Aligarh News: 40 दिन में कोर्ट ने सुनाया फैसला, किशोरी से दुष्कर्म में 20 साल कारावास
घर में किशोरी अकेली थी, जो शारीरिक व मानसिक रूप से कमजोर है। ठीक से बोल नहीं पाती है। आरोप लगाया कि तभी पड़ोसी घर में घुस आया और किशोरी से दुष्कर्म किया।
विस्तार
अलीगढ़ के थाना गभाना क्षेत्र में मानसिक रूप से कमजोर किशोरी से दुष्कर्म के मामले में दोषी को एडीजे पाॅक्सो सुरेंद्र मोहन सहाय की अदालत ने 20 साल कारावास की सजा व 50 हजार रुपये के जुर्माने से दंडित किया है। इसमें से 40 हजार रुपये बतौर क्षतिपूर्ति पीड़िता को देने के आदेश दिए हैं। इस प्रकरण में सबसे खास बात यह है कि अदालत ने आरोप तय होने के 40 दिन के अंदर ही अपना फैसला सुनाया है।
घटना पांच सितंबर 2024 की है। थाना गभाना क्षेत्र के एक गांव में रहने वाली 17 साल की किशोरी के पिता नोएडा में नौकरी करते हैं। पिता ने तहरीर देकर कहा था कि सुबह नौ बजे सभी लोग चारा लेने खेत पर गए थे। घर में बेटी अकेली थी, जो शारीरिक व मानसिक रूप से कमजोर है। ठीक से बोल नहीं पाती है। आरोप लगाया कि तभी पड़ोसी सचिन उर्फ सच्चू घर में घुस आया और किशोरी से दुष्कर्म किया। किशोरी की चीख-पुकार पर आसपास के लोग दौड़े, उनकी आहट पर आरोपी भाग गया। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी सचिन उर्फ सच्चू को गिरफ्तार करते हुए जेल भेज दिया था।
40 दिन में आया फैसला
मामले में 18 अक्तूबर को सचिन के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की गई। 19 दिसंबर 2024 को सचिन पर आरोप तय करने की प्रक्रिया पूरी की गई। आठ गवाहों में पहली गवाही किशोरी के पिता की चार जनवरी को, छह जनवरी को पीड़िता व एक चश्मदीद की गवाही, नौ जनवरी को थाने के मुंशी सुरजीत यादव व एक महिला चश्मदीद की गवाही, 13 जनवरी को डाॅ. खानचंद, डाॅ. रचना सिंह व विवेचक गजेंद्र सिंह की गवाही कराई गई। 15 जनवरी को सफाई साक्ष्य संकलन, 18 को बहस शुरू हुई, जो 20 जनवरी को पूरी हुई। फैसला सुनाने के लिए 30 जनवरी की तिथि नियत की गई। अदालत ने साक्ष्यों व गवाहों के आधार पर सचिन को 20 साल की सजा सुनाई है।
किशोरी से दुष्कर्म में 20 साल कारावास, 50 हजार जुर्माना
थाना टप्पल क्षेत्र में किशोरी से दुष्कर्म के मामले में एडीजे पाॅक्सो प्रथम राजीव शुक्ल की अदालत ने दोषी को 20 साल कारावास की सजा व 50 हजार रुपये के जुर्माने से दंडित किया है। 25 हजार रुपये पीड़िता को देने के आदेश दिए हैं। घटना 17 फरवरी 2021 को सुबह 11 बजे की है। मामले में टप्पल क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला ने तहरीर देकर कहा था कि देहलीगेट क्षेत्र का आसिफ उर्फ आस मोहम्मद उर्फ आसू उनकी 13 साल की बेटी को बहला-फुसलाकर ले गया है।
महिला खेत में चारा लेने गई थीं। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर किशोरी को तलाश कर लिया। किशोरी ने अपने बयान में उसने कहा कि आसिफ ने उसके साथ दुष्कर्म किया था। इस पर आसिफ के खिलाफ दुष्कर्म आदि में चार्जशीट लगाई गई। अदालत ने साक्ष्यों व गवाहों के आधार पर आसिफ को दोषी मानते हुए 20 साल की सजा सुनाई है।