निशानेबाजी का जिक्र हो और यूपी का नाम न आए ऐसा नहीं हो सकता। पश्चिमी यूपी ने पिछले एक दशक में कई इंटरनेशनल खिलाड़ी पैदा किए हैं। वहीं शूटिंग के खेल में यूपी के बागपत का नाम अंतर्राष्ट्रीय फलक पर चमका है। जी हां, आज हम आपको बता रहे हैं यूपी के एक ऐसे ही छोटे से गांव के बारे में जहां तैयार होती है दुनिया के दिग्गज निशानेबाजों की पौध -
दिए कई नामचीन निशानेबाज
2 of 9
कोच अमित श्योराण व शूटर सौरभ चौधरी
- फोटो : अमर उजाला
शूटिंग के खेल की चर्चा होते ही बागपत के जौहड़ी गांव का नाम लोगों को याद आता हो, लेकिन अब बिनौली का नाम अंतरराष्ट्रीय फलक पर चमकने लगा है। वीर शाहमल राइफल क्लब बिनौली ने सात साल के सफर में उदीयमान निशानेबाज तैयार कर दिए हैं।
सात साल पहले शुरू किया था क्लब
3 of 9
गांव बिनौली में स्थित वीर शाहमल राइफल क्लब
- फोटो : अमर उजाला
जौहड़ी गांव के रहने वाले अमित श्योराण ने बिनौली में सात साल पहले वीर शाहमल राइफल क्लब की शुरूआत की। सात बीत गए और बिनौली का नाम चमकना शुरू हो गया। आज आलम ये है कि क्लब के खिलाड़ी देश विदेश में हुई प्रतियोगिताओं में कई पदक झटक चुके हैं।
दूर दूर से शूटिंग क्लब में पसीना बहाने आते हैं खिलाड़ी
4 of 9
सौरभ की जीत पर खुशी मनाते क्लब के खिलाड़ी व कोच
- फोटो : अमर उजाला
रेंज पर संसाधन और सुविधाएं सीमित हैं, लेकिन इसके बावजूद मेहनत के बलबूते अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं। वर्तमान में रेंज पर करीब 27 खिलाड़ी अभ्यास करते हैं। सभी युवा खिलाड़ी आस पास के गांव देहात से आकर शूटिंग क्लब में पसीना बहाते हैं।
हाथों पर ईंट बांधकर साधते हैं लक्ष्य
5 of 9
हाथों में ईंट बांधकर अभ्यास करते खिलाड़ी
- फोटो : अमर उजाला
यहां खिलाड़ियों को ईंटों के सहारे हाथों को मजबूत करते हुए देखा जा सकता है। अभ्यास,ध्यान और लक्ष्य के प्रति समर्पण खिलाड़ियों को सिखाया जा रहा है। यकीनन इस कड़े अभ्यास की वजह यही है कि खिलाड़ियों के हाथ अपने लक्ष्य पर निशाना लगाते हुए डगमगाएं नहीं।