फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   find grocery stores or treat corona

किराने की दुकान का पता बताएं या कोरोना का इलाज

Sat, 28 Mar 2020 11:57 PM IST
Allahabad Bureau इलाहाबाद ब्यूरो
Updated Sat, 28 Mar 2020 11:57 PM IST
विज्ञापन
find grocery stores or treat corona
कलक्ट्रेट में कोरोना वायरस संक्रमण से संबंधित समस्याओं के निराकरण के लिए खुला कंट्रोल रूम अब सभी तरह की जानकारियों का केंद्र बन गया है। यहां पर फोन करके लोग कोरोना के संबंध में जानकारी तो मांग ही रहे हैं, आटे, चावल की कीमत, किराने की दुकान का पता भी पूछ रहे हैं। ऐसे में यहां तैनात चिकित्सकों में इसको लेकर नाराजगी है। स्वास्थ्य विभाग के की ओर से तैनात डॉक्टरों को आपत्ति है कि उनसे आटे, दाल, चावल से क्या मतलब है। यह बात डीएम तक पहुंच चुकी है, लेकिन स्थिति में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
विज्ञापन

चिकित्सकों का कहना है कि लोग कोरोना को लेकर जानकारी मांगे, लेकिन ज्यादातर लोग पूछते हैं, साहब किराना की दुकान कहां खुली है? घर में खाने-पीने की चीजें खत्म हैं, खरीदने के लिए कहां जाएं? इस तरह की जानकारी से उनका कोई लेना-देना नहीं है। नाम न छापने की शर्त पर एक डॉक्टर ने बताया कि एक दिन मेजा से फोन आया। पूछा, साहब कोटेदार ने राशनकार्ड की सूची से उनका नाम निकाल दिया गया है। उनका नाम सूची में कैसे आएगा? इसी तरह नखासकोहना से शकील खान का फोन आया, साहब अलीगढ़ अपने घर जाना है, बस कहां से मिलेगी? घूरपुर से फोन आया, एक बुजुर्ग की मौत हो गई, अंतिम संस्कार करने कहां जाएं? इस तरह की पूछताछ का जवाब डॉक्टर कैसे देंगे।
विज्ञापन

हालांकि, कंट्रोल रूम में जिला प्रशासन के भी कर्मचारी बैठे रहते हैं। वे इस तरह की जानकारियों का जवाब भी देते हैं, लेकिन चिकित्सकों का कहना है कि उनसे ऐसे सवालों को पूछा ही नहीं जाना चाहिए। जानकार कहते हैं कि कोरोना के संबंध में जानकारी के लिए अलग ही व्यवस्था होनी चाहिए। उसे सभी तरह की जानकारियों के लिए बनाई गई केंद्रीयकृत व्यवस्था में शामिल नहीं करना चाहिए या तो जिला प्रशासन सभी तरह की जानकारियों के लिए एक कामन नंबर जारी करे, लेकिन कॉल आने पर उसे संबंधित विभाग को ट्रांसफर कर दे।
विज्ञापन
विज्ञापन

हालांकि, स्वास्थ्य विभाग ने अपना एक कंट्रोल रूम स्थापित कर रखा है। बहुत से लोगों ने 0532 पर फोन कर जानकारी मांगी है, लेकिन डीएम के आदेश पर इसे केंद्रीयकृत कर दिया गया। इसके बाद से ही डॉक्टरों को आपत्ति हुई। वहीं नोडल ऑफिसर सीआरओ भानु प्रताप यादव का कहना है कि अभी व्यवस्था नहीं हो पाई है जल्दी की अलग की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed