शहर पश्चिमी विधानसभा : सिद्धार्थनाथ की जीत में निर्णायक साबित हुआ यह फैक्टर
शहर पश्चिम जो माफिया अतीक अहमद का गढ़ माना जाता रहा है। यहां बीते पांच वर्ष में सिद्धार्थ नाथ के नेतृत्व में तमाम विकास कार्य तो हुए ही साथ ही यहां सीएम योगी के ‘बुलडोजर’ ने भी माफिया को बड़ी चोट पहुंचाई। यहां माफिया अतीक एवं उसके कई गुर्गों के अवैध निर्माण योगी सरकार ने ध्वस्त किए। इससे कहीं न कही लोगों के मन में भाजपा के प्रति विश्वास भी बढ़ा।
विस्तार
शहर पश्चिम विधानसभा सीट में कैबिनेट मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह लगातार दूसरी बार कमल खिलवाने में कामयाब हो गए। खास बात यह रही कि सिद्धार्थ नाथ ने जीत के साथ एक कीर्तिमान भी अपने नाम किया। अब तक हुए विधानसभा चुनाव में यह पहला मौका है, जब यहां पहली बार किसी दल के प्रत्याशी ने एक लाख से ज्यादा मत हासिल किए। उनकी इस जीत में सीएम योगी का ‘बुलडोजर ’ निर्णायक साबित हुआ।
शहर पश्चिम जो माफिया अतीक अहमद का गढ़ माना जाता रहा है। यहां बीते पांच वर्ष में सिद्धार्थ नाथ के नेतृत्व में तमाम विकास कार्य तो हुए ही साथ ही यहां सीएम योगी के ‘बुलडोजर’ ने भी माफिया को बड़ी चोट पहुंचाई। यहां माफिया अतीक एवं उसके कई गुर्गों के अवैध निर्माण योगी सरकार ने ध्वस्त किए। इससे कहीं न कही लोगों के मन में भाजपा के प्रति विश्वास भी बढ़ा।
माफिया अतीक की जमीन पर बन रहा है गरीबों का घर
इसके अलावा अतीक अहमद द्वारा लूकरगंज में कब्जाई गई जमीन को मुक्त करवाकर पिछले वर्ष ही वहां गरीबों के लिए आवास बनाने का भी कार्य शुरू किया गया। इसके अलावा विधि विश्वविद्यालय, एयरपोर्ट, सूबेदारगंज स्टेशन को टर्मिनल के रूप में विकसित करना, नए ब्लॉक का गठन, सौ बेड का अस्पताल आदि कार्य भी बीते पांच वर्ष में हुए। इन कार्यों के बदले स्थानीय जनता ने अपना जनादेश देकर सिद्धार्थ नाथ सिंह को लगातार दूसरी बार चुनाव जिताया।
इस चुनाव में सिद्धार्थ का मुकाबला पिछली बार की तरह सपा की रिचा सिंह से ही हुआ। सिद्धार्थ नाथ को जहां 117716 मत मिले तो वहीं रिचा के खाते में 88181 मत आए। इसके पूर्व वर्ष 2017 के चुनाव में सिद्धार्थ नाथ के खाते में 85518 एवं रिचा सिंह को 60182 मत मिले थे।
विधायक की प्रोफाइल
कैबिनेट मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह योगी सरकार के प्रवक्ता भी हैं। पूर्व पीएम लाल बहादुर शास्त्री के नाती सिद्धार्थ नाथ सिंह 1997 से भाजपा में सक्रिय हैं। वह पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता भी रह चुके हैं। 2017 के चुनाव में वह पहली बार विधायक का चुनाव लड़े और उसमें उन्होंने जीत हासिल की। अपने दूसरे चुनाव में भी वह जीत हासिल करने में कामयाब रहे।
प्राथमिकताएं
सिद्धार्थ नाथ ने कहा कि शहर पश्चिम में अब दोगुनी रफ्तार से विकास कार्य होंगे। यहां माफियाओं की अवैध निर्माण पर बुलडोजर चलता रहेगा। उनसे जो जमीन मुक्त करवाई जा रही है वहां स्टेडियम, अधिवक्ताओं के आवास आदि का निर्माण होगा। लोगों ने विकास और सुरक्षा को लेकर मतदान किया। सरकार इस दिशा में और बेहतर कार्य करेगी।
किसको कितनेे मिले वोट
सिद्धार्थ नाथ सिंह भाजपा 117716
रिचा सिंह सपा 88181
गुलाम कादिर बसपा 7541
तस्लीमुद्दीन कांग्रेस 2278
अन्य प्रत्याशी
अजीत कुमार चौधरी 1079, कमलेश कुमार सिंह 359, दिलशाद अहमद 260, सुष्मिता राधव 595, अजय कुमार गुप्ता 459, कमर जहां 357, गणेश जी त्रिपाठी 337, सकलैन मुश्ताक 374
नोटा 1513