उत्तराखंड के ऋषिकेश में लक्ष्मण झूला क्षेत्र में दो दोस्तों के गंगा में डूबने की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। परिजन अनहोनी की आशंका से सहमे हैं। दोनों युवकों के परिजन तुरंत ऋषिकेश के लिए रवाना हो गए। दो दिन से दिन रात पानी पर टकटकी लगाए बैठे परिजनों की आंखें पथरा गईं लेकिन बच्चों का कोई सुराग नहीं लग सका।
पथराई आंखें : गंगा के बहाव पर रात भर टकटकी लगाए रहे परिजन, दोनों युवकों का नहीं लगा सुराग, चार दोस्तों संग घूमने निकले थे ऋषिकेश
युवकों के पानी में डूबने की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया और अनहोनी की आशंका के चलते परिजन सहमे हुए हैं। दो युवकों के गंगा में लापता होने की खबर लगते ही रिश्तेदार व अन्य लोगों का उनके घर पहुंचकर जानकारी ले रहे हैं। रालोद नेता पूर्व विधायक राव वारिस ने परिजनों से मिलकर जानकारी ली। उन्होंने दोनों युवकों के सकुशल मिलने की बात कहते हुए परिजनों को हौंसला व हिम्मत बढ़ाई।
प्रतिष्ठित परिवार से हैं दोनों युवक
दोनों युवकों का परिवार प्रतिष्ठित हैं। तारीक व उसका एक और भाई हैं, जिनका कस्बे में शूज का बड़ा शोरूम है। इनके पिता महफूज का कुछ समय पहले इंतकाल हो गया था। साजेब तीन भाइयों में सबसे छोटा है, जिनका कस्बे में दिल्ली सहारनपुर रोड पर कृषि यंत्र हेरो टीलर आदि बनाने का कार्य है। इसके अलावा दोनों ही परिवारों का खेती बाड़ी का काम भी है।
ऋषिकेश में गंगा में डूबे कस्बे के तारिक और शाहजेब की तलाश जारी है। सोमवार शाम तक भी इनका कुछ पता नहीं लगा। उधर, दोनों युवकों के घरों पर रिश्तेदारों और अन्य लोगों का तांता लगा रहा।
कस्बा निवासी तारिक और शाहजेब अपने चार अन्य दोस्तों के साथ शुक्रवार शाम को ऋषिकेश घूमने के लिए गए थे। शनिवार को ऋषिकेश के मस्तराम घाट पर गंगा में नहाते वक्त तारिक और शाहजेब बह गए थे। बहाव तेज होने के कारण कुछ ही पल में दोनों युवक पानी में लापता हो गए थे।
घटना की सूचना मिलने पर परिजन मौके पर पहुंचे और लापता हुए युवकों की तलाश जारी कर दी। सोमवार शाम तक भी दोनों युवकों का कुछ पता नहीं चला था। उधर कस्बे में स्थित दोनों युवकों के आवास पर रिश्तेदारों व अन्य मिलने वालों का तांता लगा रहा। लोग उम्मीद लगा रहे हैं कि दोनों युवक सकुशल बरामद हो जाएं। दोनों युवकों के परिजन ऋषिकेश में ही मौजूद हैं।