्रति बोरी अधिक बताने पर तत्काल दुकान का लाइसेंस निरस्त करते हुए खाद की बिक्री पर रोक लगाने की कार्रवाई की गई। एफआईआर की तैयारी की जा रही है।
क्षेत्र में खाद की दुकान पर स्टॉक होने के बावजूद भी विक्रेताओं द्वारा किल्लत का हवाला देकर अधिक दाम वसूले जा रहे थे। समस्या को अमर उजाला ने शुक्रवार को प्रकाशित किया तो इसकी जांच के लिए शुक्रवार को जिला कृषि अधिकारी ने मुंह पर गमछा बांध लिया और किसान बनकर उझारी के मल्टी परपज कोऑपरेटिव सोसाइटी की दुकान पर पहुंच गए। यहां इफको का एनपीके 12:32:16 की बोरी मांगी। बोरी के निर्धारित मूल्य 1185 रुपये प्रति बोरी के बजाय 1450 रुपये प्रति बोरी बताया। जब कृषि अधिकारी राजीव कुमार ने मुंह से अंगोछा हटाया तो खाद विक्रेता के पैरों के नीचे से जमीन निकल गई। कृषि अधिकारी से मान मनौव्वल करने लगा।
जिला कृषि अधिकारी ने तत्काल रूप से खाद विक्रेता का लाइसेंस निरस्त कर दिया तथा दुकान में मौजूद खाद की बिक्री करने पर रोक लगाते हुए दुकान सील कर दी। खाद विक्रेता के विरुद्ध मुकदमा दर्ज करने की तैयारी की जा रही है। इसके बाद उन्होंने ढबारसी, आदमपुर में भी खाद की दुकानों पर चेकिंग की। अधिकांश खाद विक्रेता दुकानों के शटर बंद करके फरार हो गए। जिला कृषि अधिकारी राजीव कुमार ने बताया कि दुकान बंद कर भागने वाले खाद विक्रेताओं को नोटिस देकर कार्रवाई की जाएगी। जनपद में खाद की कोई किल्लत नहीं है। 3600 मीट्रिक टन की डी ए पी/एनपीके की एक रैक अमरोहा को आवंटित हो गई है। जो तीन दिन के भीतर जनपद में पहुंच जाएगी।
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क्षेत्र में खाद की दुकान पर स्टॉक होने के बावजूद भी विक्रेताओं द्वारा किल्लत का हवाला देकर अधिक दाम वसूले जा रहे थे। समस्या को अमर उजाला ने शुक्रवार को प्रकाशित किया तो इसकी जांच के लिए शुक्रवार को जिला कृषि अधिकारी ने मुंह पर गमछा बांध लिया और किसान बनकर उझारी के मल्टी परपज कोऑपरेटिव सोसाइटी की दुकान पर पहुंच गए। यहां इफको का एनपीके 12:32:16 की बोरी मांगी। बोरी के निर्धारित मूल्य 1185 रुपये प्रति बोरी के बजाय 1450 रुपये प्रति बोरी बताया। जब कृषि अधिकारी राजीव कुमार ने मुंह से अंगोछा हटाया तो खाद विक्रेता के पैरों के नीचे से जमीन निकल गई। कृषि अधिकारी से मान मनौव्वल करने लगा।
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जिला कृषि अधिकारी ने तत्काल रूप से खाद विक्रेता का लाइसेंस निरस्त कर दिया तथा दुकान में मौजूद खाद की बिक्री करने पर रोक लगाते हुए दुकान सील कर दी। खाद विक्रेता के विरुद्ध मुकदमा दर्ज करने की तैयारी की जा रही है। इसके बाद उन्होंने ढबारसी, आदमपुर में भी खाद की दुकानों पर चेकिंग की। अधिकांश खाद विक्रेता दुकानों के शटर बंद करके फरार हो गए। जिला कृषि अधिकारी राजीव कुमार ने बताया कि दुकान बंद कर भागने वाले खाद विक्रेताओं को नोटिस देकर कार्रवाई की जाएगी। जनपद में खाद की कोई किल्लत नहीं है। 3600 मीट्रिक टन की डी ए पी/एनपीके की एक रैक अमरोहा को आवंटित हो गई है। जो तीन दिन के भीतर जनपद में पहुंच जाएगी।
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