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बेली अस्पताल के अधीक्षक पर हमला, दौड़ा-दौड़ाकर पीटा

Fri, 17 Nov 2017 01:31 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Fri, 17 Nov 2017 01:31 AM IST
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Belly hospital superintendent attacked, beaten and beaten
इलाहाबाद - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
बेली अस्पताल में बृहस्पतिवार सुबह मेडिकल बनाने से इंकार करना अधीक्षक को भारी पड़ गया। आरोपियों ने अधीक्षक डॉ. आरएस ठाकुर पर उनके कक्ष में ही हमला कर दिया। आरोप है कि हमलावरों ने तोड़फोड़ करते हुए डॉक्टर पर कुर्सियां फेंकीं। फिर अस्पताल परिसर में दौड़ा-दौड़ाकर उन्हें पीटा। अधीक्षक का आरोप है कि वे फर्जी मेडिको लीगल करा तुरंत रिपोर्ट चाह रहे थे। सूचना पर वहां पुलिस और प्रशासनिक अफसर पहुंचे। घटना से आक्रोशित अस्पताल के डॉक्टरों और कर्मचारियों को आश्वासन देकर स्थिति संभाली। पीएमएस संघ ने आरोपियों की गिरफ्तारी न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। मामले में कैंट पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है।
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घटना बेली अस्पताल में करीब दस बजे हुई। अधीक्षक डॉ. आरएस ठाकुर ने आरोप लगाया कि उनके कक्ष में आए चार लोग एक फर्जी मेडिकल (मेडिको लीगल) रिपोर्ट बनाने का दबाव बनाने लगे।  आरोपियों से संबंधित कागज कार्यालय में जमा करने को कहने पर वे गालीगलौज करते हुए उनके साथ मारपीट करने लगे। वह बाहर निकलने लगे तो उन्हें घेर लिया और मेज पर कुर्सी पटककर तोड़फोड़ शुरू कर दी। डॉक्टर के मुताबिक इस बीच मौका पाकर वह बाहर निकले तो उन्हें दौड़ा-दौड़ाकर मुक्कों से पीटा गया। सीएमएस कक्ष में पहुंचकर उन्होंने किसी तरह जान बचाई और डॉ. नीति श्रीवास्तव को घटना के बारे में जानकारी दी। तब तक वहां जुटी भीड़ देखकर आरोपी हमलावर भाग निकले। इस दौरान अस्पताल में अफरातफरी मची रही। कई घंटे चिकित्सा कार्य भी बाधित रहा। एडीएम सिटी, सीओ, एसओ कैंट और एसीएम ने पहुंचकर किसी तरह नाराज अस्पताल कर्मियों को शांत कराया। डॉ. ठाकुर की तहरीर पर कैंट थाने में मामला दर्ज किया गया।
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वहीं पीएमएस संघ के सचिव डॉ. पद्माकर ने घटना को गंभीरता से लेते हुए आपात बैठक बुलाई। प्रस्ताव पास किया गया कि आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो डॉक्टर और अस्पताल कर्मी आंदोलन करने को बाध्य होंगे। डॉ. पद्माकर के मुताबिक हमलावरों में जग नारायन और सुधाकर और दो अज्ञात लोग शामिल हैं। मामले की जानकारी जिला और पुलिस अफसरों को दे दी गई है। डीएम और एसएसपी को कार्रवाई के लिए ज्ञापन भी दिया गया। 
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