सिक्किम भूस्खलन में बलिदान हुए पीलीभीत के हवलदार लखविंदर सिंह (38 वर्ष) की पार्थिव शरीर को बुधवार सुबह करीब साढ़े 10 बजे गांव धुरिया लाया गया। तिरंगे में लिपटे बलिदानी पति को देख पत्नी रुपिंदर कौर बिलख पड़ीं। उनकी गोद में ढाई माह की मासूम बेटी थी, वह भी बिलख रही थी। मासूम बेटा एकमजोत सिंह फूट-फूटकर रोया। बुजुर्ग माता-पिता बदहवास हो गए। यह दृश्य देखकर वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम हो गईं। बलिदानी लखविंदर सिंह की पार्थिव देह को उनके घर के बाहर रखा गया। उनके अंतिम दर्शन करने के लिए हजारों लोग पहुंचे। प्रशासन-पुलिस की तरफ से अधिकारियों ने बलिदानी को पुष्प अर्पित कर भावभीनी श्रद्धाजंलि दी। सेना के जवानों ने सलामी दी।इस दौरान भारत माता की जय, लखविंदर सिंह अमर रहें के नारे गूंजते रहे।
UP: बलिदानी लखविंदर सिंह की पार्थिव देह पहुंची गांव, तिरंगे को सीने से लगा रोई पत्नी, हर आंख हुई नम; तस्वीरें
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
Published by: मुकेश कुमार
Updated Wed, 04 Jun 2025 01:56 PM IST
सार
सिक्किम भूस्खलन में पीलीभीत के हवलदार लखविंदर सिंह बलिदान हो गए थे। वह गांव धुरिया पलिया के रहने वाले थे। बुधवार सुबह उनके पार्थिव शरीर को गांव लाया गया। उनको अंतिम विदाई देने के लिए हजारों लोग उमड़े।
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