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बागी होकर लड़ा था चुनाव, भाजपा से किया निष्कासित
ब्यूरो/अमर उजाला, बद्दी (सोलन)
Updated Mon, 21 Mar 2016 10:14 AM IST
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दर्शन सिंह सैणी 2007 और 2012 के विधानसभा चुनाव पार्टी से बगावत कर लड़े थे और दोनों ही बार चुनाव हार गए थे।
- फोटो : फाइल फोटो
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दून भाजपा ने पिछले चुनाव में बागी होकर चुनाव लड़ने वाले दर्शन सिंह सैणी को पार्टी से निष्कासित कर दिया है। रविवार को बद्दी में हुई दून भाजपा मंडल की बैठक में यह फैसला लिया गया। दर्शन सिंह सैणी 2007 और 2012 के विधानसभा चुनाव पार्टी से बगावत कर लड़े थे और दोनों ही बार चुनाव हार गए थे।
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2007 के विधानसभा चुनाव में दर्शन सिंह सैणी ने बसपा से चुनाव लड़ा था और 8700 वोट लिए थे। उसके बाद 2009 के लोक सभा चुनाव के दौरान भाजपा में शामिल हो गए थे। 2012 के चुनाव में सीटिंग विधायक होते हुए दर्शन सिंह लगातार टिकट की मांग करते रहे, लेकिन पार्टी ने उन्हें इंतजार करने और पार्टी की सेवा करने को कहा।
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विस चुनाव में भाजपा के सिटिंग विधायक को टिकट मिला तो दर्शन सिंह सैणी ने पार्टी से पुराने वायदे को तोड़ते हुए बतौर आजाद उम्मीदवार चुनाव लड़ा। इस चुनाव की खासियत यह थी दर्शन सिंह सैणी दूसरे स्थान पर रहे। उन्हें 11 हजार छह सौ वोट मिले थे। उसके बाद उन्होंने 2014 के लोक सभा चुनाव में पार्टी को माफीनामा देकर भाजपा में शामिल करने का करने आग्रह किया था पार्टी ने उनके आवेदन को मानते हुए उनका निलंबन रद्द कर दिया था।
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वहीं, दूसरी ओर रविवार को दून भाजपा मंडल के पदाधिकारियों की बैठक पार्टी कार्यालय में हुई। बैठक में दर्शन सिंह सैणी की कार्यप्रणाली पर प्रश्न चिह्न लगाते हुए उन्हें आजीवन पार्टी से निलंबित कर दिया है। मंडल के पदाधिकारियों ने सामूहिक तौर पर आरोप लगाया है कि दर्शन सिंह सैणी पंचायत चुनाव एवं नगर परिषद बद्दी के चुनाव में पार्टी विरोधी गतिविधियों में संलप्ति रहे।
सोशल मीडिया पर पार्टी लाइन से बाहर जाकर व्यक्तिगत प्रचार करने पर मंडल की बैठक में आरोप लगे। इसके अलावा व्यक्तिगत सुर्खियां बटोरने का जवाब देने के लिए नोटिस जारी किया गया था, लेकिन उन्होंने स्पष्टीकरण नहीं दिया। इस कारण उन्हें यह कदम उठाना पड़ा। उन्होंने इसकी प्रतिलिपियां प्रदेश अध्यक्ष सतपाल सती, विपक्ष के नेता प्रेम कुमार धूमल, जिला अध्यक्ष केएल ठाकुर और पार्टी के प्रांतीय कार्यालय शिमला भेज दी हैं।
मंडल अध्यक्ष बलबीर ठाकुर ने कहा कि पार्टी में किसी तरह अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वहीं, दर्शन सिंह सैणी ने बताया कि उन्हें ऐसी कोई सूचना नहीं मिली है। वे पार्टी के कार्य करते आ रहे और पार्टी के खिलाफ कोई भी कार्य नहीं किया है।
बैठक में मंडल अध्यक्ष बलबीर ठाकुर, प्रवक्ता तरसेम चौधरी, महामंत्री बलजीत सिंह नेगी, पूर्व विधायक विनोद चंदेल, कांति प्रकाश, गोपाल ठाकुर, बलविंद्र ठाकुर, हेमराज वर्मा, हुक्म चंद, पूर्ण चंद गुप्ता, जीत राम चौधरी, अमर चंद ठाणा, अमर सिंह ठाकुर, प्रीतम सैणी, रमा मेहता, प्रकाश चंद और हेतराम ने भाग लिया।
बागियों को बाहर का रास्ता दिखाने की कवायद शुरू- भाजपा ने जवाली से निर्दलीय चुनाव लडने वाले भाजपा नेता संजय गुलेरिया को जवाली मंडल ने निलंबित किया। इसके बाद निर्दलीय चुनाव लडने वाले नूरपुर के पूर्व विधायक राकेश पठानिया को
मंडल ने निलंबति किया अब दून में बागी नेता दर्शन सिंह सैणी को पार्टी से बाहर निकाल कर यह एक साल में तीसरी घटना है। पार्टी का कहना है कि जो बागी शामिल हुए उन्हें सयम रखना चाहिए। अगर वह अभी व्यक्तिगत प्रचार शुरू करेंगे तो वह बर्दाशत नहीं होगा।