{"_id":"641407e1b03b80a4ce0c8733","slug":"in-laws-forgery-for-bail-revealed-through-rti-2023-03-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Agra: जमानत के लिए ससुराल वालों ने किया फर्जीवाड़ा, RTI से हुआ खुलासा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Agra: जमानत के लिए ससुराल वालों ने किया फर्जीवाड़ा, RTI से हुआ खुलासा
Fri, 17 Mar 2023 11:55 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Fri, 17 Mar 2023 11:55 AM IST
सार
पुलिस आयुक्त से शिकायत की थी। बताया कि वर्ष 2021 में ससुरालियों के खिलाफ थाना अछनेरा में दहेज उत्पीड़ऩ, मारपीट और गालीगलौज का मामला दर्ज कराया था।
विज्ञापन
आगरा का न्यू आगरा थाना
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आगरा में एक महिला ने ससुराल वालों के खिलाफ दहेज उत्पीड़ऩ का मामला दर्ज कराया था। ससुराल के लोगों ने जमानत के लिए फर्जी जमानतदार लगा दिए। मामला सूचनाधिकार के तहत सूचना मांगने पर खुला। अब थाना न्यू आगरा में ससुराल के लोगों और फर्जी जमानतदारों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।
अछनेरा निवासी भूमिका वर्मा ने केस दर्ज कराया है। उन्होंने पुलिस आयुक्त से शिकायत की थी। बताया कि वर्ष 2021 में ससुरालियों के खिलाफ थाना अछनेरा में दहेज उत्पीड़ऩ, मारपीट और गालीगलौज का मामला दर्ज कराया था। फर्जी खतौनी और आधार कार्ड से विद्यापुर, किरावली निवासी अशोक कुमार और राजकुमार के नाम से दो अगस्त 2022 को ससुर कमलकांत की जमानत ली गई। 25 अगस्त 2022 को जन्मतिथि और फोटो बदलकर सास उमा वर्मा की जमानत ले ली।
मामले में अशोक, राजकुमार, कमलकांत वर्मा और उमा वर्मा के खिलाफ केस दर्ज किया गया। जमानतदारों के फर्जी होने का पता सूचना अधिकार के तहत सूचना मांगने पर चल सका। शहर में यह कोई पहला मामला नहीं है। पूर्व में फर्जी जमानतदारों के मामले में मुकदमे दर्ज हो चुके हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
अछनेरा निवासी भूमिका वर्मा ने केस दर्ज कराया है। उन्होंने पुलिस आयुक्त से शिकायत की थी। बताया कि वर्ष 2021 में ससुरालियों के खिलाफ थाना अछनेरा में दहेज उत्पीड़ऩ, मारपीट और गालीगलौज का मामला दर्ज कराया था। फर्जी खतौनी और आधार कार्ड से विद्यापुर, किरावली निवासी अशोक कुमार और राजकुमार के नाम से दो अगस्त 2022 को ससुर कमलकांत की जमानत ली गई। 25 अगस्त 2022 को जन्मतिथि और फोटो बदलकर सास उमा वर्मा की जमानत ले ली।
विज्ञापन
मामले में अशोक, राजकुमार, कमलकांत वर्मा और उमा वर्मा के खिलाफ केस दर्ज किया गया। जमानतदारों के फर्जी होने का पता सूचना अधिकार के तहत सूचना मांगने पर चल सका। शहर में यह कोई पहला मामला नहीं है। पूर्व में फर्जी जमानतदारों के मामले में मुकदमे दर्ज हो चुके हैं।
विज्ञापन