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कोविड अस्पताल में बदइंतजामी से परेशान बुजुर्ग निजी अस्पताल पहुंचीं
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पंडित दीन दयाल उपाध्याय संयुक्त चिकित्सालय।
- फोटो : CITY OFFICE
पं. दीनदयाल उपाध्याय संयुक्त चिकित्सालय (कोविड 19 अस्पताल) में बदइंतजामी से परेशान बुजुर्ग महिला दिल्ली के निजी हॉस्पिटल में भर्ती हो गई है। नाराज परिजनों का कहना है कि वह कोविड अस्पताल में फैली अव्यवस्थाओं की शिकायत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से करेंगे।
जेल रोड स्थित आवास विकास कॉलोनी निवासी 69 वर्षीय महिला कोरोना वायरस से संक्रमित हो गई थीं। शुक्रवार दोपहर करीब दो बजे महिला को एंबुलेंस से दीनदयाल कोविड अस्पताल में भर्ती कराया गया। परिजनों के मुताबिक, कोरोना से घबराई महिला बिना कुछ खाए अस्पताल चली गई थीं, वहां खाने-पीने के लिए भी कुछ नहीं दिया गया।
शाम पांच बजे चाय मिली। तकिया और चादर भी नहीं दिया गया। परिजनों का आरोप है कि शौचालय गंदे थे। इंडियन टॉयलेट में टूटी कुर्सी रखकर यूरोपियन स्टाइल का टॉयलेट बना दिया गया था। पति का कहना है कि उनकी पत्नी के दोनों घुटने का ऑपरेशन हुआ है, वह बैठ नहीं सकती हैं। शौचालय में गंदगी थी और सुबह पानी के लिए भी इंतजार करना पड़ा। परिजनों ने डीएम कंट्रोल रूम में भी शिकायत की, लेकिन कुछ खास नहीं हुआ। उन्होंने बताया कि बड़ी मुश्किल से महिला को दीनदयाल अस्पताल से डिस्चार्ज कराकर दिल्ली के निजी हॉस्पिटल में भर्ती कराया है। वह इसकी शिकायत मुख्यमंत्री से भी करेंगे।
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वार्ड में नहीं आते डॉक्टर-नर्स
पति का आरोप है कि उनकी पत्नी वार्ड नंबर एक में 31 नंबर बेड पर भर्ती हुई थीं। वार्ड में डॉक्टर एवं नर्स नहीं आए। बाहर बुलाकर दवा एवं चाय दी गई।
अभी तक घर नहीं किया गया सैनिटाइज
जिला प्रशासन का आदेश है कि कोरोना मरीज मिलने के बाद उसके घर एवं आसपास के क्षेत्र को स्वच्छ (सैनिटाइज) किया जाएगा। लेकिन हकीकत में ऐसा नहीं हो रहा है। महिला के परिजनों का कहना है कि स्वास्थ्य विभाग ने घर के अन्य सदस्यों एवं आसपास के लोगों की सैंपलिंग की है लेकिन नगर निगम ने घर एवं आसपास के क्षेत्र को अभी तक स्वच्छ नहीं किया है।
जहां 30-40 लोग हैं, वहां थोड़ी-बहुत गंदगी कभी-कभी हो जाती है। हालांकि सूचना पर तुरंत सफाई करा देते हैं। अधिक खर्च होने पर पानी खत्म हो जाता है। टंकी की क्षमता सीमित है। सूचना के बाद बिना विलंब टंकी भर दी जाती है। अस्पताल में हमलोग सभी को बराबर की नजर से देखते है और सभी संभव सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास करते हैं। डॉक्टर व स्टाफ राउंड पर जाते हैं। - डॉ. एबी सिंह, सीएमएस
कोविड अस्पताल में हर संभव सुविधा उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाता है। कई लोगों की ड्यूटी लगाई है। परिजनों की जो भी शिकायत है, उसका पता कराता हूं। अगर व्यवस्था में कोई कमी होगी तो उसे दूर किया जाएगा। मरीजों की सुविधा एवं सफाई व्यवस्था में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
- डॉ. बीपी सिंह कल्याणी, सीएमओ
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जेल रोड स्थित आवास विकास कॉलोनी निवासी 69 वर्षीय महिला कोरोना वायरस से संक्रमित हो गई थीं। शुक्रवार दोपहर करीब दो बजे महिला को एंबुलेंस से दीनदयाल कोविड अस्पताल में भर्ती कराया गया। परिजनों के मुताबिक, कोरोना से घबराई महिला बिना कुछ खाए अस्पताल चली गई थीं, वहां खाने-पीने के लिए भी कुछ नहीं दिया गया।
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शाम पांच बजे चाय मिली। तकिया और चादर भी नहीं दिया गया। परिजनों का आरोप है कि शौचालय गंदे थे। इंडियन टॉयलेट में टूटी कुर्सी रखकर यूरोपियन स्टाइल का टॉयलेट बना दिया गया था। पति का कहना है कि उनकी पत्नी के दोनों घुटने का ऑपरेशन हुआ है, वह बैठ नहीं सकती हैं। शौचालय में गंदगी थी और सुबह पानी के लिए भी इंतजार करना पड़ा। परिजनों ने डीएम कंट्रोल रूम में भी शिकायत की, लेकिन कुछ खास नहीं हुआ। उन्होंने बताया कि बड़ी मुश्किल से महिला को दीनदयाल अस्पताल से डिस्चार्ज कराकर दिल्ली के निजी हॉस्पिटल में भर्ती कराया है। वह इसकी शिकायत मुख्यमंत्री से भी करेंगे।
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वार्ड में नहीं आते डॉक्टर-नर्स
पति का आरोप है कि उनकी पत्नी वार्ड नंबर एक में 31 नंबर बेड पर भर्ती हुई थीं। वार्ड में डॉक्टर एवं नर्स नहीं आए। बाहर बुलाकर दवा एवं चाय दी गई।
अभी तक घर नहीं किया गया सैनिटाइज
जिला प्रशासन का आदेश है कि कोरोना मरीज मिलने के बाद उसके घर एवं आसपास के क्षेत्र को स्वच्छ (सैनिटाइज) किया जाएगा। लेकिन हकीकत में ऐसा नहीं हो रहा है। महिला के परिजनों का कहना है कि स्वास्थ्य विभाग ने घर के अन्य सदस्यों एवं आसपास के लोगों की सैंपलिंग की है लेकिन नगर निगम ने घर एवं आसपास के क्षेत्र को अभी तक स्वच्छ नहीं किया है।
जहां 30-40 लोग हैं, वहां थोड़ी-बहुत गंदगी कभी-कभी हो जाती है। हालांकि सूचना पर तुरंत सफाई करा देते हैं। अधिक खर्च होने पर पानी खत्म हो जाता है। टंकी की क्षमता सीमित है। सूचना के बाद बिना विलंब टंकी भर दी जाती है। अस्पताल में हमलोग सभी को बराबर की नजर से देखते है और सभी संभव सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रयास करते हैं। डॉक्टर व स्टाफ राउंड पर जाते हैं। - डॉ. एबी सिंह, सीएमएस
कोविड अस्पताल में हर संभव सुविधा उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाता है। कई लोगों की ड्यूटी लगाई है। परिजनों की जो भी शिकायत है, उसका पता कराता हूं। अगर व्यवस्था में कोई कमी होगी तो उसे दूर किया जाएगा। मरीजों की सुविधा एवं सफाई व्यवस्था में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
- डॉ. बीपी सिंह कल्याणी, सीएमओ