मंत्री सूर्य प्रताप शाही बोले: खराब पड़े सरकारी नलकूप 36 घंटे के अंदर हों सुचारू, सफाई व्यवस्था में न रहे कमी
प्रदेश के कृषि शिक्षा एवं कृषि संसाधन विभाग मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने कलेक्ट्रेट में मीडियाकर्मियों से रूबरू होकर कहा कि उन्होंने विकास कार्यों व कानून व्यवस्था को लेकर समीक्षा की है। विकास कार्यों की गति और कानून व्यवस्था संतोषजनक स्थिति में मिली है। विद्युत आपूर्ति को मानकों के अनुसार सुनिश्चित कर सुचारू करने और नगरी क्षेत्र में सफाई व्यवस्था चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए गए हैं।
विस्तार
अलीगढ़ के कलेक्ट्रेट सभागार में प्रदेश के कृषि शिक्षा एवं कृषि संसाधन विभाग मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक कर विकास कार्यों और कानून व्यवस्था की समीक्षा की। उनहोंने बैठक में स्वच्छता और विकास कार्यों को समय पर पूरा करने के साथ विद्युत आपूर्ति सुचारू करने के निर्देश दिए।
प्रदेश के कृषि शिक्षा एवं कृषि संसाधन विभाग मंत्री सूर्य प्रताप शाही कलेक्ट्रेट में मीडियाकर्मियों से रूबरू हुए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों व कानून व्यवस्था को लेकर समीक्षा की गई है। विकास कार्यों की गति और कानून व्यवस्था संतोषजनक स्थिति में मिली है, उन्होंने अधिकारियों को विद्युत आपूर्ति को मानकों के अनुसार सुनिश्चित कर सुचारू करने, नगरी क्षेत्र में सफाई व्यवस्था चाक-चौबंद रखने के निर्देश दिए गए हैं। कहा कि आयुष्मान भारत योजना के तहत लाभार्थियों को गोल्डन कार्ड शीघ्र उपलब्ध कराएं जाएं। खराब पड़े सरकारी नलकूपों को 36 घंटे के अंदर सही कराकर सुचारू किया जाए।
उन्होंने कहा, प्रदेश में आगामी सप्ताह से 10,000 सोलर पंप लगाए जाएंगे, जिसके लिए ऑनलाइन व्यवस्था की गई है। जो किसान पहले आवेदन करेगा, वह पहले पाएगा, सरकार बिना भेदभाव के पहले आओ और पहले पाओ की नीति पर अमल कर रही है। कृषि मंत्री ने मलिन बस्ती में निरीक्षण के दौरान सफाई व्यवस्था चाक-चौबंद बताने के साथ नगर निगम की कार्यप्रणाली पर 80 फीसदी संतोष जाहिर किया और 20 फीसदी कमियों को सुधारने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पूर्व की सरकारों के कार्यकाल में अलीगढ़ की सड़कें बदहाल और सफाई की व्यवस्था बहुत खराब थी।
वहीं सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि भाजपा से पूर्व की 15 वर्ष प्रदेश पर प्रशासन करने वाली सरकारों ने मेडिकल कॉलेजों की स्थापना नहीं करने के साथ डॉक्टरों को तैयार नहीं किया। वर्तमान की भाजपा सरकार ने मेडिकल कॉलेजों की स्थापना करने के साथ डॉक्टरों को तैयार करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है एक-दो दिन में डॉक्टर तैयार नहीं होता है, एक डॉक्टर तैयार होने में छह-सात साल लगते हैं। सरकारी अस्पतालों में आगामी समय में शीघ्र ही डॉक्टरों की कमियों को दूर किया जाएगा।