अंधेर नगरी, रोशन राजा: आगरा में 9500 से अधिक स्ट्रीट लाइटें बंद, चमक रहे वीआईपी इलाके
केवल गलियों नहीं, बल्कि मुख्य मार्ग, फ्लाईओवर, 100 फुटा रोड तक पर 9500 से ज्यादा स्ट्रीट लाइटें मानसून में बंद होने से शहर की गलियों, सड़कों में अंधेरा है। पार्षदों का कहना है कि उनके वार्ड में 100-110 स्ट्रीट लाइटें बंद पड़ी हैं। शहर में सौ वार्ड हैं।
विस्तार
अंधेर नगरी और रोशन राजा। ये हेडलाइन शहर के उन लोगों ने आज दी है जो बारिश के इन दिनों में अंधेरी सड़कों से गुजरकर घर पहुंच रहे हैं, जबकि नगर निगम अफसर, सरकारी कॉलोनियों, वीआईपी नेताओं के घरों के पास रात में भी दिन जैसा उजियारा है।
जल निगम ने शहर में 109 किमी लंबी सड़कें खोदी हुई हैं, जो इस मानसून में बेहद घातक साबित हो रही हैं लेकिन उन्हीं इलाकों में सबसे ज्यादा स्ट्रीट लाइटें खराब हैं।
केवल गलियों नहीं, बल्कि मुख्य मार्ग, फ्लाईओवर, 100 फुटा रोड तक पर 9500 से ज्यादा स्ट्रीट लाइटें मानसून में बंद होने से शहर की गलियों, सड़कों में अंधेरा है। पार्षदों का कहना है कि उनके वार्ड में 100-110 स्ट्रीट लाइटें बंद पड़ी हैं। शहर में सौ वार्ड हैं।
ईईएसएल, नगर निगम के बीच झूल रहीं शिकायतें
शहर में 9500 से ज्यादा स्ट्रीट लाइटें खराब पड़ी हैं। शाहगंज, कैलाशपुरी, दयालबाग, अवधपुरी, राजपुर चुंगी, आवास विकास कॉलोनी, विजय नगर कॉलोनी, अलबतिया रोड, मारुति एस्टेट, पश्चिमपुरी, दहतोरा रोड, बल्केश्वर, यमुनापार टेढ़ी बगिया, राजनगर सहित शहर की अंदरूनी सड़कों से लेकर हाईवे तक पर अंधेरा पसरा है। वेस्टर्न जोन में सड़कें टूटी हैं। लोग शिकायतें करते हैं लेकिन ईईएसएल और नगर निगम के बीच शिकायतें झूल रही हैं। ईईएसएल कंपनी के कर्मचारी नगर निगम की लाइट बताकर चले जाते हैं जबकि नगर निगम के कर्मचारी ईईएसएल पर जिम्मेदारी डाल रहे हैं। इस उलझन में सड़कों पर हुए गड्ढों पर लोग रात में चोटिल हो रहे हैं। सेक्टर 4, आवास विकास कॉलोनी और टेढ़ी बगिया में बाइक सवारों के नाले में गिरने की मुख्य वजह अंधेरा ही रहा।
अफसर भी नहीं बताते
नगर आयुक्त निखिल टी फुंडे ने नगर निगम की व्यवस्थाएं सुधारने के लिए सभी कर्मचारियों से बैठक कर कहा था कि जब भी वह घर जाएं और अपने घर के रास्ते में कोई परेशानी देखें तो नगर निगम के अधिकारियों को जरूर बताएं, लेकिन ऐसा हुआ नहीं। नगर निगम के ही अधिकारी जिन रूट से घर जाते हैं, उन्हीं पर लाइटें बंद हैं। चारों जोनल ऑफिसों से कर्मचारियों ने भी शिकायतों पर कार्रवाई न होते देख बताना बंद कर दिया।
गुरुद्वारा गुरु का ताल फ्लाईओवर पर अंधेरा
नगर आयुक्त खुद सिकंदरा में मरियम टूम के पास रहते हैं। ऑफिस आने-जाने में वह गुरुद्वारा गुरु का ताल फ्लाईओवर का उपयोग करते हैं। इसी रास्ते पर पूरी स्ट्रीट लाइटें बंद हैं। पुल की अधिकांश लाइटें चोरी हो चुकी हैं। गुरु तेग बहादुर कॉलोनी के निवासी प्रवीन के मुताबिक कई स्ट्रीट लाइटें उन्होंने कुछ कर्मचारियों को ही खोलते हुए देखा है। ठीक करने के बहाने यहीं से लाइटें उतारकर बेच देते हैं।
गड्ढे में गिरकर घायल हो रहे लोग
सेक्टर चार के खुले पड़े नाले और टूटी पुलिया में मेरा भाई अंधेरे के कारण गिर गया। बोदला रोड, जगदीशपुरा में तीन गलियों में अंधेरा है, पर कोई सुनवाई नहीं। - सुमन कर्दम, जगदीशपुरा
सड़क पर गड्ढे हैं, जलभराव भी हो रहा है। मैं दो बार अंधेरे में सड़क के गड्ढे में गिरकर घायल हो चुका हूं। स्ट्रीट लाइटें ठीक हों तो दिखाई तो दे जाए कि रास्ते में गड्ढा है। -अनिल शर्मा, अवधपुरी