{"_id":"5b23cb984f1c1bb16e8b800e","slug":"91529072536-agra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिले में 44 विद्यालयों की फीस 20 हजार से अधिक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिले में 44 विद्यालयों की फीस 20 हजार से अधिक
Updated Fri, 15 Jun 2018 08:08 PM IST
विज्ञापन
डैमो
मथुरा। जनपद में सीबीएसई और आईसीएसई के 44 विद्यालय ऐसे हैं, जिनकी फीस 20 हजार रुपये से भी अधिक है। इन सभी विद्यालयों के स्तर से उपलब्ध कराए गए फीस विवरण को मंडलीय कमेटी के समक्ष भेज दिया गया है।
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा सीबीएसई और आईसीएसई के उन विद्यालयों पर शिकंजा कसने के लिए की गई व्यवस्था कछुआ गति से आगे बढ़ रही है। जनपद में अब तक 44 ऐसे विद्यालय सामने आए हैं, जो 20 हजार रुपये से भी अधिक फीस वसूलते हैं। इसमें सीबीएसई के 40 और आईसीएसई के 4 विद्यालय शामिल हैं।
इन सभी विद्यालयों को अब नए एक्ट के तहत व्यवस्थाएं करनी हैं। इसमें प्रत्येक साल प्रवेश फीस लेने पर प्रतिबंध, पुस्तकों के लिए दुकान का निर्धारण, हर साल यूनीफार्म बदलने पर कार्यवाही होनी है।
विज्ञापन
डीआईओएस केपी सिंह ने बताया कि किसी अभिभावक को फीस आदि की शिकायत है तो मंडलीय समिति के समक्ष कर सकता है। अब किसी भी विद्यालय की मनमानी नहीं चलने दी जाएगी। विद्यालयों की सूचनाएं मंडल स्तर पर भेज दी गई हैं। अभी कुछ विद्यालय सूचनाएं नहीं दे रहे हैं, उनके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।
विज्ञापन
उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा सीबीएसई और आईसीएसई के उन विद्यालयों पर शिकंजा कसने के लिए की गई व्यवस्था कछुआ गति से आगे बढ़ रही है। जनपद में अब तक 44 ऐसे विद्यालय सामने आए हैं, जो 20 हजार रुपये से भी अधिक फीस वसूलते हैं। इसमें सीबीएसई के 40 और आईसीएसई के 4 विद्यालय शामिल हैं।
विज्ञापन
इन सभी विद्यालयों को अब नए एक्ट के तहत व्यवस्थाएं करनी हैं। इसमें प्रत्येक साल प्रवेश फीस लेने पर प्रतिबंध, पुस्तकों के लिए दुकान का निर्धारण, हर साल यूनीफार्म बदलने पर कार्यवाही होनी है।
विज्ञापन
डीआईओएस केपी सिंह ने बताया कि किसी अभिभावक को फीस आदि की शिकायत है तो मंडलीय समिति के समक्ष कर सकता है। अब किसी भी विद्यालय की मनमानी नहीं चलने दी जाएगी। विद्यालयों की सूचनाएं मंडल स्तर पर भेज दी गई हैं। अभी कुछ विद्यालय सूचनाएं नहीं दे रहे हैं, उनके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।