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खुल्दाबाद इलाके से दो बच्चे हुए लापता
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Sun, 11 Dec 2016 01:56 AM IST
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इलाहाबाद
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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शहर के हिम्मतगंज मुहल्ले से पांच साल के एक बालक और इतने ही साल की बच्ची के लापता होने से उनके परिवार के लोग बेहद चिंतित हैं। ये दोनों बच्चे दोपहर में घर के बाहर खेलते वक्त लापता हो गए। देर रात तक परिजन खोजबीन करते लेकिन देर रात तक बच्चों का पता नहीं चल सका था। बच्चों के परिजनों ने खुल्दाबाद थाने में सूचना दी तो पुलिस ने तलाश शुरू की। उनके अपहरण का शक जताया गया है।
पुरुषोत्तम नगर हिम्मतगंज में रहने वाले जलकल विभाग कर्मचारी धर्मपाल के तीन बेटों और तीन बेटियों में सबसे छोटा पांच वर्षीय शारदा प्रसाद नगर निगम के स्कूल में नर्सरी में पढ़ता है। शनिवार दोपहर वह पड़ोस में रहने वाले सब्जी विक्रेता बन्ने की बेटी पंखुरी (5) के साथ घर के पास खेल रहा था। कुछ देर बाद परिजनों का ध्यान बच्चों की तरफ गया तो शारदा और पंखुरी नदारद थे। मुहल्ले में खोजबीन की गई लेकिन वे नहीं मिले।
इसके बाद परेशान होकर दोनों परिवार के लोगों ने खुल्दाबाद से लेकर चौफटका, रेलवे स्टेशन, बस अडडे, अस्पताल, बाजार में तलाश किया। तमाम रिश्तेदारों-परिचितों के यहां भी पूछ लिया लेकिन बच्चे नहीं मिले। देर शाम दोनों परिवार के लोगों ने खुल्दाबाद थाने जाकर इंस्पेक्टर कौशल कुमार यादव से अपना दुखड़ा रोया तो पुलिस ने भी खोजबीन शुरू कर दी। पांच साल के दो बच्चे खुद कहां चले जाएंगे? यह सवाल परिजनों और पुलिस को मथ रहा है। उनके अपहरण का भी अंदेशा जताया जा रहा है। पुलिस और परिजन बच्चों की तस्वीर लेकर देर रात तक शहर में भटकते रहे।
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पुरुषोत्तम नगर हिम्मतगंज में रहने वाले जलकल विभाग कर्मचारी धर्मपाल के तीन बेटों और तीन बेटियों में सबसे छोटा पांच वर्षीय शारदा प्रसाद नगर निगम के स्कूल में नर्सरी में पढ़ता है। शनिवार दोपहर वह पड़ोस में रहने वाले सब्जी विक्रेता बन्ने की बेटी पंखुरी (5) के साथ घर के पास खेल रहा था। कुछ देर बाद परिजनों का ध्यान बच्चों की तरफ गया तो शारदा और पंखुरी नदारद थे। मुहल्ले में खोजबीन की गई लेकिन वे नहीं मिले।
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इसके बाद परेशान होकर दोनों परिवार के लोगों ने खुल्दाबाद से लेकर चौफटका, रेलवे स्टेशन, बस अडडे, अस्पताल, बाजार में तलाश किया। तमाम रिश्तेदारों-परिचितों के यहां भी पूछ लिया लेकिन बच्चे नहीं मिले। देर शाम दोनों परिवार के लोगों ने खुल्दाबाद थाने जाकर इंस्पेक्टर कौशल कुमार यादव से अपना दुखड़ा रोया तो पुलिस ने भी खोजबीन शुरू कर दी। पांच साल के दो बच्चे खुद कहां चले जाएंगे? यह सवाल परिजनों और पुलिस को मथ रहा है। उनके अपहरण का भी अंदेशा जताया जा रहा है। पुलिस और परिजन बच्चों की तस्वीर लेकर देर रात तक शहर में भटकते रहे।
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