गणतंत्र दिवस के अवसर पर राजभवन में ‘ऐट होम’ का आयोजन, ये दिग्गज हुए शामिल
राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने गणतंत्र दिवस के अवसर पर राजभवन में ‘ऐट होम’ का आयोजन किया। लेडी गवर्नर दर्शना देवी, मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर और उनकी पत्नी साधना ठाकुर भी इस अवसर पर उपस्थित थीं।राज्यपाल ने इस अवसर पर कहा कि गणतंत्र दिवस देश व प्रदेश को विकास के पथ पर आगे ले जाने का दिन है। उन्होंने राज्य में सुसंस्कृत माहौल बनाने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि हमारे स्वतंत्रता सेनानियों तथा क्रांतिकारियों ने हमें यह अवसर प्रदान किया है, जिसके लिए हम उनके आभारी हैं। प्रत्येक व्यक्ति को सन्तों द्वारा स्थापित हमारी समृद्ध परम्पराओं के संरक्षण में योगदान करना चाहिए।उन्होंने कहा कि हम देश के उन स्वतंत्रता सेनानियों एवं वीर सिपाहियों के ऋणी है, जिन्होंने देश की आज़ादी के लिए अपने प्राणों का बलिदान दिया।
उन्होंने कहा कि ईमानदारी और समर्पण की भावना से देश की सेवा करना हम सबका दायित्व है। उन्होंने राज्य तथा देश के विकास के लिए कार्य करने का आह्वान किया और कहा कि प्रत्येक व्यक्ति के जीवन का कोई न कोईउद्देश्य है और हमें एक शांतिपूर्ण एवं स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए योगदान करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि हमें देश व समाज की बेहतरी के लिए अपना जीवन समर्पित करने की शपथ लेनी चाहिए। राज्यपाल ने कहा कि राज्य में नशे पर अंकुश लगाया जाना चाहिए। राज्य का बहुमूल्य पर्यावरण बचाने के लिए बड़े पैमाने पर पौधरोपण किया जाना चाहिए और हमें जल संरक्षण की दिशा में कार्य करना चाहिए।
कहा कि हमें सौहार्दपूर्ण वातावरण उत्पन्न करने तथा किसानों की सुरक्षा के लिए शून्य लागत प्राकृतिक खेती पर कार्य करना चाहिए। इससे पूर्व, राज भवन के दरबार हॉल में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान जगत वर्मा ने देश भक्ति के गीत प्रस्तुत किए। मुख्यमंत्री ने उन्हें भी सम्मानित किया।
पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह, शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज, कांग्रेस विधायक दल के नेता मुकेश अग्निहोत्री, उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश संजय करोल, मुख्य सचिव विनीत चौधरी, आरट्रैक के जीओसी-इन-सी मेजर जनरल मनोज नरवाने, प्रदेश उच्च न्यायालय के न्यायाधीश विवेक सिंह ठाकुर, विधायकगण, नगर निगम शिमला की महापौर
कुसुम सदरेट, पुलिस महानिदेशक एस.आर. मरडी, अतिरिक्त मुख्य सचिव एवं मुख्य मंत्री की प्रधान सचिव मनीषा नन्दा सहित सिविल, पुलिस एवं सेना के वरिष्ठ अधिकारी, नौणी विश्वविद्यालय के कुलपति डा. एच.सी. शर्मा, स्वतंत्रता सेनानी, शहर के गणमान्य व्यक्ति भी इस अवसर पर उपस्थित थे।