{"_id":"5c545479bdec224d04453602","slug":"kumbh-2019-saint-angry-after-dharm-sansads-not-declared-date-of-ram-mandir","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Kumbh 2019: धर्म संसद में तिथि घोषित नहीं होने पर भड़के संत, देखें तस्वीरें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kumbh 2019: धर्म संसद में तिथि घोषित नहीं होने पर भड़के संत, देखें तस्वीरें
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
Published by: vivek shukla
Updated Fri, 01 Feb 2019 07:45 PM IST
विज्ञापन
1 of 5
Dharma Sansad
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
राम मंदिर निर्माण की तिथि घोषित होने के इंतजार में विहिप के धर्म संसद में बैठे संतों का धैर्य जवाब दे गया और संघ प्रमुख मोहन भागवत के संबोधन के बाद उन्होंने विरोध शुरू कर दिया। मंदिर की तिथि घोषित करने की मांग को लेकर उन्होंने हंगामा किया। इस दौरान जमकर धक्का मुक्की हुई। कई संतों और कार्यकर्ताओं को धक्का देकर पांडाल से बाहर निकाला गया। करीब 15 मिनट तक चले हंगामा की वजह से अफरा तफरी मच गई। हालांकि, वक्ताओं ने अपना संबोधन जारी रखा।
2 of 5
dharma sansad
राम मंदिर का निर्माण पूरे कुंभ क्षेत्र में मुद्दा बना हुआ है। चुनावी माहौल में यह मुद्दा और गरमाया हुआ है। शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद तथा अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष स्वामी नरेंद्र गिरि ने अलग-अलग तारीखों को अयोध्या कूच की घोषणा की है। ऐसे में विहिप के धर्म संसद में भी राम मंदिर निर्माण को लेकर तारीख की घोषणा की उम्मीद की जा रही थी।
3 of 5
Dharma Sansad
मोहन भागवत की मौजूदगी तथा मुख्यमंत्री बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दौरे से उनकी उम्मीदों को और बल मिला लेकिन धर्म संसद में आए प्रस्ताव से निराशा हुई। मोहन भागवत के संबोधन के बाद उनका धैर्य जवाब दे गया और उन्होंने हंगामा शुरू कर दिया। तारीख घोषित करने की मांग को लेकर संतों और कार्यकर्ताओं का एक समूह मंच की तरफ बढ़ने लगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 5
Dharma Sansad
इसे लेकर व्यवस्था में लगे लोगों के साथ जमकर धक्का-मुक्की हुई। निर्वाणी अखाड़ा के रामकुमार दास का कहना था कि वे कारसेवक हैं। उन्हें राम मंदिर निर्माण की तारीख बताई जाए। धक्का देकर बाहर किए जाने से भी उनमें नाराजगी रही।
विज्ञापन
5 of 5
Dharma Sansad
संत कबीर नगर से आए विवेकानंद वर्मा, जनकपुर के बृजमोहन दास, प्रतापगढ़ के रिंकू जायसवाल आदि का कहना था कि मंदिर निर्माण पर सिर्फ सियासत नहीं होनी चाहिए। इसकी तारीख घोषित हो। व्यवस्थापकों के व्यवहार से भी ये लोग काफी दुखी दिखे।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।