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आंधी ने ढाया कहर, पेड़ की डाल से दबकर बालक की मौत
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अंबेडकरनगर। बुधवार दोपहर बाद आई तेज आंधी ने जिले में जमकर कहर बरपाया। जगह-जगह विशालकाय पेड़ धराशायी हो गए। छप्पर और टिन शेड उड़ गए। तार टूटने और खंभे गिरने से पूरे जिले की बिजली आपूर्ति भी पटरी से उतर गई। हंसवर थाना क्षेत्र के बेनीपुर गांव में टूटकर गिरी पेड़ की भारी-भरकम शाखा की चपेट आने से बालक की मौत हो गई। वहीं, बिजली आपूर्ति ठप रहने से करीब ढाई लाख की आबादी प्रभावित रही।
बुधवार दोपहर बाद अचानक आसमान में बादल छा गए। कुछ ही देर में तेज आंधी चलने लगी। हंसवर थाना क्षेत्र के बेनीपुर गांव के मजरा बुद्धू का पुरवा निवासी सुरेश कुमार का 10 वर्षीय पुत्र हनुमान गांव के बाहर बाग में आम बीन रहा था। बताया जाता है कि इसी बीच तेज आंधी के चलते महुआ की भारी-भरकम डाल उसके ऊपर गिर पड़ी। जब तक आसपास मौजूद लोगों ने उसे डाल के नीचे से निकाल तब तक वह दम तोड़ चुका था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
तेज आंधी से जिले में कई जगह पेड़ धराशायी हो गए। राजेसुल्तानपुर प्रतिनिधि के अनुसार, गिरैयाबाजार में नीम का पेड़ सड़क पर गिर पड़ा। इससे लगभग एक घंटे तक आवागमन बाधित रहा। भीटी प्रतिनिधि के अनुसार विकास खंड कार्यालय के पास यूकेलिप्टस का पेड़ आंधी में धराशायी हो गया। पुलिस कर्मियों ने स्थानीय लोगों की मदद से पेड़ हटवाया। इससे करीब आधा घंटा आवागमन बाधित रहा। महरुआ, अहिरौली, कटेहरी, हजपुरा, कजपुरा, जहांगीरगज, राजेसुल्तानपुर, आलापुर, रामनगर, हंसवर आदि क्षेत्रों में भी जगह-जगह पेड़ गिर गए।
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आंधी से जिले की विद्युत आपूर्ति व्यवस्था भी पूरी तरह बेपटरी हो गई। कहीं, जर्जर तार टूट गए तो कहीं बिजली के खस्ताहाल खंभे झुक गए। राजेसुल्तानपुर प्रतिनिधि के अनुसार गिरैयाबाजार, कम्हरिया, सिंघलपट्टी, पदमपुर, नेवारी क्षेत्र में तार टूटने व खंभे क्षतिग्रस्त होने से रामनगर व तेंदुआईकला विद्युत उपकेंद्र से जुड़े अन्नापुर, जहांगीरगंज, आदमपुर, नेवारी, नरियांव, कम्हरिया, सरयूनगर, चांड़ीपुर, पदमपुर, शहाबुद्दीनपुर, राजेसुल्तानपुर, सिंधलपट्टी, साबितपुर, देवलर, मदैनिया समेत 6 दर्जन गांवों की विद्युत आपूर्ति बाधित हो गई। देर शाम तक गड़बड़ी नहीं दूर की जा सकी थी।
नतीजा यह रहा कि करीब 75 हजार की आबादी प्रभावित रही। महरुआ प्रतिनिधि के अनुसार, क्षतिग्रस्त हुए तार व खंभों की वजह से रामपुर हरिनंदन, बाहरपुर, लोकनाथपुर, सेमरी, मंशापुर, करौना, मथानी, कटरिया बड़ागांव, उदयपुर, चंदापुर, करमपुर, हीड़ी पकडिय़ा, बरामदपुर जरियारी, चक्रसेनपुर, घनेपुर, कसड़ा, सिलावट, पतौना, पांती,, मीरपुर, पखनपुर, लोहरा बरामदपुर, जैमलपुर, प्राणनाथपुर, सुभाकरपुर, लोढ़वा समेत कई गांवों की 50 हजार की आबादी की विद्युत आपूर्ति ठप हो गई।
जिला मुख्यालय पर भी अयोध्या मार्ग, मीरानपुर, पंडाटोला, शहजादपुर चौक, अब्दुल्लापुर, शहजहांपुर और बस स्टेशन क्षेत्र की आपूर्ति आंधी के चलते ठप हो गई। हालांकि, नगर के ज्यादातर क्षेत्रों में देर शाम तक आपूर्ति बहाल कर दी गई। इसके अलावा जलालपुर व टांडा तहसील क्षेत्र में भी तार के टूटने व खंभे क्षतिग्रस्त होने से करीब सवा लाख की आबादी की आपूर्ति ठप हो गई।
तेज आंधी की चपेट में आकर जिले में करीब पांच दर्जन टिन शेड व छप्पर उड़ गए। अकबरपुर तहसील क्षेत्र के इमामबाग, लोरपुर, सिझौली में टिन शेड, टांडा तहसील क्षेत्र के सदरपुर, छज्जापुर, कश्मीरिया, अरिया बाजार में टीन शेड व छप्पर उड़ गए। भीटी, महरुआ, कटेहरी, अहिरौली, जलालपुर, आलापुर, रामनगर, राजेसुल्तानपुर, जहांगीरगंज आदि क्षेत्रों में भी जगह-जगह टिन शेड व छप्पर उड़ गए।
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बुधवार दोपहर बाद अचानक आसमान में बादल छा गए। कुछ ही देर में तेज आंधी चलने लगी। हंसवर थाना क्षेत्र के बेनीपुर गांव के मजरा बुद्धू का पुरवा निवासी सुरेश कुमार का 10 वर्षीय पुत्र हनुमान गांव के बाहर बाग में आम बीन रहा था। बताया जाता है कि इसी बीच तेज आंधी के चलते महुआ की भारी-भरकम डाल उसके ऊपर गिर पड़ी। जब तक आसपास मौजूद लोगों ने उसे डाल के नीचे से निकाल तब तक वह दम तोड़ चुका था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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तेज आंधी से जिले में कई जगह पेड़ धराशायी हो गए। राजेसुल्तानपुर प्रतिनिधि के अनुसार, गिरैयाबाजार में नीम का पेड़ सड़क पर गिर पड़ा। इससे लगभग एक घंटे तक आवागमन बाधित रहा। भीटी प्रतिनिधि के अनुसार विकास खंड कार्यालय के पास यूकेलिप्टस का पेड़ आंधी में धराशायी हो गया। पुलिस कर्मियों ने स्थानीय लोगों की मदद से पेड़ हटवाया। इससे करीब आधा घंटा आवागमन बाधित रहा। महरुआ, अहिरौली, कटेहरी, हजपुरा, कजपुरा, जहांगीरगज, राजेसुल्तानपुर, आलापुर, रामनगर, हंसवर आदि क्षेत्रों में भी जगह-जगह पेड़ गिर गए।
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आंधी से जिले की विद्युत आपूर्ति व्यवस्था भी पूरी तरह बेपटरी हो गई। कहीं, जर्जर तार टूट गए तो कहीं बिजली के खस्ताहाल खंभे झुक गए। राजेसुल्तानपुर प्रतिनिधि के अनुसार गिरैयाबाजार, कम्हरिया, सिंघलपट्टी, पदमपुर, नेवारी क्षेत्र में तार टूटने व खंभे क्षतिग्रस्त होने से रामनगर व तेंदुआईकला विद्युत उपकेंद्र से जुड़े अन्नापुर, जहांगीरगंज, आदमपुर, नेवारी, नरियांव, कम्हरिया, सरयूनगर, चांड़ीपुर, पदमपुर, शहाबुद्दीनपुर, राजेसुल्तानपुर, सिंधलपट्टी, साबितपुर, देवलर, मदैनिया समेत 6 दर्जन गांवों की विद्युत आपूर्ति बाधित हो गई। देर शाम तक गड़बड़ी नहीं दूर की जा सकी थी।
नतीजा यह रहा कि करीब 75 हजार की आबादी प्रभावित रही। महरुआ प्रतिनिधि के अनुसार, क्षतिग्रस्त हुए तार व खंभों की वजह से रामपुर हरिनंदन, बाहरपुर, लोकनाथपुर, सेमरी, मंशापुर, करौना, मथानी, कटरिया बड़ागांव, उदयपुर, चंदापुर, करमपुर, हीड़ी पकडिय़ा, बरामदपुर जरियारी, चक्रसेनपुर, घनेपुर, कसड़ा, सिलावट, पतौना, पांती,, मीरपुर, पखनपुर, लोहरा बरामदपुर, जैमलपुर, प्राणनाथपुर, सुभाकरपुर, लोढ़वा समेत कई गांवों की 50 हजार की आबादी की विद्युत आपूर्ति ठप हो गई।
जिला मुख्यालय पर भी अयोध्या मार्ग, मीरानपुर, पंडाटोला, शहजादपुर चौक, अब्दुल्लापुर, शहजहांपुर और बस स्टेशन क्षेत्र की आपूर्ति आंधी के चलते ठप हो गई। हालांकि, नगर के ज्यादातर क्षेत्रों में देर शाम तक आपूर्ति बहाल कर दी गई। इसके अलावा जलालपुर व टांडा तहसील क्षेत्र में भी तार के टूटने व खंभे क्षतिग्रस्त होने से करीब सवा लाख की आबादी की आपूर्ति ठप हो गई।
तेज आंधी की चपेट में आकर जिले में करीब पांच दर्जन टिन शेड व छप्पर उड़ गए। अकबरपुर तहसील क्षेत्र के इमामबाग, लोरपुर, सिझौली में टिन शेड, टांडा तहसील क्षेत्र के सदरपुर, छज्जापुर, कश्मीरिया, अरिया बाजार में टीन शेड व छप्पर उड़ गए। भीटी, महरुआ, कटेहरी, अहिरौली, जलालपुर, आलापुर, रामनगर, राजेसुल्तानपुर, जहांगीरगंज आदि क्षेत्रों में भी जगह-जगह टिन शेड व छप्पर उड़ गए।